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अदाणी पोर्ट्स ने यूरोपीय कंपनी इवोस का ₹2.56 अरब यूरो में अधिग्रहण किया, वैश्विक विस्तार की बड़ी छलांग

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अदाणी पोर्ट्स ने यूरोपीय कंपनी इवोस का ₹2.56 अरब यूरो में अधिग्रहण किया, वैश्विक विस्तार की बड़ी छलांग

सारांश

अदाणी पोर्ट्स ने यूरोप की दूसरी सबसे बड़ी लिक्विड स्टोरेज कंपनी इवोस को 2.56 अरब यूरो में खरीदने की घोषणा की। 5 यूरोपीय देशों में 8 टर्मिनल और 56% EBITDA मार्जिन — यह सिर्फ बंदरगाह सौदा नहीं, यूरोप के ऊर्जा संक्रमण में भारत की सीधी एंट्री है।

मुख्य बातें

APSEZ ने 5 नवंबर 2026 को इवोस बी.वी.
का 2.56 अरब यूरो की एंटरप्राइज़ वैल्यू पर पूर्ण नकद सौदे में अधिग्रहण की घोषणा की।
इग्नियो इंफ्रास्ट्रक्चर पार्टनर्स से 100% हिस्सेदारी खरीदी जाएगी; इक्विटी मूल्य 1.18 अरब यूरो आंका गया।
इवोस नीदरलैंड, जर्मनी, स्पेन, बेल्जियम और माल्टा में 8 टर्मिनलों से 6.3 मिलियन क्यूबिक मीटर क्षमता संचालित करती है।
इवोस ने CY2025 में 392 मिलियन यूरो आय और 56% EBITDA मार्जिन दर्ज किया।
अधिग्रहण के बाद नेट डेट टू EBITDA 2.76 गुना रहने का अनुमान, FY2027 तक 2.5 गुना होने की उम्मीद।
सौदा नियामकीय स्वीकृतियों और वर्क्स काउंसिल परामर्श के अधीन।

अदाणी पोर्ट्स एंड स्पेशल इकोनॉमिक जोन लिमिटेड (APSEZ) ने 5 नवंबर 2026 को यूरोप की दूसरी सबसे बड़ी स्वतंत्र लिक्विड स्टोरेज ऑपरेटर इवोस बी.वी. का 2.56 अरब यूरो की एंटरप्राइज़ वैल्यू पर पूर्ण नकद सौदे में अधिग्रहण करने की घोषणा की। नीदरलैंड स्थित इस कंपनी में इग्नियो इंफ्रास्ट्रक्चर पार्टनर्स की 100 प्रतिशत हिस्सेदारी खरीदी जाएगी। यह सौदा भारतीय बंदरगाह क्षेत्र के इतिहास में यूरोप में किया गया अब तक का सबसे बड़ा अधिग्रहण माना जा रहा है।

सौदे की संरचना और वित्तीय विवरण

इस अधिग्रहण में इवोस का इक्विटी मूल्य 1.18 अरब यूरो आंका गया है। अधिग्रहण मल्टीपल CY25 के EV/EBITDA का 11.7 गुना है। सौदे के लिए आवश्यक धनराशि कर्ज के माध्यम से जुटाई जाएगी। अधिग्रहण के बाद संयुक्त इकाई का प्रो फॉर्मा नेट डेट टू EBITDA अनुपात 2.76 गुना रहने का अनुमान है, जो वित्त वर्ष 2027 तक घटकर लगभग 2.5 गुना हो जाने की उम्मीद है।

सौदा अभी नियामकीय स्वीकृतियों और वर्क्स काउंसिल परामर्श प्रक्रिया के अधीन है, जो पूरी होने के बाद ही यह लेनदेन अंतिम रूप लेगा।

इवोस की क्षमता और यूरोप में उपस्थिति

नीदरलैंड में मुख्यालय वाली इवोस नीदरलैंड, जर्मनी, स्पेन, बेल्जियम और माल्टा में रणनीतिक रूप से स्थित आठ बंदरगाह आधारित टर्मिनलों के ज़रिए 6.3 मिलियन क्यूबिक मीटर की स्टोरेज क्षमता संचालित करती है। कंपनी की उपस्थिति प्रमुख ऊर्जा और औद्योगिक केंद्रों — एम्स्टर्डम रॉटरडैम एंटवर्प क्षेत्र, हैम्बर्ग और भूमध्यसागरीय क्षेत्र — में है।

कैलेंडर वर्ष 2025 में इवोस ने 392 मिलियन यूरो की आय और 219 मिलियन यूरो का EBITDA दर्ज किया, जो 56 प्रतिशत का मजबूत EBITDA मार्जिन दर्शाता है — यह उस क्षेत्र में एक ठोस परिचालन संकेतक है।

करण अदाणी का बयान

APSEZ के प्रबंध निदेशक करण अदाणी ने कहा, "APSEZ के लिए 'इवोस' एक महत्वपूर्ण अधिग्रहण है, जो हमें एक अरब टन कार्गो संभालने और एक वास्तविक वैश्विक, एकीकृत परिवहन प्लेटफॉर्म बनाने के हमारे लक्ष्य के करीब ले जाता है। हम अपने पोर्टफोलियो में 'इवोस' का स्वागत करते हुए बेहद खुश हैं।"

उन्होंने आगे कहा, "हम यूरोप के साथ साझेदारी करने, वहाँ सस्टेनेबल एनर्जी ट्रांज़िशन में सहयोग देने और दीर्घकालिक मूल्य बनाने के लिए उत्सुक हैं। साथ ही, हम अपनी वित्तीय समझदारी को भी बनाए रखेंगे, जो हमारी विकास यात्रा का आधार है।"

वैश्विक रणनीति पर असर

यह सौदा ऐसे समय में आया है जब APSEZ भारत के बाहर अपनी परिचालन उपस्थिति तेज़ी से बढ़ा रही है — श्रीलंका, इज़राइल और तंज़ानिया में बंदरगाह परियोजनाओं के बाद यह यूरोप में पहला बड़ा कदम है। गौरतलब है कि लिक्विड स्टोरेज अवसंरचना — जो क्रूड ऑयल, रसायनों और नवीकरणीय ऊर्जा ईंधन के भंडारण के लिए अनिवार्य है — वैश्विक ऊर्जा संक्रमण के बीच विशेष रणनीतिक महत्व रखती है। APSEZ के लिए यह सौदा महज भौगोलिक विस्तार नहीं, बल्कि यूरोप के तेज़ी से बदलते ऊर्जा मानचित्र में एक दीर्घकालिक दाँव है।

संपादकीय दृष्टिकोण

जो पहले से ही ऋण स्तर की जाँच के दायरे में रहा है। दूसरी ओर, यूरोप का ऊर्जा संक्रमण — जहाँ लिक्विड स्टोरेज अवसंरचना की माँग अगले दशक में तेज़ी से बढ़ने वाली है — APSEZ के लिए एक वास्तविक दीर्घकालिक अवसर है। असली परीक्षा यह होगी कि क्या कंपनी नियामकीय बाधाओं को समय पर पार कर पाती है और एकीकरण को उतनी दक्षता से अंजाम देती है जितनी करण अदाणी का बयान सुझाता है।
RashtraPress
5 नवंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

अदाणी पोर्ट्स ने इवोस बी.वी. का अधिग्रहण क्यों किया?
APSEZ ने इवोस का अधिग्रहण यूरोप के प्रमुख लिक्विड स्टोरेज और एनर्जी हब में उपस्थिति दर्ज करने और एक वैश्विक एकीकृत परिवहन प्लेटफॉर्म बनाने के लक्ष्य के तहत किया है। कंपनी का दीर्घकालिक लक्ष्य एक अरब टन कार्गो संभालना है।
इवोस बी.वी. कौन सी कंपनी है और यूरोप में इसकी उपस्थिति कहाँ है?
इवोस बी.वी. नीदरलैंड स्थित यूरोप की दूसरी सबसे बड़ी स्वतंत्र लिक्विड स्टोरेज ऑपरेटर है। यह नीदरलैंड, जर्मनी, स्पेन, बेल्जियम और माल्टा में 8 बंदरगाह आधारित टर्मिनलों से 6.3 मिलियन क्यूबिक मीटर की स्टोरेज क्षमता संचालित करती है।
इस सौदे की कुल कीमत और वित्तीय संरचना क्या है?
इवोस की एंटरप्राइज़ वैल्यू 2.56 अरब यूरो और इक्विटी वैल्यू 1.18 अरब यूरो आंकी गई है। यह पूरी तरह नकद सौदा है और इसके लिए धन कर्ज के ज़रिए जुटाया जाएगा।
अधिग्रहण कब तक पूरा होगा?
सौदा अभी नियामकीय स्वीकृतियों और वर्क्स काउंसिल परामर्श प्रक्रिया के अधीन है। इन प्रक्रियाओं के पूरे होने के बाद ही लेनदेन अंतिम रूप लेगा; कोई निश्चित समयसीमा अभी घोषित नहीं की गई है।
इस अधिग्रहण से APSEZ की वित्तीय स्थिति पर क्या असर पड़ेगा?
अधिग्रहण के बाद संयुक्त इकाई का प्रो फॉर्मा नेट डेट टू EBITDA अनुपात 2.76 गुना रहने का अनुमान है, जो वित्त वर्ष 2027 तक घटकर लगभग 2.5 गुना हो जाने की उम्मीद है। कंपनी ने वित्तीय अनुशासन बनाए रखने का भरोसा दिलाया है।
राष्ट्र प्रेस
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