चीन का बुनियादी अनुसंधान में निवेश 2025 में नया ऐतिहासिक रिकॉर्ड स्थापित करेगा: विज्ञान मंत्री
सारांश
Key Takeaways
- चीन ने 2025 में बुनियादी अनुसंधान में ऐतिहासिक निवेश किया।
- वैश्विक नवाचार सूचकांक में चीन का स्थान 10वां है।
- नवोन्मेषी दवाओं की मंजूरी की संख्या 76 है।
- बुनियादी अनुसंधान में निवेश का अनुपात 7.08 प्रतिशत है।
- चीन विज्ञान और प्रौद्योगिकी में प्रगति कर रहा है।
बीजिंग, 5 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। 5 मार्च को 14वीं चीनी राष्ट्रीय जन प्रतिनिधि सभा के चौथे पूर्णाधिवेशन के दौरान “मंत्रियों का गलियारा” नामक संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया।
इस अवसर पर, चीनी विज्ञान और प्रौद्योगिकी मंत्री इन हेछुन ने चाइना मीडिया ग्रुप (सीएमजी) के संवाददाता के सवालों का जवाब देते हुए कहा कि पिछले वर्ष चीन में अनुसंधान और विकास (आर एंड डी) के क्षेत्र में कुल 39 खरब 20 अरब युआन का निवेश किया गया, जो देश के सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) का 2.8 प्रतिशत है।
उन्होंने यह भी बताया कि बुनियादी अनुसंधान में करीब 2 खरब 80 अरब युआन का निवेश किया गया, जो कुल आर एंड डी निवेश का 7.08 प्रतिशत है। यह पहली बार है जब बुनियादी अनुसंधान में निवेश का अनुपात 7 प्रतिशत से अधिक हुआ है, जो कि इस क्षेत्र में एक नया ऐतिहासिक रिकॉर्ड माना जा रहा है।
इन हेछुन ने आगे कहा कि चीन में विज्ञान और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में प्रगति तेज़ी से हो रही है। वैश्विक नवाचार सूचकांक में, चीन अब 10वें स्थान पर पहुँच चुका है। ओपन सोर्स लार्ज मॉडल के विकास में भी चीन विश्व स्तर पर एक अग्रणी भूमिका निभा रहा है। इसके साथ ही चिप अनुसंधान के क्षेत्र में नई प्रगति देखने को मिली है और नवोन्मेषी दवाइयों के विकास में भी उल्लेखनीय गति देखी जा रही है। उन्होंने बताया कि पिछले वर्ष 76 नवोन्मेषी दवाइयों को मंज़ूरी दी गई। उनके अनुसार, विज्ञान और प्रौद्योगिकी केवल विभिन्न उद्योगों और व्यवसायों को सशक्त नहीं बना रही है, बल्कि आम लोगों के जीवन स्तर को बेहतर बनाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)