15 जुलाई 2026
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तेलंगाना CM रेवंत रेड्डी ने अमारा राजा गीगा कॉरिडोर उद्घाटन पर कहा: पिछली सरकारों की श्रेष्ठ नीतियाँ अपनाएंगे

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तेलंगाना CM रेवंत रेड्डी ने अमारा राजा गीगा कॉरिडोर उद्घाटन पर कहा: पिछली सरकारों की श्रेष्ठ नीतियाँ अपनाएंगे

सारांश

तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने दलगत राजनीति से परे जाकर BRS समेत पिछली सभी सरकारों की सफल नीतियाँ अपनाने का ऐलान किया। अमारा राजा गीगा कॉरिडोर के उद्घाटन पर उन्होंने 2034 तक $1 ट्रिलियन और 2047 तक $3 ट्रिलियन अर्थव्यवस्था का लक्ष्य रखा।

मुख्य बातें

रेवंत रेड्डी ने 15 जुलाई को महबूबनगर में अमारा राजा गीगा कॉरिडोर की ईवी सेल मैन्युफैक्चरिंग यूनिट का उद्घाटन किया।
सरकार चंद्रबाबू नायडू, वाई.एस.
राजशेखर रेड्डी और BRS काल की सफल नीतियों को आगे बढ़ा रही है।
तेलंगाना का लक्ष्य राष्ट्रीय जीडीपी में हिस्सेदारी 5% से बढ़ाकर 10% करना है।
2034 तक $1 ट्रिलियन और 2047 तक $3 ट्रिलियन की अर्थव्यवस्था बनाने का संकल्प।
अमारा राजा यूनिट में 700 कर्मचारी , जिनमें 400 महिलाएँ शामिल हैं।
पालमुरु-रंगारेड्डी सिंचाई योजना के लिए 90 टीएमसी और डिंडी परियोजना के लिए 30 टीएमसी पानी आवंटन पर बातचीत जारी।

तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने बुधवार, 15 जुलाई को स्पष्ट किया कि उनकी सरकार राज्य में निवेश प्रवाह बढ़ाने के लिए पूर्ववर्ती सरकारों की सफल नीतियों को निरंतरता दे रही है — चाहे वे किसी भी दल की रही हों। यह बयान उन्होंने महबूबनगर जिले के दिवितिपल्ली स्थित अमारा राजा गीगा कॉरिडोर में कंपनी की नई ईवी सेल मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटी के उद्घाटन समारोह में दिया।

नीतिगत निरंतरता का संदेश

मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने कहा कि उनकी सरकार चंद्रबाबू नायडू (1994–2004), वाई.एस. राजशेखर रेड्डी (2004–2014) और भारत राष्ट्र समिति (BRS) सरकार (2014–दिसंबर 2023) की उन नीतियों को आगे बढ़ा रही है जो उद्योग और निवेश के लिहाज़ से कारगर साबित हुई थीं। उन्होंने कहा कि सरकार 'पॉलिसी पैरालिसिस' की स्थिति से बचना चाहती है और इसीलिए विचारधारा से ऊपर उठकर व्यावहारिक नीतियाँ अपनाई जा रही हैं। यह रुख उल्लेखनीय है क्योंकि BRS और कांग्रेस के बीच राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता के बावजूद मुख्यमंत्री ने BRS काल की नीतियों को भी स्वीकार किया।

तेलंगाना राइजिंग 2047 और आर्थिक लक्ष्य

रेवंत रेड्डी ने बताया कि उनकी सरकार ने 'तेलंगाना राइजिंग 2047' पहल के तहत मुख्य रूप से उद्योग, पर्यटन और स्वास्थ्य क्षेत्रों को बढ़ावा देने के लिए कई नई नीतियाँ लागू की हैं। उन्होंने माना कि तेलंगाना फिलहाल राष्ट्रीय जीडीपी में केवल 5 प्रतिशत का योगदान दे रहा है, जो राज्य की क्षमता के अनुरूप नहीं है। उनका लक्ष्य इस हिस्सेदारी को 10 प्रतिशत तक ले जाना, 2034 तक तेलंगाना को एक ट्रिलियन डॉलर और 2047 तक तीन ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाना है।

अमारा राजा की ईवी यूनिट और महिला सशक्तीकरण

उद्घाटन की गई अमारा राजा की ईवी सेल मैन्युफैक्चरिंग यूनिट में कुल 700 कर्मचारी कार्यरत हैं, जिनमें से 400 महिलाएँ हैं। मुख्यमंत्री ने इसे महिला सशक्तीकरण का एक ठोस उदाहरण बताया। उन्होंने अमारा राजा की इस बात के लिए सराहना की कि कंपनी ने चीन, जापान, जर्मनी और कोरिया जैसे देशों से प्रेरणा लेकर ईवी तकनीक विकसित की है। उन्होंने कहा कि ईवी क्षेत्र में चीन से प्रतिस्पर्धा करना भारतीय उद्योग के लिए गर्व का विषय है।

किसानों और सिंचाई परियोजनाओं पर जोर

मुख्यमंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिया कि जिन किसानों ने अमारा राजा कंपनी को अपनी भूमि दी है, उन्हें नई मैन्युफैक्चरिंग यूनिट में प्राथमिकता के आधार पर रोज़गार दिया जाना चाहिए। उन्होंने यह भी बताया कि पालमुरु-रंगारेड्डी लिफ्ट सिंचाई योजना के लिए 90 टीएमसी और डिंडी परियोजना के लिए 30 टीएमसी पानी के आवंटन को लेकर बातचीत जारी है। उन्होंने जल्द ही महबूबनगर जिले के लोगों के साथ 'अच्छी खबर' साझा करने का संकेत भी दिया।

जलवायु परिवर्तन और ईवी की ज़रूरत

रेवंत रेड्डी ने कहा कि अल नीनो के प्रभाव से बारिश कम हो रही है, जिससे किसानों पर सीधा असर पड़ रहा है। कोविड-19 महामारी के बाद जलवायु में आए बदलावों का हवाला देते हुए उन्होंने प्रदूषण नियंत्रण की आवश्यकता पर बल दिया और कहा कि इलेक्ट्रिक वाहन इस दिशा में एक प्रभावी समाधान हैं। यह बयान ऐसे समय में आया है जब केंद्र सरकार भी ईवी अपनाने को प्रोत्साहन दे रही है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन सवाल यह है कि क्या यह निरंतरता वास्तव में नीतिगत है या केवल निवेशकों को आश्वस्त करने की कवायद। तेलंगाना की GDP हिस्सेदारी 5% से 10% करने का लक्ष्य महत्वाकांक्षी है, परंतु इसके लिए ठोस क्रियान्वयन ढाँचा अभी सार्वजनिक नहीं हुआ है। $3 ट्रिलियन का 2047 लक्ष्य प्रेरणादायक है, लेकिन बिना मापन-योग्य मील के पत्थरों के यह केवल एक राजनीतिक नारा बनकर रह सकता है।
RashtraPress
15 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

रेवंत रेड्डी ने पिछली सरकारों की नीतियाँ अपनाने की बात क्यों कही?
मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने कहा कि 'पॉलिसी पैरालिसिस' से बचने के लिए वे चंद्रबाबू नायडू, वाई.एस. राजशेखर रेड्डी और BRS सरकार की उन नीतियों को जारी रख रहे हैं जो निवेश आकर्षण में प्रभावी रहीं। उनका मानना है कि राज्य के विकास के लिए दलगत राजनीति से ऊपर उठकर व्यावहारिक नीतियाँ अपनानी होंगी।
अमारा राजा गीगा कॉरिडोर क्या है और यह कहाँ स्थित है?
अमारा राजा गीगा कॉरिडोर तेलंगाना के महबूबनगर जिले के दिवितिपल्ली में स्थित एक बड़ा औद्योगिक परिसर है, जहाँ कंपनी ने ईवी सेल मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटी स्थापित की है। इस यूनिट में अभी 700 कर्मचारी कार्यरत हैं, जिनमें 400 महिलाएँ शामिल हैं।
तेलंगाना का 2034 और 2047 तक का आर्थिक लक्ष्य क्या है?
मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी के अनुसार तेलंगाना का लक्ष्य 2034 तक एक ट्रिलियन डॉलर और 2047 तक तीन ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनना है। इसके साथ ही राष्ट्रीय जीडीपी में राज्य की हिस्सेदारी मौजूदा 5% से बढ़ाकर 10% करने का संकल्प भी है।
महबूबनगर के किसानों के लिए क्या घोषणा हुई?
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि जिन किसानों ने अमारा राजा को अपनी भूमि दी है, उन्हें नई ईवी यूनिट में रोज़गार मिलना चाहिए। इसके अलावा उन्होंने पालमुरु-रंगारेड्डी लिफ्ट सिंचाई योजना के लिए 90 टीएमसी और डिंडी परियोजना के लिए 30 टीएमसी पानी आवंटन पर जारी बातचीत का भी उल्लेख किया।
तेलंगाना सरकार ईवी क्षेत्र को क्यों बढ़ावा दे रही है?
मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने अल नीनो प्रभाव से घटती बारिश और बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए ईवी को एक आवश्यक समाधान बताया। उनका कहना है कि इलेक्ट्रिक वाहन प्रदूषण नियंत्रण में सहायक हैं और 'तेलंगाना राइजिंग 2047' के तहत उद्योग विकास का अहम हिस्सा हैं।
राष्ट्र प्रेस
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