प्रकाश राज के खिलाफ तिरुपति कोर्ट में आपराधिक शिकायत, रामायण पर टिप्पणी से विवाद
सारांश
मुख्य बातें
अभिनेता प्रकाश राज के खिलाफ तिरुपति की अतिरिक्त न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी अदालत में 15 जून 2026 को एक आपराधिक शिकायत दाखिल की गई है। यह शिकायत उनकी कथित तौर पर रामायण और हिंदू देवी-देवताओं पर की गई विवादास्पद टिप्पणियों को लेकर दर्ज कराई गई है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि अभिनेता के बयानों से हिंदू समुदाय की धार्मिक भावनाएँ आहत हुई हैं।
शिकायत का विवरण
यह शिकायत भारतीय जनता पार्टी (BJP) नेता और तिरुमला तिरुपति देवस्थानम (TTD) ट्रस्ट बोर्ड के सदस्य जी. भानुप्रकाश रेड्डी ने दाखिल की है। उनके अनुसार, उन्होंने 17 अप्रैल को सोशल मीडिया पर एक वीडियो देखा, जिसमें प्रकाश राज कथित तौर पर भगवान राम, लक्ष्मण और पवित्र महाकाव्य रामायण के बारे में अपमानजनक एवं भड़काऊ बयान देते नज़र आ रहे थे। यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेज़ी से वायरल हुआ, जिसके बाद हिंदू समुदाय में व्यापक नाराज़गी देखी गई।
मुख्य आरोप
शिकायत में कथित तौर पर आरोप लगाया गया है कि अभिनेता ने केरल लिटरेचर फेस्टिवल सहित कई सार्वजनिक कार्यक्रमों में ऐसे बयान दिए, जो धार्मिक दृष्टि से आपत्तिजनक थे। विशेष रूप से, शिकायत में उल्लेख है कि प्रकाश राज ने कथित रूप से यह कहा कि भगवान राम और लक्ष्मण उत्तर भारत से दक्षिण भारत की ओर 'आक्रमण' करने आए थे और इसे लंका से जोड़कर प्रस्तुत किया — एक ऐसी व्याख्या जिसे शिकायतकर्ता ने 'तथ्यात्मक रूप से गलत और भड़काऊ' करार दिया।
सामाजिक तनाव की आशंका
भानुप्रकाश रेड्डी ने अपनी शिकायत में यह भी तर्क दिया है कि अभिनेता ने कथित तौर पर जानबूझकर 'आर्यन-द्रविड़' जैसी विभाजनकारी बहसों को हवा देने का प्रयास किया, जिससे क्षेत्रीय और सामाजिक तनाव उत्पन्न होने का खतरा है। उनके अनुसार, इस प्रकार की टिप्पणियाँ भारत की सांस्कृतिक एकता और धार्मिक सद्भाव के लिए हानिकारक हैं। गौरतलब है कि यह मामला ऐसे समय में सामने आया है जब देश में धार्मिक संवेदनशीलता से जुड़े बयानों पर बहस पहले से तेज़ है।
अदालत से माँग
शिकायतकर्ता ने अदालत से अनुरोध किया है कि शिकायत को स्वीकार किया जाए, मामले की विधिवत जाँच कराई जाए और आवश्यकता पड़ने पर अभिनेता को समन जारी कर कानून के अनुसार उचित कार्रवाई की जाए। अदालत ने अभी तक शिकायत पर कोई औपचारिक आदेश जारी नहीं किया है।
आगे क्या होगा
अब यह देखना होगा कि अदालत इस शिकायत को संज्ञान में लेती है या नहीं। प्रकाश राज की ओर से अभी तक इस मामले पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। यह विवाद सोशल मीडिया पर जारी है और आने वाले दिनों में कानूनी और राजनीतिक दोनों स्तरों पर इसके और तेज़ होने की संभावना है।