मारुति सुजुकी ने लखनऊ में स्मार्ट फैक्ट्री लैब लॉन्च की, पहले साल 400 डिप्लोमा छात्रों को मिलेगा प्रशिक्षण
सारांश
मुख्य बातें
मारुति सुजुकी इंडिया ने 20 मई 2026 को लखनऊ के सरकारी पॉलिटेक्निक कॉलेज में अपनी कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (CSR) पहल के अंतर्गत एक स्मार्ट फैक्ट्री लैब स्थापित की है, जिसका उद्देश्य डिप्लोमा छात्रों को एडवांस मैन्युफैक्चरिंग टेक्नोलॉजी में व्यावहारिक दक्षता से लैस करना है। यह लैब अपने पहले वर्ष में लगभग 400 छात्रों को प्रशिक्षित करेगी और अकादमिक शिक्षा तथा उद्योग की वास्तविक आवश्यकताओं के बीच की खाई को पाटने की दिशा में एक ठोस कदम मानी जा रही है।
लैब में क्या-क्या सुविधाएँ हैं
इस अत्याधुनिक लैब को वास्तविक विनिर्माण परिवेश की नकल करने के लिए डिज़ाइन किया गया है। छात्रों को स्वचालन (Automation), उद्योग 4.0, औद्योगिक इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IIoT), न्यूमेटिक्स, ऊर्जा मापन और गति नियंत्रण प्रणालियों जैसी उद्योग-प्रासंगिक तकनीकों का हाथों-हाथ अनुभव मिलेगा। कंपनी के अनुसार, इन सुविधाओं का लक्ष्य छात्रों में उद्योग-विशिष्ट उपकरणों के प्रति आत्मविश्वास और तकनीकी दक्षता विकसित करना है।
कंपनी का उद्देश्य और स्किल इंडिया से जुड़ाव
मारुति सुजुकी इंडिया लिमिटेड के कॉर्पोरेट मामलों के वरिष्ठ कार्यकारी अधिकारी राहुल भारती ने कहा, 'सुविधाओं को स्मार्ट फैक्ट्री लैब में अपग्रेड करके, हम सरकार के स्किल इंडिया मिशन के अनुरूप भविष्य के लिए तैयार पेशेवर तैयार कर रहे हैं। ये लैब मैन्युफैक्चरिंग क्षेत्र की बदलती जरूरतों को पूरा करने, कौशल अंतर को कम करने और छात्रों में उद्योग-विशिष्ट उपकरणों के उपयोग में आत्मविश्वास पैदा करने के लिए अनुभवात्मक शिक्षण के अवसर प्रदान करेंगी।'
यह पहल ऐसे समय में आई है जब भारत में तकनीकी शिक्षा और उद्योग की माँग के बीच कौशल-अंतर एक बड़ी चुनौती बनी हुई है। केंद्र सरकार के स्किल इंडिया मिशन के साथ तालमेल बिठाते हुए मारुति सुजुकी का यह कदम निजी क्षेत्र की CSR भागीदारी का एक उल्लेखनीय उदाहरण है।
जापान-भारत विनिर्माण संस्थान और आईटीआई नेटवर्क
राहुल भारती ने यह भी बताया कि सरकारी कॉलेजों में सुविधाओं को अपग्रेड करने के अलावा, मारुति सुजुकी ने जापान और भारत की सरकारों के बीच सहयोग से चार जापान-भारत विनिर्माण संस्थान (JIM) भी स्थापित किए हैं। इसके साथ ही, कंपनी ने ऑटोमोटिव मैन्युफैक्चरिंग के प्रमुख क्षेत्रों में उद्योग-विशिष्ट व्यावहारिक प्रशिक्षण देने के लिए देशभर के 18 आईटीआई में एडवांस्ड मैन्युफैक्चरिंग लैब (AML) भी स्थापित की हैं।
गौरतलब है कि यह लखनऊ की स्मार्ट फैक्ट्री लैब मारुति सुजुकी के उस व्यापक कौशल-विकास नेटवर्क का हिस्सा है जो पूरे देश में तकनीकी शिक्षण संस्थानों को उद्योग-तैयार बनाने की दिशा में काम कर रहा है।
आम जनता और छात्रों पर असर
इस पहल का सीधा लाभ लखनऊ और उत्तर प्रदेश के उन डिप्लोमा छात्रों को मिलेगा जो मैन्युफैक्चरिंग क्षेत्र में रोज़गार की तलाश में हैं। उद्योग-विशिष्ट प्रशिक्षण से उनकी रोज़गार क्षमता बढ़ेगी और वे सीधे उत्पादन वातावरण में काम करने के लिए तैयार होंगे। आने वाले वर्षों में इस लैब की क्षमता और पहुँच बढ़ाए जाने की संभावना है।