8 जुलाई 2026
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बिहार में 'बुलडोजर और एनकाउंटर राज' का आरोप: भाकपा-माले महासचिव दीपंकर भट्टाचार्य का BJP पर हमला

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बिहार में 'बुलडोजर और एनकाउंटर राज' का आरोप: भाकपा-माले महासचिव दीपंकर भट्टाचार्य का BJP पर हमला

सारांश

भाकपा-माले महासचिव दीपंकर भट्टाचार्य ने पटना में BJP पर सीधा हमला बोला — बिहार में सुशासन की जगह बुलडोजर और एनकाउंटर राज कायम हो रहा है। चार दिनों में पाँच लोगों को गोली मारने और NEET पेपर लीक के लिए शिक्षा मंत्रियों के इस्तीफे की माँग के साथ यह बयान बिहार की चुनावी राजनीति में नई हलचल पैदा कर सकता है।

मुख्य बातें

भाकपा-माले महासचिव दीपंकर भट्टाचार्य ने 23 मई को पटना में BJP पर बिहार में 'बुलडोजर और एनकाउंटर राज' कायम करने का आरोप लगाया।
उनके अनुसार पिछले चार दिनों में बिना पारदर्शी जाँच के पाँच लोगों को गोली मारी गई, जिनमें एक विशेष समुदाय को निशाना बनाया गया।
भट्टाचार्य ने कहा कि बुलडोजर माफिया पर नहीं, गरीबों, फुटपाथ दुकानदारों और झुग्गीवासियों पर चलाया जा रहा है।
NEET और AEDEO पेपर लीक को संगठित अपराध तंत्र का नतीजा बताते हुए केंद्र व बिहार के शिक्षा मंत्रियों के इस्तीफे की माँग की।
प्रेस वार्ता में राज्य सचिव कुणाल , AIPWA महासचिव मीना तिवारी , विधायक संदीप सौरभ और AISA राज्य सचिव धनंजय भी शामिल रहे।

भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी-लेनिनवादी) के महासचिव दीपंकर भट्टाचार्य ने शनिवार, 23 मई को पटना में एक प्रेस वार्ता के दौरान आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने बिहार में सुशासन की जगह बुलडोजर और एनकाउंटर की राजनीति स्थापित कर दी है। उनके अनुसार, राज्य में अब कानून और न्यायिक प्रक्रिया को दरकिनार कर दमनकारी कार्रवाइयाँ की जा रही हैं।

मुख्य आरोप: बुलडोजर और एनकाउंटर

भट्टाचार्य ने कहा कि बुलडोजर BJP शासन का प्रतीक बन चुका है और यह माफिया या बड़े अपराधियों पर नहीं, बल्कि गरीबों, फुटपाथ दुकानदारों, झुग्गीवासियों और अल्पसंख्यक समुदाय पर चलाया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि लोगों को बिना निष्पक्ष जाँच के 'बांग्लादेशी', 'अतिक्रमणकारी' या 'देशविरोधी' करार देकर निशाना बनाया जा रहा है।

उन्होंने दावा किया कि पुलिस खुलेआम कह रही है कि गोली पैर में नहीं, छाती में मारी जाएगी। उनके अनुसार, पिछले चार दिनों में बिना पारदर्शी जाँच के पाँच लोगों को गोली मारी गई, जिनमें एक विशेष समुदाय को निशाना बनाया गया — हालाँकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि अभी तक नहीं हो पाई है।

नीतीश शासन से तुलना

भट्टाचार्य ने कहा कि BJP ने न केवल नीतीश कुमार को राजनीतिक रूप से हाशिये पर किया, बल्कि उनके पूरे शासन मॉडल को पलट दिया। उनके अनुसार, जहाँ पहले सुशासन और सांप्रदायिक सद्भाव की बात होती थी, वहाँ अब मॉब लिंचिंग, विस्थापन और नफरत की राजनीति को बढ़ावा दिया जा रहा है। यह ऐसे समय में आया है जब बिहार में 2025 के विधानसभा चुनाव की तैयारियाँ जोर पकड़ रही हैं।

शिक्षा व्यवस्था पर निशाना

भट्टाचार्य ने पेपर लीक के मुद्दे को भी उठाया। उन्होंने कहा कि NEET और AEDEO जैसी परीक्षाओं में पेपर लीक महज प्रशासनिक विफलता नहीं, बल्कि संगठित अपराध तंत्र और राजनीतिक संरक्षण का नतीजा है। उन्होंने केंद्र और बिहार सरकार के शिक्षा मंत्रियों के इस्तीफे की माँग करते हुए कहा कि लाखों छात्र-युवाओं का भविष्य बर्बाद किया जा रहा है।

प्रेस वार्ता में कौन-कौन शामिल

इस प्रेस वार्ता में भाकपा-माले के पुनः निर्वाचित राज्य सचिव कुणाल, अखिल भारतीय प्रगतिशील महिला एसोसिएशन (AIPWA) की महासचिव मीना तिवारी, विधायक संदीप सौरभ और ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) के राज्य सचिव धनंजय ने भी संबोधित किया।

आगे क्या

भट्टाचार्य के ये बयान ऐसे समय में आए हैं जब बिहार में कानून-व्यवस्था का मुद्दा विपक्ष की राजनीति का केंद्र बनता जा रहा है। भाकपा-माले के इन आरोपों पर BJP और राज्य सरकार की आधिकारिक प्रतिक्रिया अभी सामने नहीं आई है, और यह देखना होगा कि सत्तारूढ़ गठबंधन इन दावों का किस तरह जवाब देता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन इनकी स्वतंत्र पुष्टि के बिना इन्हें पूरी तरह तथ्य मानना जल्दबाजी होगी। गौरतलब है कि 'बुलडोजर राजनीति' का विरोध पूरे देश में विपक्ष की साझा भाषा बन चुकी है, और बिहार में इसे चुनावी एजेंडे से जोड़ना स्वाभाविक रणनीति है। असली सवाल यह है कि क्या भाकपा-माले इन आरोपों को ज़मीनी दस्तावेज़ीकरण और न्यायिक हस्तक्षेप तक ले जाएगी, या ये बयान केवल प्रेस वार्ता तक सीमित रहेंगे। BJP और राज्य सरकार की चुप्पी या प्रतिक्रिया ही तय करेगी कि यह मुद्दा बिहार की राजनीति में कितनी गहरी जड़ें पकड़ता है।
RashtraPress
8 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

दीपंकर भट्टाचार्य ने बिहार में 'बुलडोजर राज' से क्या आशय लगाया?
भाकपा-माले महासचिव दीपंकर भट्टाचार्य ने आरोप लगाया कि बिहार में BJP सरकार बुलडोजर का इस्तेमाल माफिया या बड़े अपराधियों के खिलाफ नहीं, बल्कि गरीबों, फुटपाथ दुकानदारों, झुग्गीवासियों और अल्पसंख्यक समुदाय के खिलाफ कर रही है। उनके अनुसार यह कार्रवाई कानून और न्यायिक प्रक्रिया को दरकिनार कर की जा रही है।
पिछले चार दिनों में पाँच लोगों को गोली मारने का दावा क्या है?
भट्टाचार्य ने आरोप लगाया कि बिहार पुलिस ने पिछले चार दिनों में बिना पारदर्शी जाँच के पाँच लोगों को गोली मारी, जिनमें एक विशेष समुदाय को निशाना बनाया गया। हालाँकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि अभी तक नहीं हो पाई है और BJP व राज्य सरकार की आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
भट्टाचार्य ने NEET पेपर लीक पर क्या कहा?
उन्होंने NEET और AEDEO जैसी परीक्षाओं में पेपर लीक को महज प्रशासनिक विफलता नहीं, बल्कि संगठित अपराध तंत्र और राजनीतिक संरक्षण का परिणाम बताया। इसके साथ ही उन्होंने केंद्र और बिहार सरकार के शिक्षा मंत्रियों के तत्काल इस्तीफे की माँग की।
इस प्रेस वार्ता में भाकपा-माले के कौन-कौन से नेता शामिल थे?
पटना में हुई इस प्रेस वार्ता में दीपंकर भट्टाचार्य के अलावा पार्टी के पुनः निर्वाचित राज्य सचिव कुणाल, AIPWA महासचिव मीना तिवारी, विधायक संदीप सौरभ और AISA राज्य सचिव धनंजय ने भी संबोधित किया।
नीतीश कुमार के शासन की तुलना में भट्टाचार्य ने BJP शासन को कैसे देखा?
भट्टाचार्य ने कहा कि BJP ने नीतीश कुमार के सुशासन और सांप्रदायिक सद्भाव के मॉडल को पूरी तरह पलट दिया है। उनके अनुसार अब विकास की जगह विस्थापन और सद्भाव की जगह मॉब लिंचिंग व नफरत की राजनीति को बढ़ावा दिया जा रहा है।
राष्ट्र प्रेस
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