नजफगढ़ हत्या प्रयास मामला: मुख्य शूटर गौरव मसालेवाला दिल्ली क्राइम ब्रांच ने किया गिरफ्तार
सारांश
मुख्य बातें
दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने नजफगढ़ थाना क्षेत्र में हत्या के प्रयास के मामले में लंबे समय से फरार चल रहे मुख्य शूटर गौरव उर्फ लव शर्मा उर्फ संदीप उर्फ मसालेवाला को 20 मई 2025 को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी पुलिस की पकड़ से बचने के लिए लगातार अपने ठिकाने बदल रहा था, लेकिन अंततः एंटी गैंगस्टर स्क्वॉड की चौकसी उस पर भारी पड़ी।
गिरफ्तारी का घटनाक्रम
क्राइम ब्रांच की एंटी गैंगस्टर स्क्वॉड (AGS) को गुप्त सूचना मिली कि गौरव हरिनगर स्थित दीन दयाल अस्पताल के आसपास आने वाला है। इस सूचना पर इंस्पेक्टर गुलशन यादव के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई, जिसमें एसआई चेतन, एसआई राजेश, एएसआई महेश त्यागी, एएसआई अशोक, हेड कांस्टेबल परमजीत, बद्री प्रसाद, अरविंद और हुकम शामिल थे। पूरी कार्रवाई एसीपी भगवती प्रसाद की निगरानी और डीसीपी क्राइम ब्रांच हर्ष इंदौरा के निर्देशन में संपन्न हुई।
जाल बिछाए जाने पर जब आरोपी मौके पर पहुँचा तो उसने भागने और विरोध करने की कोशिश की, लेकिन पुलिस टीम ने उसे काबू में कर लिया।
मूल घटना: 23 अप्रैल की रात
यह मामला 23 अप्रैल की रात का है। शिकायतकर्ता रोशन गार्डन, नजफगढ़ में अपने दोस्त के घर सो रहा था। उसके दोस्त की भतीजी ने बताया कि दो लोग उसके चाचा से झगड़ा कर रहे हैं। जब शिकायतकर्ता बाहर पहुँचा तो उसने देखा कि गौरव उर्फ मसालेवाला और प्रिंस मित्तल उसके दोस्त के साथ मारपीट कर रहे हैं। बीच-बचाव करने पर गौरव ने पिस्तौल निकालकर शिकायतकर्ता पर फायरिंग कर दी। गोली उसके पैर में लगी और वह घायल हो गया।
वारदात के बाद दोनों आरोपी मोटरसाइकिल पर फरार हो गए। घायल को परिजन तत्काल बहादुरगढ़ के ब्रह्म शक्ति संजीवनी अस्पताल ले गए। इसके बाद नजफगढ़ थाने में हत्या के प्रयास और आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया।
आरोपी की आपराधिक पृष्ठभूमि
पुलिस के अनुसार, गौरव नजफगढ़ थाने का दर्ज हिस्ट्रीशीटर है और उसके विरुद्ध हत्या, लूट, स्नैचिंग, रंगदारी और आर्म्स एक्ट समेत 11 आपराधिक मामले दर्ज हैं। उसने नजफगढ़ के एक सरकारी स्कूल से आठवीं तक पढ़ाई की थी। किशोरावस्था में गलत संगत में पड़ने के बाद उसने छोटे-मोटे अपराध शुरू किए।
पुलिस के मुताबिक, वर्ष 2025 में आर्थिक तंगी के चलते उसने सट्टा संचालकों और अवैध शराब कारोबारियों से रंगदारी वसूलना शुरू कर दिया था। वारदातों के बाद वह परिवार को छोड़कर फरार हो गया था और लगातार ठिकाने बदलता रहा।
पुलिस का बयान और आगे की कार्रवाई
दिल्ली पुलिस का कहना है कि इस गिरफ्तारी से नजफगढ़ इलाके में सक्रिय आपराधिक गतिविधियों को बड़ा झटका लगा है। गौरव को न्यायिक हिरासत में भेजा जाएगा और सह-आरोपी प्रिंस मित्तल की तलाश जारी है। यह गिरफ्तारी दिल्ली पुलिस की एंटी गैंगस्टर मुहिम की कड़ी में एक अहम कदम मानी जा रही है।