हांगचो में छठे अंतर्राष्ट्रीय ताओ धर्म फोरम का उद्घाटन, 46 देशों के 500 प्रतिनिधि शामिल
सारांश
मुख्य बातें
चीन के चच्यांग प्रांत की राजधानी हांगचो में 5 नवंबर 2026 को छठे अंतर्राष्ट्रीय ताओ धर्म फोरम का औपचारिक उद्घाटन हुआ। इस ऐतिहासिक आयोजन में 46 देशों और क्षेत्रों से आए ताओ धर्म समुदाय के प्रतिनिधियों, विशेषज्ञों और विद्वानों सहित करीब 500 प्रतिभागी शामिल हुए। चीनी कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीसी) की केंद्रीय समिति के राजनीतिक ब्यूरो की स्थायी समिति के सदस्य एवं चीनी जन राजनीतिक परामर्श सम्मेलन के अध्यक्ष वांग हुनिंग ने इस अवसर पर बधाई संदेश भेजकर फोरम के महत्व को रेखांकित किया।
मुख्य घटनाक्रम
विश्व ताओ धर्म संघ और चीनी धार्मिक संस्कृति आदान-प्रदान संघ ने संयुक्त रूप से इस फोरम का आयोजन किया, जबकि छठे अंतर्राष्ट्रीय ताओ धर्म फोरम की चच्यांग आयोजन समिति ने कार्यक्रम संचालन की जिम्मेदारी संभाली। गौरतलब है कि चीनी सरकार के सहयोग से अब तक पाँच सफल अंतर्राष्ट्रीय ताओ धर्म फोरम पहले आयोजित हो चुके हैं और यह उसी श्रृंखला की अगली कड़ी है।
उद्घाटन समारोह में सीपीसी केंद्रीय समिति के राजनीतिक ब्यूरो के सदस्य एवं केंद्रीय संयुक्त मोर्चा कार्य विभाग के प्रमुख ली कानच्ये ने भी भाग लिया और सभा को संबोधित किया।
वांग हुनिंग का संदेश
अपने बधाई संदेश में वांग हुनिंग ने कहा कि ताओ धर्म का उद्भव चीन की धरती पर हुआ और इसमें चीनी सभ्यता का गहन ज्ञान समाहित है। उनके अनुसार, ताओ धर्म की संस्कृति में निहित सकारात्मक और परोपकारी मूल्य सामाजिक सद्भाव तथा विश्व शांति को बढ़ावा देने के लिए एक महत्वपूर्ण सांस्कृतिक आधार प्रदान करते हैं, जिन्हें दुनिया भर में व्यापक मान्यता मिली है।
वांग ने यह भी बताया कि चीनी सरकार राष्ट्रपति शी चिनफिंग द्वारा प्रस्तावित वैश्विक विकास पहल, वैश्विक सुरक्षा पहल, वैश्विक सभ्यता पहल और वैश्विक शासन पहल को निरंतर आगे बढ़ा रही है। साथ ही, स्वतंत्रता, समानता, मित्रता और आपसी सम्मान के सिद्धांतों पर चीनी ताओ धर्म समुदाय के अंतर्राष्ट्रीय संवाद और आदान-प्रदान को भी सरकार समर्थन दे रही है।
ली कानच्ये का संबोधन
उद्घाटन सत्र में ली कानच्ये ने कहा कि ताओ धर्म की संस्कृति में चीनी सभ्यता का विशिष्ट ब्रह्मांड दृष्टिकोण, जीवन दर्शन और नैतिक मूल्य समाहित हैं, जो पूरी दुनिया के लिए प्रासंगिक हैं। उन्होंने आशा व्यक्त की कि चीन और अन्य देशों के ताओ धर्म समुदाय मिलकर ताओ धर्म की मूल शिक्षाओं को विश्व के समक्ष बेहतर ढंग से प्रस्तुत करेंगे और विभिन्न सभ्यताओं के बीच शांतिपूर्ण सहअस्तित्व तथा साझा समृद्धि को प्रोत्साहित करेंगे।
विश्व ताओ धर्म संघ की भूमिका
यह ऐसे समय में आया है जब 2023 में विश्व ताओ धर्म संघ की स्थापना के बाद से अंतर्राष्ट्रीय आदान-प्रदान, धार्मिक ग्रंथों के अनुवाद और प्रतिभाओं के प्रशिक्षण जैसे क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य हो चुके हैं। संघ की स्थापना के बाद यह पहला बड़ा अंतर्राष्ट्रीय फोरम है, जो ताओ धर्म की वैश्विक पहुँच को नई दिशा देने का प्रयास करता है।
आगामी दिनों में इस फोरम में ताओ धर्म के दर्शन, सांस्कृतिक विरासत और अंतर-सभ्यता संवाद पर विचार-विमर्श जारी रहने की उम्मीद है।