चमोली में वसुधारा के पास नदी में फंसा कानपुर का पर्यटक, पुलिस-SDRF ने सुरक्षित निकाला
सारांश
मुख्य बातें
चमोली जिले में 14 अगस्त 2026 को वसुधारा वॉटरफॉल के निकट अचानक नदी का जलस्तर बढ़ने से कानपुर का एक पर्यटक नदी के दूसरे छोर पर फंस गया। बद्रीनाथ धाम की तीर्थयात्रा पर उत्तराखंड आया यह पर्यटक वॉटरफॉल से आगे घूमने निकला था, जब जलस्तर में अचानक वृद्धि ने उसके वापसी के सभी रास्ते बंद कर दिए।
घटनाक्रम: कैसे मिली सूचना
स्थानीय होटल व्यवसायी मंदीप भंडारी ने कांस्टेबल चंदन नगरकोटी को इस घटना की जानकारी दी। सूचना मिलते ही कोतवाली श्री बद्रीनाथ पुलिस और SDRF (राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल) की टीम तत्काल घटनास्थल के लिए रवाना हुई। यह ऐसे समय में आया जब उत्तराखंड के पहाड़ी क्षेत्रों में मानसून के कारण नदियों का जलस्तर अनिश्चित गति से बदल रहा है।
स्थानीय युवाओं की तत्परता
रेस्क्यू टीम के पहुँचने से पहले ही स्थानीय युवाओं ने मोर्चा संभाल लिया। मोहित बिष्ट, किशन बिष्ट, नितिन, सौरभ भंडारी, अंशु बिष्ट, धीरेन्द्र, सोनू और मोहित रावत ने लकड़ियों की व्यवस्था कर नदी पर अस्थायी पुल बनाने का प्रयास शुरू किया। साथ ही फंसे पर्यटक तक खाने-पीने की सामग्री भी पहुँचाई गई, ताकि बचाव दल के आने तक उसकी जान सुरक्षित रहे।
पुलिस-SDRF का रेस्क्यू ऑपरेशन
कोतवाली श्री बद्रीनाथ पुलिस और SDRF की संयुक्त रेस्क्यू टीम मौके पर पहुँचकर स्थानीय युवकों के साथ समन्वय में जुट गई। टीम ने परिस्थितियों का आकलन करते हुए सुरक्षित मार्ग से नदी के दूसरे छोर तक पहुँच बनाई और फंसे पर्यटक को सकुशल बाहर निकाल लिया। इसके बाद उसे कोतवाली श्री बद्रीनाथ पहुँचाया गया, जहाँ उसकी स्थिति सामान्य बताई गई।
आम जनता पर असर और सबक
यह घटना उत्तराखंड के पर्वतीय तीर्थ स्थलों पर मानसून के दौरान पर्यटकों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े करती है। गौरतलब है कि बद्रीनाथ यात्रा मार्ग पर हर वर्ष हजारों श्रद्धालु आते हैं और नदियों के अचानक उफनाने से ऐसी आपात स्थितियाँ बनती रहती हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि वॉटरफॉल व नदी-किनारे वाले क्षेत्रों में पर्यटकों को सुरक्षा चेतावनियों का कड़ाई से पालन करना चाहिए।
इस पूरे ऑपरेशन में पुलिस, SDRF और स्थानीय नागरिकों के बीच समन्वय ने एक बड़ी त्रासदी को टाल दिया। आगे भी ऐसे संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी और त्वरित प्रतिक्रिया तंत्र को और मजबूत किए जाने की आवश्यकता है।