गौरव गोगोई ने बोरदोलोई के भाजपा में शामिल होने पर की तीखी प्रतिक्रिया
सारांश
Key Takeaways
- गौरव गोगोई ने बोरदोलोई के भाजपा में शामिल होने को दुर्भाग्यपूर्ण बताया।
- गोगोई ने चुनावों की महत्ता पर जोर दिया।
- भ्रष्टाचार के आरोपों के चलते हिमंत बिस्वा सरमा पर गोगोई ने तीखा हमला किया।
- असम विधानसभा चुनाव 9 अप्रैल को होंगे।
- कांग्रेस की लोकप्रियता में बढ़ोतरी देखी गई है।
डिब्रूगढ़, 18 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। असम प्रदेश कांग्रेस कमेटी (एपीसीसी) के अध्यक्ष गौरव गोगोई ने दिल्ली से डिब्रूगढ़ एयरपोर्ट पर पहुंचने के बाद पत्रकारों से बातचीत की। इस मौके पर उन्होंने कांग्रेस के पूर्व सांसद प्रद्युत बोरदोलोई द्वारा भाजपा में शामिल होने के निर्णय पर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की।
गोगोई ने बोरदोलोई के कदम को ‘दुर्भाग्यपूर्ण’ बताया और इसे उनका ‘निजी फैसला’ करार दिया। उन्होंने कहा, "पार्टी ने हाल ही में बोरदोलोई को नगांव लोकसभा सीट से सांसद बनने का अवसर प्रदान किया था, जो कि केवल दो वर्ष पहले की बात है। इसके अलावा, पूर्वी असम के तिनसुकिया जिले की मार्घेरिटा विधानसभा सीट से उनके परिवार के एक सदस्य को कांग्रेस ने टिकट भी दिया था। इन सभी अवसरों के बावजूद, उन्होंने ऐसा निर्णय लिया जो उनका व्यक्तिगत निर्णय है। यह चुनाव किसी व्यक्ति से कहीं अधिक महत्वपूर्ण है; यह असम को हिमंत बिस्वा सरमा के चंगुल से मुक्त कराने का है।
गोगोई ने कहा, "एक पार्टी के भीतर हमेशा मतभेद होते हैं। मैं इसे मतभेद नहीं मानता; हम सभी ने अपने राजनीतिक जीवन में मतभेदों का सामना किया है। मुझे नहीं लगता कि एक सीट को लेकर राय का भिन्न होना, पार्टी छोड़ने और किसी विपक्षी पार्टी में शामिल होने का उचित कारण है।"
यह घटना असम विधानसभा चुनावों की पूर्व संध्या पर कांग्रेस के लिए एक बड़ा झटका है। प्रद्युत बोरदोलोई ने पहले कांग्रेस से इस्तीफा देकर हिमंत बिस्वा सरमा की मौजूदगी में भाजपा में शामिल होने का निर्णय लिया। बोरदोलोई ने पार्टी छोड़ने के पीछे आंतरिक असंतोष, टिकट वितरण और कुछ घटनाओं में गोगोई की भूमिका पर सवाल उठाए थे। हालांकि, कांग्रेस नेतृत्व ने इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताया, जबकि गोगोई ने इसे व्यक्तिगत निर्णय के रूप में देखा।
डिब्रूगढ़ एयरपोर्ट पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने गोगोई का स्वागत किया। समर्थकों ने नारे लगाए और फूलों से उनका अभिनंदन किया। इस दौरान गोगोई ने असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा पर भी तीखा हमला किया। उन्होंने मुख्यमंत्री पर भ्रष्टाचार के कई आरोप लगाए, विशेषकर भूमि से संबंधित घोटालों और प्रशासनिक अनियमितताओं के मुद्दे पर। गोगोई ने कहा कि राज्य सरकार विकास के नाम पर जनता के हितों की अनदेखी कर रही है और भ्रष्टाचार अपने चरम पर है।
कांग्रेस नेता ने कहा, "मैं हाल ही में लखीमपुर जिले में था; यही वह जिला है जहां से भूपेन बोराह भाजपा से टिकट की दावेदारी कर रहे हैं। मैंने कांग्रेस पार्टी की लोकप्रियता और संगठनात्मक शक्ति में उल्लेखनीय वृद्धि देखी है। इसका कारण यह है कि कांग्रेस पार्टी असम की जनता के विचारों और इच्छाओं के अनुरूप काम कर रही है। वहां के लोग ‘माफिया राज’, ‘नशा राज’, ‘सिंडिकेट राज’ और हिमंत बिस्वा सरमा के भ्रष्ट शासन का अंत देखना चाहते हैं।
ज्ञात हो कि 15 मार्च को चुनाव आयोग ने असम समेत चार राज्यों और एक केंद्र शासित प्रदेश में चुनाव की घोषणा की। असम के सभी 126 विधानसभा सीटों के लिए एक ही चरण में 9 अप्रैल को मतदान होगा, जबकि नतीजे सभी राज्यों के लिए 4 मई को घोषित किए जाएंगे।