त्रिपुरा तेजी से विकास और जनकल्याण के पथ पर: मुख्यमंत्री मणिक साहा

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
त्रिपुरा तेजी से विकास और जनकल्याण के पथ पर: मुख्यमंत्री मणिक साहा

सारांश

अगरतला में मुख्यमंत्री मणिक साहा ने त्रिपुरा के विकास पर जोर देते हुए बताया कि उनकी सरकार सुशासन और जनकल्याण की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रही है। उन्होंने राज्य की प्रगति और योजनाओं की चर्चा की।

मुख्य बातें

त्रिपुरा की विकास दर 10-11 प्रतिशत है।
राज्य की साक्षरता दर 95.6 प्रतिशत है।
अंबासा, काकराबन, और करबुक में नए कॉलेज बन रहे हैं।
महिला कॉलेज को विश्वविद्यालय में अपग्रेड किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने रचनात्मक सहयोग की अपील की।

अगरतला, 18 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। त्रिपुरा के मुख्यमंत्री मणिक साहा ने बुधवार को बताया कि राज्य में भाजपा सरकार सुशासन, विकास और जनकल्याण को प्राथमिकता दे रही है, और त्रिपुरा हर क्षेत्र में निरंतर प्रगति कर रहा है।

विधानसभा के बजट सत्र के दौरान, उन्होंने राज्यपाल इंद्रसेन रेड्डी नल्लू के अभिभाषण के लिए धन्यवाद अदा किया। उन्होंने कहा कि राज्यपाल के संबोधन में राज्य की सफलताओं, चल रही कल्याणकारी योजनाओं और भविष्य की दिशा का विस्तृत उल्लेख किया गया है।

त्रिपुरा विधानसभा का बजट सत्र 13 मार्च से प्रारंभ हुआ है और यह 25 मार्च तक चलेगा। इस दौरान, राज्यपाल ने सदन को पारंपरिक तरीके से संबोधित किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्यपाल का भाषण प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “विकसित भारत 2047” दृष्टिकोण में विश्वास को दर्शाता है और त्रिपुरा ने भी अपनी विकास योजनाओं को इसी उद्देश्य के अनुरूप तैयार किया है। उन्होंने कहा कि देश की प्रगति हर राज्य के विकास पर निर्भर करती है।

आर्थिक स्थिति पर चर्चा करते हुए सीएम साहा ने बताया कि त्रिपुरा की विकास दर लगभग 10-11 प्रतिशत के स्तर पर पहुँच गई है, जो राष्ट्रीय औसत 7.4 प्रतिशत से काफी अधिक है। उन्होंने कहा कि 2018 के बाद से राज्य में सभी वर्गों के सहयोग से विकास में तेजी आई है।

शिक्षा क्षेत्र में सुधार का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि त्रिपुरा की साक्षरता दर 2011 में 87.75 प्रतिशत से बढ़कर अब 95.6 प्रतिशत हो गई है। यूनिसेफ के मानकों के अनुसार राज्य को देश का तीसरा पूर्ण साक्षर राज्य माना गया है।

उन्होंने बताया कि शिक्षा के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए अंबासा, काकराबन और करबुक में नए डिग्री कॉलेज बनाए जा रहे हैं। इसके साथ ही अगरतला के महिला कॉलेज को विश्वविद्यालय में अपग्रेड करने का प्रस्ताव भी रखा गया है, ताकि महिलाओं को उच्च शिक्षा के अधिक अवसर मिल सकें।

विपक्ष की आलोचनाओं पर प्रतिक्रिया देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्यपाल के अभिभाषण पर लाए गए कई संशोधन बिना पूरी तरह से अध्ययन किए गए प्रतीत होते हैं। उन्होंने विपक्ष से रचनात्मक सहयोग की अपील की।

सीएम साहा ने दोहराया कि त्रिपुरा राष्ट्रीय विकास की दिशा में आगे बढ़ते हुए सुशासन, आर्थिक वृद्धि और जनकल्याण पर निरंतर ध्यान केंद्रित कर रहा है।

संपादकीय दृष्टिकोण

जो राज्य की आर्थिक स्थिति को मजबूत करने में सहायक साबित हो रही हैं।
RashtraPress
13 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

त्रिपुरा की विकास दर क्या है?
त्रिपुरा की विकास दर लगभग 10-11 प्रतिशत है, जो राष्ट्रीय औसत 7.4 प्रतिशत से अधिक है।
त्रिपुरा की साक्षरता दर कितनी है?
त्रिपुरा की साक्षरता दर 2011 में 87.75 प्रतिशत से बढ़कर अब 95.6 प्रतिशत हो गई है।
मुख्यमंत्री मणिक साहा ने किस विषय पर बात की?
मुख्यमंत्री मणिक साहा ने सुशासन, विकास और जनकल्याण पर जोर दिया।
राज्यपाल के अभिभाषण में क्या उल्लेख किया गया?
राज्यपाल के अभिभाषण में राज्य की उपलब्धियों और कल्याणकारी योजनाओं का उल्लेख किया गया।
त्रिपुरा के शिक्षा क्षेत्र में क्या सुधार हुए हैं?
त्रिपुरा में नए डिग्री कॉलेज बनाए जा रहे हैं और महिला कॉलेज को विश्वविद्यालय में अपग्रेड करने का प्रस्ताव है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 4 सप्ताह पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 1 महीना पहले
  4. 1 महीना पहले
  5. 1 महीना पहले
  6. 3 महीने पहले
  7. 4 महीने पहले
  8. 6 महीने पहले