दक्षिण कोरिया-कनाडा अंतरिक्ष व रक्षा साझेदारी पर चर्चा, ₹3.3 लाख करोड़ की पनडुब्बी डील दांव पर
सारांश
मुख्य बातें
दक्षिण कोरिया और कनाडा ने 2 जून 2026 को अंतरिक्ष और रक्षा जैसे उन्नत उद्योगों में द्विपक्षीय सहयोग को नई ऊँचाई देने पर विचार-विमर्श किया। दक्षिण कोरिया के व्यापार, उद्योग और संसाधन मंत्रालय ने बताया कि टोरंटो में आयोजित एक उच्च स्तरीय बिजनेस राउंडटेबल में दोनों देशों के करीब 50 व्यापारिक नेताओं ने भाग लिया। यह बैठक ऐसे नाज़ुक मोड़ पर हुई है, जब सोल कनाडा की महत्वाकांक्षी पनडुब्बी खरीद परियोजना जीतने की अंतिम कोशिश में जुटा है।
राउंडटेबल का आयोजन और प्रमुख उपस्थिति
कोरिया ट्रेड-इन्वेस्टमेंट प्रमोशन एजेंसी (कोट्रा) और व्यापार, उद्योग एवं संसाधन मंत्रालय ने सोमवार को टोरंटो में यह बिजनेस राउंडटेबल संयुक्त रूप से आयोजित किया। इस कार्यक्रम में राष्ट्रपति के चीफ ऑफ स्टाफ कांग हून-सिक विशेष आर्थिक सहयोग प्रतिनिधि के रूप में शामिल हुए। उनके साथ उप उद्योग मंत्री मून शिन-हक और रक्षा अधिग्रहण कार्यक्रम प्रशासन के मंत्री ली योंग-चियोल भी उपस्थित रहे।
पनडुब्बी डील की दौड़ में कोरिया
कनाडा की पनडुब्बी खरीद परियोजना लगभग 60 ट्रिलियन वॉन (करीब 39.7 अरब अमेरिकी डॉलर) की है। इस डील के लिए दक्षिण कोरिया की हानवा ओशन और एचडी हुंडई हैवी इंडस्ट्रीज का संयुक्त समूह जर्मनी की थाइसेनक्रुप मरीन सिस्टम्स से सीधी टक्कर ले रहा है। रिपोर्टों के अनुसार, कनाडा के जून के अंत तक अपना पसंदीदा बोलीदाता चुनने की उम्मीद है। उच्च स्तरीय कोरियाई प्रतिनिधिमंडल की इस यात्रा को सोल की कूटनीतिक रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है।
अंतरिक्ष, रक्षा और हाइड्रोजन में सहयोग
राउंडटेबल के दौरान हानवा ने दोनों देशों के बीच अंतरिक्ष और रक्षा क्षेत्र में सहयोग के विस्तार का रोडमैप प्रस्तुत किया। वहीं, हुंडई मोटर कंपनी ने हाइड्रोजन ऊर्जा साझेदारी का अपना दीर्घकालिक विज़न साझा किया। इस कार्यक्रम में दोनों देशों की कंपनियों ने अंतरिक्ष और रक्षा क्षेत्रों में सहयोग के लिए तीन समझौता ज्ञापनों (MOU) पर हस्ताक्षर किए — जो इस साझेदारी को ठोस आधार देने की दिशा में एक अहम कदम है।
कांग हून-सिक का बयान
चीफ ऑफ स्टाफ कांग हून-सिक ने कहा, "अगर कनाडा के पास मौजूद प्राकृतिक संसाधन और उन्नत तकनीकी क्षमता को दक्षिण कोरिया की मजबूत मैन्युफैक्चरिंग क्षमता के साथ जोड़ दिया जाए, तो दोनों देश मिलकर एडवांस इंडस्ट्रीज में दुनिया के बाजार में आगे बढ़ सकते हैं।" यह बयान इस बात का संकेत है कि सोल इस साझेदारी को केवल रक्षा सौदे तक सीमित नहीं, बल्कि दीर्घकालिक औद्योगिक गठजोड़ के रूप में देख रहा है।
आगे की राह
गौरतलब है कि यह बैठक ऐसे समय में हुई है जब वैश्विक रक्षा बाज़ार में प्रतिस्पर्धा तेज़ हो रही है और कनाडा अपनी नौसैनिक क्षमता को आधुनिक बनाने के लिए बड़े निवेश की योजना बना रहा है। जून के अंत में कनाडा के फैसले के बाद यह स्पष्ट होगा कि सोल की यह कूटनीतिक और व्यापारिक मेहनत रंग लाई या नहीं।