मध्य पूर्व तनाव के बीच MCX पर सोना ₹1,49,325 और चांदी ₹2,43,222 पर, रुपया भी 26 पैसे कमज़ोर
सारांश
मुख्य बातें
मुंबई में मंगलवार, 5 मई 2026 को मध्य पूर्व में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के बीच मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सोने और चांदी दोनों सीमित दायरे में कारोबार करते हुए हल्की गिरावट के साथ लाल निशान में रहे। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के ईरानी जहाज़ों को डुबोने के दावे ने बाज़ार की धारणा को प्रभावित किया, हालाँकि कीमती धातुओं में बड़ी हलचल नहीं देखी गई।
MCX पर सोने और चांदी का हाल
MCX पर सोने का 5 जून 2026 का कॉन्ट्रैक्ट सुबह 9:50 बजे मात्र ₹14 यानी 0.01 प्रतिशत की मामूली गिरावट के साथ ₹1,49,325 प्रति 10 ग्राम पर था। दिन के कारोबार में सोने ने ₹1,49,325 का न्यूनतम और ₹1,49,950 का उच्चतम स्तर छुआ।
चांदी का 3 जुलाई 2026 का कॉन्ट्रैक्ट ₹673 यानी 0.28 प्रतिशत की गिरावट के साथ ₹2,43,222 प्रति किलोग्राम पर था। चांदी ने दिन में ₹2,42,907 का न्यूनतम और ₹2,43,927 का उच्चतम स्तर दर्ज किया।
अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में मिलाजुला रुख
वैश्विक स्तर पर कीमती धातुओं में मिलाजुला कारोबार देखा गया। COMEX पर सोना 0.14 प्रतिशत की तेज़ी के साथ $4,540 प्रति औंस पर था, जबकि चांदी 0.42 प्रतिशत की कमज़ोरी के साथ $73.21 प्रति औंस पर कारोबार कर रही थी। गौरतलब है कि सोने में अंतरराष्ट्रीय तेज़ी और घरेलू बाज़ार में हल्की गिरावट के बीच का यह अंतर मुख्यतः रुपये की कमज़ोरी से जुड़ा हुआ है।
मध्य पूर्व तनाव: ट्रंप का ईरानी जहाज़ों पर दावा
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि अमेरिकी सेना ने ईरान के 7 छोटे जहाज़ों को डुबो दिया। ट्रंप के अनुसार, यह कार्रवाई तब की गई जब ये जहाज़ होर्मुज जलडमरूमध्य से गुज़र रहे व्यापारिक जहाज़ों पर हमला कर रहे थे। ईरान की ओर से इस दावे पर अब तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है, हालाँकि ईरान का दावा है कि होर्मुज जलडमरूमध्य पर उसी का नियंत्रण है। यह ऐसे समय में आया है जब पश्चिम एशिया में पहले से ही तनाव का माहौल बना हुआ है और वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति शृंखला पर इसके असर की आशंका जताई जा रही है।
रुपये में कमज़ोरी का असर
वैश्विक अस्थिरता के बीच इंटरकॉन्टिनेंटल एक्सचेंज (ICE) के आँकड़ों के अनुसार, भारतीय रुपया डॉलर के मुकाबले कमज़ोरी के साथ खुला और कारोबार के दौरान इसमें और गिरावट देखी गई। रुपया 26 पैसे की कमज़ोरी के साथ 95.33 के स्तर पर बंद हुआ। रुपये की यह कमज़ोरी आयातित कीमती धातुओं की घरेलू कीमतों को एक सीमा तक सहारा देती है, जिससे MCX पर गिरावट सीमित रही।
आगे क्या देखें
बाज़ार विश्लेषकों के अनुसार, मध्य पूर्व में स्थिति के और बिगड़ने पर सोने में सुरक्षित निवेश की माँग बढ़ सकती है। होर्मुज जलडमरूमध्य पर तनाव यदि लंबा खिंचता है, तो कच्चे तेल की कीमतों के साथ-साथ सोने-चांदी में भी उतार-चढ़ाव तेज़ हो सकता है।