राबड़ी देवी ने 10 सर्कुलर रोड खाली करने के लिए माँगा एक महीने का अतिरिक्त समय, लालू की सेहत का दिया हवाला
सारांश
मुख्य बातें
बिहार की पूर्व मुख्यमंत्री और बिहार विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष राबड़ी देवी ने पटना के 10 सर्कुलर रोड स्थित सरकारी आवास खाली करने के लिए प्रशासन से एक महीने का अतिरिक्त समय माँगा है। यह माँग तब सामने आई जब प्रशासन द्वारा जारी 15 दिन की अंतिम समय-सीमा 16 जून 2026 को समाप्त हो गई और राबड़ी देवी ने अधिकारियों को एक आधिकारिक पत्र सौंपा।
पत्र में क्या कहा गया
राबड़ी देवी ने अपने पत्र में अतिरिक्त समय माँगने की मुख्य वजह अपने पति राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव की स्वास्थ्य स्थिति को बताया है। पत्र के अनुसार, डॉक्टरों ने सलाह दी है कि लालू प्रसाद को संक्रमण के उच्च जोखिम को देखते हुए परिवार के अन्य सदस्यों से अलग रखा जाए।
राबड़ी देवी ने स्पष्ट किया कि इसी चिकित्सीय सलाह के आधार पर 10 सर्कुलर रोड के बंगले में लालू प्रसाद के लिए एक विशेष अलग कमरे की व्यवस्था की गई थी। उन्होंने कहा कि परिवार नए आवंटित बंगले यानी 39 हार्डिंग रोड में तभी स्थानांतरित होगा, जब वहाँ भी इसी प्रकार की चिकित्सीय सुविधाएँ सुनिश्चित हो जाएँगी।
लालू प्रसाद की स्वास्थ्य स्थिति
गौरतलब है कि लालू प्रसाद यादव पिछले कई वर्षों से गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहे हैं। दिसंबर 2022 में उनका सिंगापुर में किडनी प्रत्यारोपण हुआ था, जिसमें उनकी बेटी रोहिणी आचार्य ने किडनी दान की थी। इससे पहले 2014 में मुंबई के एशियन हार्ट इंस्टीट्यूट में उनकी ओपन हार्ट सर्जरी हुई थी और रिपोर्टों के अनुसार 2024 में उसी अस्पताल में उनकी एंजियोप्लास्टी भी की गई थी। हाल ही में वे पुनः चिकित्सीय जाँच के लिए सिंगापुर गए थे।
आवास विवाद की पृष्ठभूमि
10 सर्कुलर रोड का यह बंगला लंबे समय से लालू-राबड़ी परिवार से जुड़ा रहा है। मूल रूप से यह आवास 2005 में नीतीश कुमार सरकार ने राबड़ी देवी को पूर्व मुख्यमंत्री के रूप में आवंटित किया था। बाद में सर्वोच्च न्यायालय ने आदेश दिया कि पूर्व मुख्यमंत्रियों से सरकारी बंगले वापस लिए जाएँ, परंतु बिहार सरकार ने राबड़ी देवी को विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष के पद के आधार पर यह बंगला पुनः आवंटित कर दिया।
अब बिहार सरकार ने उन्हें नेता प्रतिपक्ष के रूप में 39 हार्डिंग रोड पर एक अलग बंगला आवंटित किया है। रिपोर्टों के अनुसार, 10 सर्कुलर रोड वाला बंगला अब नंद किशोर राम को आवंटित किया गया है।
प्रशासन की कार्रवाई
राबड़ी देवी के शुरुआती इनकार के बाद पटना प्रशासन ने 31 मई 2026 को उन्हें अंतिम 15 दिन का नोटिस जारी कर संपत्ति का कब्जा सौंपने का निर्देश दिया था। वह समय-सीमा अब समाप्त हो चुकी है और अब प्रशासन के सामने यह सवाल है कि राबड़ी देवी की नई माँग पर क्या निर्णय लिया जाए। इस बंगले में अभी भी लालू प्रसाद यादव सहित परिवार के कई सदस्य निवास कर रहे हैं।
आगे क्या होगा
अब सारी नज़रें पटना प्रशासन पर टिकी हैं कि वह राबड़ी देवी के अनुरोध पर क्या रुख अपनाता है — क्या एक महीने का अतिरिक्त समय दिया जाएगा या प्रशासन कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ाएगा। यह मामला बिहार की राजनीति में चर्चा का केंद्र बना हुआ है।