बारामती उपचुनाव: सुनेत्रा पवार 6 अप्रैल को भरेगी नामांकन, दिग्गज नेताओं की होगी मौजूदगी
सारांश
Key Takeaways
- सुनेत्रा पवार 6 अप्रैल को नामांकन भरेंगी।
- महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री उपस्थित रहेंगे।
- उपचुनाव अजित पवार के निधन के बाद हो रहा है।
- बारामती सीट का राजनीतिक महत्व है।
- परिणाम 4 मई को आएंगे।
मुंबई, 3 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। महाराष्ट्र की बारामती विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव को लेकर गतिविधियाँ बढ़ने लगी हैं। प्रदेश की उपमुख्यमंत्री और एनसीपी अध्यक्ष सुनेत्रा पवार 6 अप्रैल को अपना नामांकन प्रस्तुत करेंगी। इस अवसर पर अनेक दिग्गज नेता उनके साथ रहेंगे।
सूत्रों के अनुसार, नामांकन प्रक्रिया के समय महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे भी मौजूद रहेंगे।
यह उपचुनाव पूर्व उपमुख्यमंत्री अजित पवार के निधन के बाद हो रहा है। 28 जनवरी को बारामती में एक विमान दुर्घटना में उनकी चार अन्य लोगों के साथ मृत्यु हो गई थी। अजित पवार का बारामती सीट पर लम्बे समय तक प्रभाव रहा और वे यहाँ से आठ बार विधायक चुने गए, जिससे यह सीट राजनीतिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण मानी जाती है। दिलचस्प बात यह है कि शरद पवार के नेतृत्व में एनसीपी (एसपी) ने इस सीट पर अपना उम्मीदवार न उतारने का निर्णय लिया है। हालांकि, उनकी सहयोगी कांग्रेस ने स्पष्ट किया है कि वह चुनाव को एकतरफा नहीं होने देगी।
बारामती के अतिरिक्त, अहिल्यानगर जिले की राहुरी विधानसभा सीट पर भी 23 अप्रैल को उपचुनाव होना है। 2024 के महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में शिवाजी कर्डीले ने इस सीट पर फिर से भाजपा की तरफ से ताल ठोकी और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के उम्मीदवार प्राजक्त तनपुरे को लगभग 14,000 से अधिक मतों के अंतर से हराया था। अक्टूबर 2025 में दिल का दौरा पड़ने से शिवाजी का निधन हो गया, जिसके बाद यह सीट भी खाली हो गई। दोनों सीटों के लिए होने वाले उपचुनाव के परिणाम 4 मई को घोषित किए जाएंगे।
चुनाव आयोग के अनुसार, 6 राज्यों में 8 विधानसभा सीटों पर उपचुनाव हो रहे हैं। गोवा, कर्नाटक, नागालैंड, त्रिपुरा में 23 अप्रैल को मतदान होगा। वहीं, गुजरात और महाराष्ट्र में 9 अप्रैल 2026 को मतदान होगा। आयोग ने राज्यों के प्रशासन को स्वतंत्र, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही सुरक्षा और चुनावी तैयारियों के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।