दिवाली से पहले सोना ₹1,41,753 पर, चांदी ₹3,730 टूटी; फेड रेट हाइक की आशंका से MCX पर दबाव
सारांश
मुख्य बातें
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर 30 अक्टूबर 2026 को सोने की कीमत 0.59 प्रतिशत गिरकर ₹1,41,753 प्रति 10 ग्राम के दिन के निचले स्तर पर आ गई, जबकि चांदी ₹3,730 यानी 1.96 प्रतिशत टूटकर ₹1,85,723 प्रति किलोग्राम पर पहुँच गई। अमेरिकी महंगाई के अपेक्षा से अधिक रहने और फेडरल रिज़र्व द्वारा दिसंबर 2026 में ब्याज दर बढ़ाने की 80 प्रतिशत से अधिक संभावना ने धनतेरस और दिवाली से ठीक पहले त्योहारी खरीदारों को सस्ते भाव का मौका दिया है।
MCX पर आज के भाव
दिसंबर डिलीवरी वाले सोने का पिछला बंद भाव ₹1,42,596 प्रति 10 ग्राम था, जो आज ₹800 से अधिक गिरकर ₹1,41,753 पर आ गया। चांदी का पिछला बंद ₹1,89,453 प्रति किलोग्राम था और यह ₹3,730 की गिरावट के साथ ₹1,85,723 पर पहुँची। घरेलू हाज़िर बाज़ार में सोना लगभग ₹1.42 लाख प्रति 10 ग्राम और चांदी करीब ₹1.86 लाख प्रति किलोग्राम के आसपास कारोबार करती दिखी।
अंतरराष्ट्रीय बाज़ार और वैश्विक कारण
अंतरराष्ट्रीय बाज़ार COMEX पर सोना करीब 0.28 प्रतिशत गिरकर 4,020 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार करता दिखा, जबकि चांदी 1.20 प्रतिशत टूटकर 51.750 डॉलर प्रति औंस पर आ गई। विशेषज्ञों के अनुसार, अमेरिकी कोर PCE महंगाई सितंबर में 0.3 प्रतिशत बढ़ी और वार्षिक दर 3.1 प्रतिशत पर पहुँच गई। इसके साथ ही तीसरी तिमाही में अमेरिकी अर्थव्यवस्था की 3.4 प्रतिशत वृद्धि ने संकेत दिया कि फेडरल रिज़र्व ब्याज दरों को लंबे समय तक ऊँचा रख सकता है।
गौरतलब है कि ऊँची ब्याज दरें सोने जैसी गैर-ब्याज देने वाली संपत्तियों को कम आकर्षक बना देती हैं, जिससे इनमें बिकवाली का दबाव बनता है। इसके अलावा पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और ईरान से जुड़े घटनाक्रम के कारण कच्चे तेल की कीमतों में अस्थिरता बनी हुई है, जो महंगाई को और बढ़ा सकती है और केंद्रीय बैंकों की दर कटौती को और टाल सकती है।
चांदी का ऐतिहासिक पतन
यह गिरावट चांदी के लिए विशेष रूप से उल्लेखनीय है। इस वर्ष जनवरी के अंतिम सप्ताह में चांदी ने सारे रिकॉर्ड तोड़ते हुए ₹4,20,048 प्रति किलोग्राम का ऐतिहासिक उच्च स्तर छुआ था। लेकिन उसके बाद से लगातार गिरावट के कारण चांदी अब अपने लाइफटाइम हाई से आधे से भी कम भाव — करीब ₹1,85,723 — पर आ चुकी है। यह ऐसे समय में आया है जब त्योहारी सीजन में मांग बढ़ने की उम्मीद थी।
तकनीकी विश्लेषण और सपोर्ट स्तर
तकनीकी विश्लेषकों के अनुसार, सोना फिलहाल ₹1.40 लाख से ₹1.41 लाख प्रति 10 ग्राम के महत्वपूर्ण सपोर्ट ज़ोन के करीब है। यदि यह स्तर टूटता है, तो कीमतें ₹1.37 लाख से ₹1.38 लाख प्रति 10 ग्राम तक फिसल सकती हैं। चांदी के लिए ₹1.83 लाख से ₹1.85 लाख प्रति किलोग्राम को अगला प्रमुख सपोर्ट माना जा रहा है।
निवेशकों और उपभोक्ताओं के लिए संकेत
बाज़ार विशेषज्ञों का मानना है कि लंबी अवधि के निवेशकों और त्योहारी खरीदारी करने वाले उपभोक्ताओं के लिए मौजूदा स्तर आकर्षक हो सकते हैं। हालाँकि अल्पकाल में फेडरल रिज़र्व की नीति, डॉलर इंडेक्स, अमेरिकी बॉन्ड यील्ड और कच्चे तेल की कीमतें बाज़ार की दिशा तय करेंगी। सभी की नज़रें अब फेड की 8-9 दिसंबर की बैठक और महंगाई तथा रोज़गार से जुड़े अगले आँकड़ों पर टिकी हैं। यदि आने वाले आँकड़े कमज़ोर रहते हैं, तो सोने-चांदी में रिकवरी संभव है; लेकिन मज़बूत महंगाई के आँकड़े नुकसान और बढ़ा सकते हैं।