सीएम धामी का कांग्रेस पर हमला: 'सत्ता में जनता के लिए खतरनाक, विपक्ष में देश के लिए हानिकारक'
सारांश
मुख्य बातें
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 30 अक्टूबर 2026 को देहरादून में कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि यह पार्टी सत्ता में रहते हुए 'जनता के लिए खतरनाक' है और सत्ता से बाहर होने पर 'देश के लिए हानिकारक' है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यह टिप्पणी पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी भी कांग्रेस के बारे में किया करते थे।
टिप्पणी की पृष्ठभूमि
मुख्यमंत्री धामी ने यह बयान 'प्रधानमंत्री-किसान उत्सव दिवस' कार्यक्रम के बाद पत्रकारों से बातचीत के दौरान दिया। यह टिप्पणी ऐसे समय में आई है जब इंडिया गठबंधन ने 1 नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में एक बड़ी रैली का आयोजन किया है — जो मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) में कथित अनियमितताओं को लेकर है।
एसआईआर विवाद पर धामी का रुख
मतदाता सूची पुनरीक्षण प्रक्रिया के खिलाफ विपक्ष के विरोध को धामी ने अनुचित बताया। उन्होंने कहा, 'नवरात्रि समाप्त हो चुकी है और दीपावली मनाई जा रही है। ऐसे में विपक्षी दल प्रदर्शन और विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। मतदाता सूची से नाम हटाने को लेकर गलत जानकारी फैलाई जा रही है।' उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि एक अयोग्य व्यक्ति का नाम मतदाता सूची में क्यों रहना चाहिए और एक ही व्यक्ति के तीन अलग-अलग स्थानों पर मत कैसे दर्ज हो सकते हैं।
विपक्ष पर 'अव्यवस्था' का आरोप
मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर आरोप लगाया कि वह इन मुद्दों के ज़रिये 'अव्यवस्था का माहौल' पैदा कर रहा है और व्यापारियों एवं आम नागरिकों को 'संभावित रूप से नुकसान पहुंचा' रहा है। उन्होंने 'विदेशी ताकतों' के प्रति भी आगाह किया और कहा कि 'अराजकता' के माध्यम से 'सत्ता परिवर्तन' के प्रयासों को सतर्कता से देखना चाहिए। गौरतलब है कि सत्ताधारी दल के नेताओं द्वारा विरोध प्रदर्शनों को 'विदेशी षड्यंत्र' से जोड़ने का यह सिलसिला नया नहीं है।
अमित शाह का उत्तराखंड दौरा
मुख्यमंत्री धामी ने इस दौरान यह भी जानकारी दी कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का 6 नवंबर को देहरादून दौरा निर्धारित है। उन्होंने बताया, 'वे उत्तराखंड पुलिस के ध्वजारोहण समारोह में भाग लेंगे। इसके अलावा, अन्य निर्धारित कार्यक्रमों के साथ-साथ एक बड़ी जनसभा का भी आयोजन किया जा रहा है।'
पीएम-किसान योजना पर धामी का संबोधन
इससे पूर्व, 'पीएम-किसान उत्सव दिवस' कार्यक्रम में बोलते हुए मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2019 में पीएम-किसान योजना शुरू करके किसानों के हित में एक ऐतिहासिक निर्णय लिया था। उन्होंने यह भी कहा कि पिछली सरकारें किसानों को उनकी कड़ी मेहनत के बावजूद उचित सम्मान देने में विफल रहीं। रैली और राजनीतिक बयानबाज़ी के बीच अब सबकी निगाहें 1 नवंबर की रामलीला मैदान रैली और उसके बाद की सियासी प्रतिक्रियाओं पर टिकी हैं।