ऑपरेशन सिंदूर पर राकेश सिन्हा का सवाल: सेना को दुनिया सलाम करती है, सरकार ने पाकिस्तान के सामने घुटने क्यों टेके?
सारांश
मुख्य बातें
झारखंड कांग्रेस के महासचिव एवं मीडिया इंचार्ज राकेश सिन्हा ने 10 जुलाई को रांची में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हालिया बयानों पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए केंद्र सरकार से कई अहम सवाल पूछे। उन्होंने रक्षा नीति, आर्थिक दावों, अंतरिक्ष उपलब्धियों और राम मंदिर ट्रस्ट से जुड़े विवादों पर सरकार को घेरा। सिन्हा ने भारतीय सेना की वीरता की सराहना करते हुए यह जानना चाहा कि ऑपरेशन सिंदूर के बाद सरकार ने पाकिस्तान के सामने पीछे क्यों हटने का रास्ता चुना।
ऑपरेशन सिंदूर पर सरकार से सवाल
राकेश सिन्हा ने कहा कि भारतीय सैनिकों ने पाकिस्तान की सीमा में घुसकर आतंकवादी ठिकानों पर सफलतापूर्वक कार्रवाई की, जिसे पूरे देश और विश्व ने देखा और सराहा। उन्होंने कहा, 'भारत की पराक्रमी सेना का जलवा पूरा देश और पूरा विश्व जानता है। पूरी दुनिया भारतीय सेना को सलाम करती है, लेकिन सवाल यह है कि आपने घुटने क्यों टेके? यह भी पूरे विश्व ने देखा।' कांग्रेस नेता का यह बयान प्रधानमंत्री मोदी द्वारा ऑपरेशन सिंदूर को लेकर दिए गए वक्तव्य के संदर्भ में आया है।
आर्थिक दावों पर प्रश्नचिह्न
प्रधानमंत्री मोदी के इस दावे पर कि भारत जल्द दुनिया की शीर्ष तीन अर्थव्यवस्थाओं में शामिल होगा, सिन्हा ने जमीनी हकीकत का हवाला दिया। उन्होंने कहा कि किसानों के चेहरे पर खुशहाली नहीं है, युवाओं के चेहरे पर मुस्कुराहट नहीं है और महिलाओं के आत्मसम्मान की रक्षा नहीं हो रही। उन्होंने नीट पेपर लीक का उल्लेख करते हुए कहा कि परीक्षा प्रणाली की विफलता के कारण बच्चे आत्महत्या तक करने पर मजबूर हो रहे हैं। सिन्हा ने सीधे सवाल किया, 'प्रधानमंत्री मोदी बताएं कि देश आगे कैसे बढ़ेगा?'
राम मंदिर ट्रस्ट विवाद और अंतरिक्ष उपलब्धियाँ
चंद्रयान से गगनयान तक की भारत की अंतरिक्ष उपलब्धियों पर प्रधानमंत्री के बयान को लेकर कांग्रेस नेता ने कहा कि पहले राम मंदिर ट्रस्ट से जुड़े कथित विवादों और चढ़ावे से संबंधित मामलों पर सरकार अपनी स्थिति स्पष्ट करे। उन्होंने तर्क दिया कि चुनाव के दौरान राम मंदिर को प्रमुख मुद्दा बनाने वाले प्रधानमंत्री को इससे जुड़े विवादों पर भी जवाब देना चाहिए।
क्रिकेट आयोजन पर सकारात्मक रुख
चेन्नई में बिग बैश लीग मैच की मेजबानी के प्रधानमंत्री के बयान पर सिन्हा ने सकारात्मक प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि क्रिकेट भारत में केवल एक खेल नहीं, बल्कि लोगों की भावनाओं और देशों के आपसी संबंधों का माध्यम भी है। उनके अनुसार ऐसे अंतरराष्ट्रीय आयोजन दो देशों के बीच संबंधों को प्रगाढ़ करने में सहायक होते हैं।
आगे क्या
राकेश सिन्हा के इन बयानों से स्पष्ट है कि कांग्रेस ऑपरेशन सिंदूर के बाद की कूटनीतिक स्थिति, आर्थिक नीतियों और राम मंदिर ट्रस्ट विवाद को आगामी राजनीतिक बहस का केंद्र बनाने की तैयारी में है। भारतीय जनता पार्टी (BJP) की ओर से इन आरोपों पर अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है।