यूपी 2027: अखिलेश यादव इंडिया गठबंधन की कमान संभालें — सपा नेता रविदास मेहरोत्रा
सारांश
मुख्य बातें
समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता रविदास मेहरोत्रा ने 25 अगस्त को लखनऊ में स्पष्ट कहा कि उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 में भारतीय जनता पार्टी (BJP) को सत्ता से बेदखल करने के लिए इंडिया गठबंधन की अगुवाई सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव को करनी होगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता मन बना चुकी है और सपा की सरकार के साथ अखिलेश यादव को मुख्यमंत्री देखना चाहती है।
गठबंधन की रणनीति और सपा का दावा
मेहरोत्रा ने कहा, "उत्तर प्रदेश में भाजपा का एकमात्र विकल्प समाजवादी पार्टी है।" उन्होंने जोर देकर कहा कि सपा के कार्यकर्ता चाहते हैं कि इंडिया गठबंधन की बागडोर अखिलेश यादव के हाथों में हो। यह बयान ऐसे समय में आया है जब 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर विपक्षी दलों के बीच सीट-बँटवारे की चर्चा तेज़ हो रही है।
कांग्रेस पर तंज और 2017 का हवाला
मेहरोत्रा ने कांग्रेस पर भी निशाना साधा और कहा कि गठबंधन धर्म का पालन कांग्रेस को करना चाहिए। उन्होंने 2017 के विधानसभा चुनाव का उल्लेख करते हुए कहा कि यदि उस समय कांग्रेस ने गठबंधन धर्म निभाया होता, तो शायद चुनाव परिणाम अलग होते। गौरतलब है कि 2017 में सपा-कांग्रेस गठबंधन के बावजूद भाजपा ने प्रचंड बहुमत से सरकार बनाई थी।
महंगाई और जनता के मुद्दे
सपा नेता ने भाजपा सरकार पर महंगाई को लेकर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि 20 दिनों के भीतर चीनी के दाम ₹20 प्रति किलो बढ़ गए हैं, इसके अलावा गुड़ और प्याज़ के भाव भी आसमान छू रहे हैं। उनके अनुसार दैनिक उपयोग की वस्तुओं की कीमतों में लगातार वृद्धि और कथित कालाबाज़ारी भाजपा सरकार की विफलता का प्रमाण है।
राम रहीम की पैरोल पर सवाल
बलात्कार के दोषी और जेल में बंद गुरमीत राम रहीम को 36 बार पैरोल दिए जाने पर मेहरोत्रा ने कड़ी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि इससे स्पष्ट हो जाता है कि सरकार का रुख दोषियों के प्रति नरम है। यह आरोप ऐसे समय में आया है जब विपक्ष पहले से ही इस मुद्दे पर सत्तारूढ़ दल को घेरता रहा है।
कंगना रनौत के बयान और हिजाब फैसले पर प्रतिक्रिया
अभिनेत्री कृति सेनन के रक्षाबंधन विज्ञापन की स्टाइलिंग पर भाजपा सांसद कंगना रनौत की टिप्पणी को मेहरोत्रा ने "शर्मनाक" करार दिया। उन्होंने कहा कि एक महिला कलाकार के पहनावे पर किसी अन्य महिला द्वारा की गई आलोचना निंदनीय है। इलाहाबाद उच्च न्यायालय के हिजाब संबंधी फैसले पर उन्होंने कहा कि वे न्यायालय के निर्णय का सम्मान करते हैं, लेकिन उनके अनुसार दोनों पक्षों की बात पूरी तरह नहीं सुनी गई। उन्होंने कहा कि अब यह मामला सर्वोच्च न्यायालय में जाएगा और उसके आदेश का सभी को सम्मान करना चाहिए।
मेहरोत्रा के इन बयानों से साफ़ है कि सपा 2027 के चुनावी मैदान में अखिलेश यादव के नेतृत्व में उतरने की तैयारी कर रही है — और गठबंधन की शर्तें भी वही तय करना चाहती है।