कावेरी जल विवाद: टीएनसीसी प्रमुख मणिकम टैगोर ने भाजपा पर 'दोहरे मापदंड' का आरोप लगाया
सारांश
मुख्य बातें
तमिलनाडु कांग्रेस कमेटी (टीएनसीसी) के अध्यक्ष मणिकम टैगोर ने 2 अगस्त को कावेरी जल बंटवारे के विवाद पर भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर 'दोहरे मापदंड' अपनाने का गंभीर आरोप लगाया। उन्होंने सवाल किया कि क्या तमिलनाडु BJP के नेतृत्व ने कभी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी या केंद्र सरकार के समक्ष राज्य के जल अधिकारों की पैरवी की है।
एक्स पर उठाए तीखे सवाल
टैगोर ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर एक पोस्ट के ज़रिए तमिलनाडु BJP अध्यक्ष नैनार नागेंद्रन को सीधे निशाने पर लिया। उन्होंने आरोप लगाया कि BJP तमिलनाडु और कर्नाटक में कावेरी मुद्दे पर परस्पर विरोधाभासी रुख अपना रही है। अपनी पोस्ट के साथ उन्होंने कर्नाटक में हुए विरोध प्रदर्शनों की तस्वीरें और सोशल मीडिया पोस्ट भी संलग्न कीं।
येदियुरप्पा के विरोध का हवाला
टैगोर ने कर्नाटक में पूर्व मुख्यमंत्री बी.एस. येदियुरप्पा सहित अन्य BJP नेताओं के उन प्रदर्शनों का उल्लेख किया, जिनमें कथित तौर पर तमिलनाडु को कावेरी का पानी छोड़े जाने का विरोध किया गया था। उन्होंने नागेंद्रन से पूछा, "क्या आपने कल कर्नाटक में येदियुरप्पा समेत BJP नेताओं को सड़कों पर उतरकर यह कहते हुए नहीं देखा कि तमिलनाडु को पानी की एक बूंद भी नहीं छोड़ी जानी चाहिए?"
केंद्र से पैरवी पर सवाल
कांग्रेस नेता ने नागेंद्रन को चुनौती दी कि वे अपनी पार्टी के कर्नाटक नेताओं के रुख का सार्वजनिक रूप से विरोध करें। उन्होंने पूछा कि क्या नागेंद्रन में कर्नाटक के BJP नेताओं का सामना करने की 'हिम्मत' है, जो तमिलनाडु के कावेरी दावे के विरुद्ध प्रचार कर रहे हैं। साथ ही उन्होंने यह भी पूछा, "क्या आपने कभी प्रधानमंत्री मोदी या केंद्र में BJP सरकार से तमिलनाडु के वैध जल हिस्से को सुरक्षित करने के बारे में एक शब्द भी कहा है?"
BJP पर राजनीतिक विरोधाभास का आरोप
टैगोर ने BJP पर राजनीतिक विरोधाभास का आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी कर्नाटक में तमिलनाडु के हितों का विरोध करती रही, केंद्र में उसके नेतृत्व ने राज्य के अधिकारों की रक्षा नहीं की, और इसके बावजूद तमिलनाडु इकाई ने इस विवाद के लिए कांग्रेस को दोषी ठहराने की कोशिश की। उन्होंने इसे BJP का 'खुला दोहरा मापदंड' करार दिया।
किसानों की चिंता का मुद्दा
टैगोर ने कहा कि तमिलनाडु के किसान कावेरी जल के वैध अधिकारों को लेकर BJP के 'झूठे ड्रामे और धोखेबाजी वाली राजनीति' से पूरी तरह परिचित हैं। यह ऐसे समय में आया है जब कावेरी जल बंटवारे का मुद्दा तमिलनाडु और कर्नाटक के बीच दशकों पुराना और संवेदनशील विवाद बना हुआ है। आने वाले दिनों में BJP की ओर से इन आरोपों पर प्रतिक्रिया अपेक्षित है।