जी7 में मोदी-ट्रंप द्विपक्षीय बैठक 17 जून को, भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर होगी अहम चर्चा
सारांश
मुख्य बातें
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 17 जून को फ्रांस में होने वाले जी7 शिखर सम्मेलन के दौरान एक औपचारिक द्विपक्षीय बैठक करेंगे, जिसमें प्रस्तावित भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर बातचीत की प्रगति की समीक्षा होने की उम्मीद है। व्हाइट हाउस ने शनिवार, 13 जून को यह जानकारी दी। यह बैठक पाकिस्तान के खिलाफ भारत के 'ऑपरेशन सिंदूर' के बाद दोनों नेताओं के बीच पहली द्विपक्षीय मुलाकात होगी।
बैठक का एजेंडा और प्रमुख विषय
एक वरिष्ठ अमेरिकी अधिकारी ने कहा कि प्रस्तावित व्यापार समझौता बातचीत में 'खास तौर पर' शामिल होगा। हालाँकि, अधिकारियों को उम्मीद नहीं है कि शिखर सम्मेलन के दौरान कोई अंतिम समझौता हो पाएगा। अधिकारी ने कहा, 'मुझे लगता है कि संभावित व्यापार समझौते पर बात होगी।'
व्यापार के अलावा, दोनों नेताओं के बीच आर्थिक विकास, सप्लाई चेन, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), निवेश साझेदारी और वैश्विक सुरक्षा चुनौतियों पर भी चर्चा होने की संभावना है।
भारत-अमेरिका व्यापार वार्ता की पृष्ठभूमि
अमेरिकी अधिकारी के अनुसार, दोनों देशों ने इस वर्ष की शुरुआत में एक जॉइंट फ्रेमवर्क एग्रीमेंट पर हस्ताक्षर किए थे और पिछले एक वर्ष से गहन बातचीत जारी है। कुछ सप्ताह पूर्व एक अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल भारत आया था और बहु-स्तरीय वार्ता अभी भी जारी है।
अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि जैमीसन ग्रीर 22 जून के आसपास भारत आएंगे, ताकि प्रस्तावित व्यापार समझौते पर बातचीत को और आगे बढ़ाया जा सके। अधिकारी ने कहा, 'हमें लगता है कि अमेरिका और भारत प्राकृतिक रूप से आर्थिक साझेदार हैं और एक-दूसरे को बहुत कुछ दे सकते हैं।'
ट्रंप का फ्रांस दौरा और व्यापक कार्यक्रम
राष्ट्रपति ट्रंप सोमवार को वाशिंगटन से रवाना होकर उसी दिन फ्रांस पहुँचेंगे। उनके कार्यक्रम में फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों, कतर के अमीर, संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रपति, मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सिसी और प्रधानमंत्री मोदी के साथ द्विपक्षीय बैठकें शामिल हैं।
17 जून को मोदी के साथ बैठक के बाद ट्रंप जी7 नेताओं, सहयोगी भागीदारों और तकनीकी अधिकारियों के साथ एक वर्किंग लंच में भी शामिल होंगे। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर ज़ेलेंस्की के साथ बातचीत और वैश्विक तकनीकी कंपनियों के मुख्य कार्यकारी अधिकारियों के साथ AI-केंद्रित लंच भी कार्यक्रम में शामिल बताया जा रहा है।
जरूरी मिनरल्स और AI: शिखर सम्मेलन के प्रमुख थीम
व्हाइट हाउस के अनुसार, ट्रंप जी7 साझेदारों के साथ मिलकर जरूरी मिनरल सप्लाई चेन को मजबूत करने, आर्थिक सुरक्षा बढ़ाने और गैर-कानूनी प्रवासन तथा ड्रग तस्करी से निपटने के तरीकों पर काम करेंगे। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस इस शिखर सम्मेलन के खास थीम में से एक होने की उम्मीद है।
एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, 'राष्ट्रपति विकास को लेकर चर्चा का दायरा ऐसे निवेश साझेदारियों पर केंद्रित करेंगे, जो निवेश करने वाले देश और निवेश प्राप्त करने वाले देश, दोनों के लिए समान रूप से लाभकारी हों।'
आगे की राह
यह शिखर सम्मेलन ऐसे समय में हो रहा है जब भारत और अमेरिका के बीच व्यापार वार्ता निर्णायक दौर में है और दोनों पक्ष मतभेदों को दूर करने की कोशिश कर रहे हैं। जैमीसन ग्रीर की 22 जून की संभावित भारत यात्रा यह संकेत देती है कि जी7 के बाद भी वार्ता की गति बनी रहेगी।