क्या सियासी दलदल में फंस गए हैं सुदर्शन रेड्डी? पटना में दिया जवाब

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या सियासी दलदल में फंस गए हैं सुदर्शन रेड्डी? पटना में दिया जवाब

सारांश

पटना में सुदर्शन रेड्डी ने उपराष्ट्रपति पद के लिए अपनी उम्मीदवारी का समर्थन मांगा। तेजस्वी यादव और मुकेश सहनी ने उनका स्वागत किया और लोकतंत्र की स्थिति पर चिंता व्यक्त की। जानें, क्या है सुदर्शन रेड्डी का नजरिया?

मुख्य बातें

सुदर्शन रेड्डी की उपराष्ट्रपति पद के लिए उम्मीदवारी तेजस्वी यादव का समर्थन लोकतंत्र की स्थिति पर चिंता सामाजिक न्याय की आवश्यकता सुदर्शन रेड्डी की यात्रा और दृष्टिकोण

पटना, 4 सितंबर (राष्ट्र प्रेस)। इंडिया ब्लॉक गठबंधन के उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार बी सुदर्शन रेड्डी गुरुवार को बिहार की राजधानी पटना पहुंचे। राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के नेता तेजस्वी यादव और वीआईपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुकेश सहनी ने उनका स्वागत किया।

तेजस्वी यादव ने मीडिया से बातचीत के दौरान कहा कि मुझे यकीन है कि सुदर्शन रेड्डी संविधान की रक्षा करेंगे और सदन को भी बेहतर ढंग से चलाने का काम करेंगे। लोकतंत्र की जननी उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार बी सुदर्शन रेड्डी का स्वागत करती है।

उन्होंने कहा कि भाजपा के लोग लोकतंत्र की जननी से ही लोकतंत्र को खत्म करने का काम कर रहे हैं। हम लोग समाजवादी विचारधारा वाले हैं। हमें लगता है कि सुदर्शन रेड्डी उपराष्ट्रपति पद के लिए सबसे योग्य व्यक्ति हैं।

तेजस्वी ने कहा कि धनखड़ ने सदन को चलाया और सक्षम मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स के माध्यम से पता चला कि उन्होंने इस्तीफा दे दिया है। अब वह बीमार हैं, या उन्हें बीमार कराया गया है, वह तीन लोग ही जानते हैं- दो गुजरात वाले और एक खुद धनखड़ साहब। हमने तो उनका कोई हेल्थ बुलेटिन नहीं देखा है। क्या उन्हें हाउस अरेस्ट तो नहीं करा दिया गया।

वीआईपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुकेश सहनी ने कहा, 'मैं सुदर्शन रेड्डी को बधाई देता हूं। देश में सामाजिक न्याय को मजबूत करने के लिए और लोकतंत्र को बहाल करने के लिए देश में जितने भी एमपी और एमएलए हो, वो अपना समर्थन दें और उन्हें जिताने का काम करें।

इंडिया गठबंधन के उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार जस्टिस बी सुदर्शन रेड्डी ने कहा कि आज लोकतंत्र खतरे में है। जिस लोकतंत्र की लोग बात करते हैं, वह यहीं से शुरू हुआ था।

उन्होने कहा कि एक सवाल जो मुझसे हमेशा पूछा गया कि 50 साल न्यायपालिका से रिश्ता होने के बाद आखिर क्यों सियासी दलदल में फंस गए?

मैंने जवाब दिया कि मैं कोई सियासी दलदल में नहीं फंसा, यह तो मेरी यात्रा है। मैं यह नहीं मानता कि उपराष्ट्रपति का पद केवल एक राजकीय पद है। यह एक संवैधानिक पद है। राज्यसभा में जो पीठ स्थान पर होते हैं, उसमें वही क्वालिटी होती है, जो एक न्यायाधीश के पद पर बैठने वाले का होता है।

सुदर्शन रेड्डी ने कहा कि आज मैं इस पवित्र भूमि पर आपसे आशीर्वाद लेने आया हूं। इंडिया गठबंधन 63 प्रतिशत पॉपुलेशन को रिप्रेजेंट करती है। मेरी अरविंद केजरीवाल से भी मुलाकात हुई थी। उन्होंने कहा था कि मैं इंडिया गठबंधन में नहीं हूं, मगर मैं आपको समर्थन दूंगा।

संपादकीय दृष्टिकोण

सुदर्शन रेड्डी की यात्रा और उनके विचारों से स्पष्ट होता है कि वे लोकतंत्र के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को दर्शाते हैं। उनका मानना है कि उपराष्ट्रपति का पद केवल एक राजकीय पद नहीं है, बल्कि यह एक संवैधानिक जिम्मेदारी है।
RashtraPress
13 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

बी सुदर्शन रेड्डी किस पद के लिए उम्मीदवार हैं?
बी सुदर्शन रेड्डी उपराष्ट्रपति पद के लिए उम्मीदवार हैं।
तेजस्वी यादव ने सुदर्शन रेड्डी के बारे में क्या कहा?
तेजस्वी यादव ने कहा कि वे सुदर्शन रेड्डी को संविधान की रक्षा करने वाले व्यक्ति मानते हैं।
सुदर्शन रेड्डी ने लोकतंत्र के बारे में क्या कहा?
सुदर्शन रेड्डी ने कहा कि आज लोकतंत्र खतरे में है और यह यहीं से शुरू हुआ था।
मुकेश सहनी का सुदर्शन रेड्डी के प्रति क्या रुख है?
मुकेश सहनी ने सुदर्शन रेड्डी को बधाई दी और सामाजिक न्याय के लिए समर्थन मांगा।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 45 मिनट पहले
  2. 1 घंटा पहले
  3. 1 घंटा पहले
  4. 1 घंटा पहले
  5. 1 घंटा पहले
  6. 1 घंटा पहले
  7. 2 घंटे पहले
  8. 2 घंटे पहले