असम: धुबरी में अवैध फार्मेसी पर छापा, 1,709 नशीली गोलियां और नकली मुद्रा जब्त; संचालक गिरफ्तार
सारांश
मुख्य बातें
असम के धुबरी जिले के 'चार' इलाके में 11 अगस्त को पुलिस ने एक अवैध फार्मेसी पर देर रात छापा मारकर 1,709 नशीली गोलियां, कफ सिरप, एक खिलौना बंदूक और ₹6,300 की नकली भारतीय मुद्रा बरामद की। मौके से कथित संचालक इलियास सरकार को गिरफ्तार कर लिया गया।
छापेमारी का घटनाक्रम
धुबरी सदर पुलिस को एक गुप्त सूचना मिली थी कि ब्रह्मपुत्र नदी के उस पार भोगदाह पंचायत के अंतर्गत कालापानी सेकंड पार्ट इलाके में एक अवैध फार्मेसी संचालित हो रही है। इसी सूचना के आधार पर पुलिस ने देर रात कार्रवाई की और फार्मेसी को सील कर दिया।
छापेमारी के दौरान 1,709 नशीली गोलियां, कफ सिरप की बोतलें, एक खिलौना बंदूक और ₹6,300 की जाली भारतीय मुद्रा बरामद की गई। आरोपी इलियास सरकार को मौके से ही हिरासत में लेकर धुबरी सदर पुलिस स्टेशन ले जाया गया, जहाँ पूछताछ जारी है।
आरोपी पर क्या हैं आरोप
जाँच अधिकारियों के अनुसार, इलियास सरकार पर लंबे समय से इस अवैध फार्मेसी के ज़रिये नशीली दवाओं का कारोबार चलाने के गंभीर आरोप हैं। पुलिस का कहना है कि वह बड़े पैमाने पर संगठित नशा तस्करी गतिविधियों में शामिल था। पूछताछ में नेटवर्क के अन्य सदस्यों की पहचान की कोशिश की जा रही है।
असम में नशे के खिलाफ पहले भी बड़ी कार्रवाई
यह ऐसे समय में आया है जब असम पुलिस राज्यव्यापी नशा-विरोधी अभियान चला रही है। गौरतलब है कि 28 जुलाई को श्रीभूमि जिले में दो अलग-अलग अभियानों के दौरान पुलिस ने प्रतिबंधित कफ सिरप की 31,800 बोतलें जब्त की थीं, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग ₹3.18 करोड़ आँकी गई थी। उस मामले में दो कथित तस्करों को गिरफ्तार किया गया था।
मुख्यमंत्री की प्रतिक्रिया
असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर श्रीभूमि पुलिस की प्रशंसा की थी। उन्होंने लिखा था, 'पूरे असम में सतर्कता के अच्छे परिणाम सामने आ रहे हैं। श्रीभूमि पुलिस को दो सफल एंटी-ड्रग ऑपरेशन के लिए बधाई, जिनमें ₹3.18 करोड़ मूल्य की 31,800 प्रतिबंधित बोतलें जब्त की गईं और दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। हर ऐसी कार्रवाई एक बड़े आपराधिक नेटवर्क को कमजोर करती है।' सरमा ने यह भी कहा कि राज्य में नशे के खिलाफ लगातार चलाए जा रहे अभियान के सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं।
आगे क्या होगा
पुलिस अब इस मामले में आपूर्ति श्रृंखला की जाँच कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि नशीली दवाएं कहाँ से आ रही थीं और इनका वितरण कहाँ-कहाँ होता था। धुबरी का 'चार' क्षेत्र, जो ब्रह्मपुत्र नदी के द्वीपीय इलाकों में आता है, भौगोलिक दृष्टि से निगरानी के लिए चुनौतीपूर्ण माना जाता है, जिससे यह तस्करों के लिए संवेदनशील क्षेत्र बना रहता है।