बीजद ने मिडिल ईस्ट युद्ध के कारण इफ्तार और ईद मिलन समारोह रद्द किया, शांति की अपील की
सारांश
Key Takeaways
- बीजद ने मिडिल ईस्ट युद्ध के कारण इफ्तार और ईद मिलन कार्यक्रम रद्द किया।
- शांति की अपील की गई है।
- भारी जनहानि के कारण यह निर्णय लिया गया है।
- पार्टी अध्यक्ष नवीन पटनायक ने स्थिति पर चिंता व्यक्त की।
- ओडिशा के कई लोग भी युद्ध से प्रभावित हैं।
भुवनेश्वर, १३ मार्च (राष्ट्र प्रेस)। मिडिल ईस्ट में चल रहे युद्ध और उसके कारण हो रही व्यापक जनहानि को ध्यान में रखते हुए ओडिशा की प्रमुख विपक्षी पार्टी बीजू जनता दल (बीजद) ने इस वर्ष इफ्तार और ईद मिलन कार्यक्रम आयोजित न करने का निर्णय लिया है।
पार्टी के सूत्रों के अनुसार, मिडिल ईस्ट के विभिन्न देशों में जारी संघर्ष के कारण हजारों निर्दोष व्यक्तियों की जान चली गई है, लाखों लोग घायल हुए हैं, और बहुत से लोग कठिन परिस्थितियों में जीवन व्यतीत कर रहे हैं। इस स्थिति के मद्देनजर, बीजद ने शांति की स्थापना और युद्ध के अंत की कामना के साथ इस वर्ष इफ्तार और ईद मिलन समारोह को न मनाने का फैसला किया है।
पार्टी मुख्यालय में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में बीजद के उपाध्यक्ष और पूर्व मंत्री प्रताप जेना ने बताया कि हर साल पार्टी के अध्यक्ष नवीन पटनायक की उपस्थिति में मुस्लिम समुदाय और विभिन्न धर्मों के प्रतिष्ठित व्यक्तियों के साथ भव्य इफ्तार और ईद मिलन कार्यक्रम का आयोजन किया जाता है।
उन्होंने कहा कि वर्तमान में मिडिल ईस्ट में चल रहे युद्ध के कारण ओडिशा के कई लोग भी कठिनाइयों का सामना कर रहे हैं। इस युद्ध का प्रभाव सीधे तौर पर १० से अधिक देशों पर पड़ा है, और इसकी गूंज पूरी दुनिया में महसूस की जा रही है।
इन परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए बीजद ने इस वर्ष इफ्तार और ईद मिलन कार्यक्रम को स्थगित करने का निर्णय लिया है।
पार्टी अध्यक्ष नवीन पटनायक ने मिडिल ईस्ट के युद्ध में हुई जनहानि और संपत्ति के नुकसान पर गहरा दुख व्यक्त किया है और लोगों से अपील की है कि इस दुखद समय में किसी भी प्रकार के उत्सव से दूर रहें और शांति के लिए प्रार्थना करें।
गौरतलब है कि पूर्व मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने पहले भी खाड़ी देशों में फंसे ओडिया पर्यटकों, छात्रों, पेशेवरों और श्रमिकों के मुद्दे को उठाया है और उनकी सुरक्षित वापसी की मांग राज्य और केंद्र सरकार से की है।