भारत-यूके व्यापार समझौते से किसान-MSME को फायदा, कांग्रेस पर तुष्टिकरण का आरोप: आरपी सिंह
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राष्ट्रीय प्रवक्ता आरपी सिंह ने बुधवार, 15 जुलाई को नई दिल्ली में एक प्रेस संबोधन में कई राष्ट्रीय और राजनीतिक मुद्दों पर अपनी स्पष्ट राय रखी। उन्होंने भारत-यूनाइटेड किंगडम व्यापार समझौते से लेकर अनुच्छेद 370, मध्य प्रदेश के यूसीसी मसौदे, पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस (TMC) के संकट और पंजाब कांग्रेस की अंदरूनी कलह तक के मुद्दों पर कांग्रेस को घेरा।
भारत-यूके व्यापार समझौता: किसान और MSME को राहत
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा समर्थित भारत-यूनाइटेड किंगडम व्यापक आर्थिक एवं व्यापार समझौते का स्वागत करते हुए आरपी सिंह ने कहा कि यह समझौता किसानों, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (MSME) और भारतीय निर्यातकों के लिए बड़ा अवसर लेकर आया है। उनके अनुसार, इस समझौते के बाद कई क्षेत्रों में भारतीय उत्पादों का निर्यात ड्यूटी-फ्री हो जाएगा, जिससे कृषि और MSME क्षेत्र को सीधा आर्थिक लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि यह समझौता वैश्विक व्यापार में भारत की प्रतिस्पर्धात्मक स्थिति को और मज़बूत करेगा।
अनुच्छेद 370 पर सोज के बयान की आलोचना
कांग्रेस नेता सैफुद्दीन सोज द्वारा अनुच्छेद 370 को पुनः लागू करने की माँग पर आरपी सिंह ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि सोज केवल अनुच्छेद 370 और 35ए की बात नहीं कर रहे, बल्कि जम्मू-कश्मीर की स्वायत्तता और स्वतंत्र राज्य की दिशा में बात कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे इस मुद्दे पर चुप्पी साधे हुए हैं। BJP प्रवक्ता ने कहा कि कांग्रेस मुस्लिम वोट बैंक की राजनीति के कारण इस तरह के रुख अपनाती है।
सनातन परंपरा और कांवड़ यात्रा पर BJP का पक्ष
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के रामलीला और कांवड़ यात्रा संबंधी बयान का बचाव करते हुए आरपी सिंह ने कहा कि इतिहास गवाह है कि कांग्रेस ने कांवड़ यात्रा पर प्रतिबंध लगाया था और भगवान राम के अस्तित्व पर भी सवाल उठाए थे। उन्होंने कपिल सिब्बल का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने राम मंदिर मामले की सुनवाई टालने की माँग की थी। आरपी सिंह का आरोप है कि कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों का उद्देश्य सनातन परंपरा को बदनाम करना है।
मध्य प्रदेश UCC और महिला सुरक्षा
मध्य प्रदेश सरकार के प्रस्तावित यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) मसौदे में लिव-इन रिलेशनशिप के अनिवार्य पंजीकरण के प्रावधान का समर्थन करते हुए BJP प्रवक्ता ने कहा कि जिस प्रकार विवाह का पंजीकरण होता है, उसी प्रकार लिव-इन संबंधों का भी होना चाहिए। उनके अनुसार, ऐसे संबंधों के दौरान महिलाओं और विशेष रूप से बेटियों के साथ अप्रिय घटनाएँ सामने आती हैं, इसलिए यह प्रावधान स्वागत योग्य है। कांग्रेस नेता पी. चिदंबरम के परिसीमन और महिला आरक्षण संबंधी दावों को खारिज करते हुए उन्होंने कहा कि BJP लगातार सभी दलों से महिला आरक्षण कानून के समर्थन की अपील कर रही है।
TMC और पंजाब कांग्रेस का आंतरिक संकट
पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस (TMC) के वरिष्ठ नेताओं मदन मित्रा और अनुब्रत मंडल के पार्टी छोड़ने पर आरपी सिंह ने कहा कि मदन मित्रा ने भी आरोप लगाया है कि ममता बनर्जी अपने भतीजे के प्रति अत्यधिक मोह के कारण अन्य नेताओं की उपेक्षा कर रही हैं। पंजाब कांग्रेस की अंदरूनी खींचतान पर उन्होंने कहा कि कांग्रेस अपने ही संगठन को संभालने में असफल है। भूपेश बघेल के बयान का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि बघेल ने भी माना है कि यह कोई 'गुड्डा-गुड्डियों का खेल' नहीं है। चरणजीत सिंह चन्नी, सुखजिंदर सिंह रंधावा, प्रताप सिंह बाजवा और परगट सिंह जैसे वरिष्ठ नेताओं की नाराज़गी को उन्होंने कांग्रेस नेतृत्व की विफलता बताया।
यह बयान ऐसे समय में आया है जब भारत-यूके व्यापार समझौते को लेकर देशभर में चर्चा तेज़ है और विपक्ष सरकार की नीतियों पर सवाल उठा रहा है। आने वाले दिनों में इन मुद्दों पर राजनीतिक बहस और तेज़ होने की संभावना है।