महंगाई का बोझ गरीबों पर: दीपांकर भट्टाचार्य का एनडीए सरकार पर हमला, दरभंगा सम्मेलन में उठाए कई मुद्दे

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
महंगाई का बोझ गरीबों पर: दीपांकर भट्टाचार्य का एनडीए सरकार पर हमला, दरभंगा सम्मेलन में उठाए कई मुद्दे

सारांश

भाकपा (माले) के महासचिव दीपांकर भट्टाचार्य ने दरभंगा में पार्टी के राज्य सम्मेलन के दौरान एनडीए सरकार को घेरा — पेट्रोल-डीजल महंगाई से लेकर बिहार में 'बुलडोजर राज', नीट लीक से 22 लाख छात्रों के भविष्य और चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता तक, कई मोर्चों पर सरकार को कठघरे में खड़ा किया।

मुख्य बातें

दीपांकर भट्टाचार्य ने 17 मई को दरभंगा में प्रेस वार्ता में एनडीए सरकार पर पेट्रोल-डीजल महंगाई का बोझ गरीबों पर डालने का आरोप लगाया।
उन्होंने बिहार में 'बुलडोजर राज' का आरोप लगाते हुए कहा कि गरीबों के घर गिराए जा रहे हैं और विरोध की आवाज़ें दबाई जा रही हैं।
नीट पेपर लीक मामले में 22 लाख छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ का आरोप; परीक्षा तंत्र को अपराधियों के प्रभाव में बताया।
मतदाता सूचियों से बड़े पैमाने पर नाम हटाने और चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता पर सवाल उठाए।
तीन दिवसीय राज्य सम्मेलन का समापन सोमवार को; नई कमिटी गठन और राजनीतिक कार्यक्रमों की घोषणा होगी।

भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माले) के महासचिव दीपांकर भट्टाचार्य ने 17 मई को दरभंगा में आयोजित तीन दिवसीय राज्य सम्मेलन के दौरान एक प्रेस वार्ता में एनडीए सरकार पर तीखा प्रहार किया। उन्होंने कहा कि पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमतों का बोझ सीधे गरीबों और मेहनतकश तबके पर डाला जा रहा है, जबकि सत्तारूढ़ गठबंधन इस पर मौन साधे हुए है।

बिहार में 'बुलडोजर राज' का आरोप

भट्टाचार्य ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार कभी सुशासन, सामाजिक न्याय और सांप्रदायिकता-विरोधी राजनीति के प्रतीक माने जाते थे, लेकिन आज की स्थिति बिल्कुल अलग है। उनके अनुसार, बिहार अब व्यावहारिक रूप से भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नियंत्रण में आ गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में 'बुलडोजर राज' चल रहा है — गरीबों के घर गिराए जा रहे हैं, छात्रों और युवाओं के आंदोलनों का दमन हो रहा है और असहमति की आवाज़ों को व्यवस्थित ढंग से कुचला जा रहा है।

सम्मेलन में किन मुद्दों पर हुई चर्चा

भाकपा (माले) के इस राज्य सम्मेलन में बिहार के विभिन्न जिलों से चुने हुए प्रतिनिधि शामिल हुए। खेत मजदूर, किसान आंदोलन, छात्र-युवा संगठन, महिला आंदोलन और जनसंगठनों से जुड़े कार्यकर्ताओं की भागीदारी रही। सम्मेलन में बिहार की मौजूदा राजनीतिक परिस्थिति, संगठन की कार्यप्रणाली की समीक्षा और भविष्य की कार्ययोजना पर विचार-विमर्श हुआ।

नीट पेपर लीक और महिला हिंसा पर चिंता

भट्टाचार्य ने महिलाओं के खिलाफ बढ़ती हिंसा पर गहरी चिंता व्यक्त की और कहा कि चुनाव के बाद से पीड़ितों को न्याय नहीं मिल पा रहा। नीट परीक्षा पेपर लीक मामले पर उन्होंने कहा कि शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाओं का पूरा तंत्र अपराधियों के प्रभाव में आ चुका है। उनके अनुसार, इस भ्रष्ट तंत्र ने 22 लाख छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया है, और इसे BJP का संरक्षण प्राप्त है।

लोकतंत्र पर मंडराता खतरा

भट्टाचार्य ने चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता पर भी सवाल उठाए। उनका आरोप है कि मतदाता सूचियों से बड़े पैमाने पर नाम हटाए जा रहे हैं और लोकतांत्रिक अधिकारों को कमज़ोर कर जनता की राजनीतिक भागीदारी को सीमित करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने इसे देश के लोकतंत्र के लिए गंभीर चुनौती बताया।

सोमवार को होगा सम्मेलन का समापन

तीन दिवसीय राज्य सम्मेलन का समापन सोमवार को होना निर्धारित है। अंतिम दिन नई कार्यकारी समिति का गठन और आगामी राजनीतिक कार्यक्रमों की घोषणा की जाएगी। यह सम्मेलन ऐसे समय में हो रहा है जब बिहार में अगले विधानसभा चुनाव की तैयारियाँ धीरे-धीरे शुरू होने लगी हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

जिसे कोई भी विपक्षी दल नज़रअंदाज़ नहीं कर सकता। असली सवाल यह है कि क्या भाकपा (माले) इन मुद्दों को चुनावी समर्थन में बदल पाएगी, या ये आरोप केवल प्रेस वार्ताओं तक सिमट कर रह जाएंगे।
RashtraPress
17 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

दीपांकर भट्टाचार्य ने दरभंगा में क्या कहा?
भाकपा (माले) के महासचिव दीपांकर भट्टाचार्य ने 17 मई को दरभंगा में आयोजित पार्टी के राज्य सम्मेलन के दौरान एनडीए सरकार पर पेट्रोल-डीजल महंगाई का बोझ गरीबों और मेहनतकश तबके पर डालने का आरोप लगाया। उन्होंने बिहार में बुलडोजर कार्रवाई, नीट पेपर लीक और चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता पर भी सवाल उठाए।
भाकपा (माले) का दरभंगा राज्य सम्मेलन किस बारे में है?
यह तीन दिवसीय सम्मेलन बिहार की मौजूदा राजनीतिक परिस्थिति, संगठन की कार्यप्रणाली की समीक्षा और भविष्य की कार्ययोजना पर केंद्रित है। सम्मेलन में खेत मजदूर, किसान, छात्र-युवा और महिला संगठनों के प्रतिनिधि शामिल हुए। सोमवार को समापन पर नई कमिटी का गठन होगा।
नीट पेपर लीक पर भट्टाचार्य का क्या कहना है?
भट्टाचार्य ने आरोप लगाया कि शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाओं का पूरा तंत्र अपराधियों के प्रभाव में है और इस भ्रष्ट तंत्र ने 22 लाख छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया है। उन्होंने इसे BJP का संरक्षण प्राप्त बताया।
बिहार में 'बुलडोजर राज' से क्या आशय है?
भट्टाचार्य के अनुसार, बिहार में गरीबों के घर प्रशासनिक कार्रवाई के नाम पर गिराए जा रहे हैं और छात्रों-युवाओं के आंदोलनों का दमन किया जा रहा है। यह आरोप उन्होंने राज्य में BJP के बढ़ते प्रभाव के संदर्भ में लगाया।
भट्टाचार्य ने चुनाव प्रक्रिया पर क्या सवाल उठाए?
उन्होंने आरोप लगाया कि मतदाता सूचियों से बड़े पैमाने पर नाम हटाए जा रहे हैं और लोकतांत्रिक अधिकारों को कमज़ोर कर जनता की राजनीतिक भागीदारी सीमित की जा रही है। उनके अनुसार, यह प्रवृत्ति देश के लोकतंत्र के लिए गंभीर चुनौती बन रही है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम कल
  2. 2 दिन पहले
  3. 3 दिन पहले
  4. 5 महीने पहले
  5. 7 महीने पहले
  6. 9 महीने पहले
  7. 10 महीने पहले
  8. 10 महीने पहले