असम विधानसभा चुनाव: गौरव गोगोई ने प्रद्युत बोरदोलोई के भाजपा में शामिल होने पर प्रतिक्रिया दी
सारांश
मुख्य बातें
गुवाहाटी, १८ मार्च (राष्ट्र प्रेस)। लोकसभा सांसद एवं असम कांग्रेस के अध्यक्ष गौरव गोगोई ने भाजपा में वरिष्ठ नेता प्रद्युत बोरदोलोई के शामिल होने के निर्णय पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने इसे ‘व्यक्तिगत विकल्प’ बताया और इस बात पर जोर दिया कि आगामी विधानसभा चुनाव किसी व्यक्ति विशेष से ज्यादा राज्य को भय और माफियाराज से मुक्त करने के लिए हैं।
पत्रकारों से बातचीत में गोगोई ने कहा कि बोरदोलोई को कांग्रेस ने पिछले कुछ वर्षों में कई महत्वपूर्ण अवसर प्रदान किए थे। दो वर्ष पूर्व उन्हें नागांव लोकसभा सीट का प्रतिनिधित्व करने का अवसर दिया गया था, और वर्तमान में वे सांसद हैं। इस बार उनके परिवार के एक सदस्य को विधानसभा चुनाव में टिकट दिया गया है। इसके बावजूद, उन्होंने भाजपा में शामिल होने का निर्णय लिया। यह उनका व्यक्तिगत निर्णय है। हालांकि, गोगोई ने बोरदोलोई के भाजपा छोड़ने के राजनीतिक प्रभाव को कम आंकते हुए कहा कि असम में चुनावी लड़ाई किसी एक नेता से कहीं अधिक महत्वपूर्ण है।
गोगोई ने कहा कि यह चुनाव किसी व्यक्ति के बारे में नहीं है, बल्कि हिमंत बिस्वा सरमा की चंगुल से असम को मुक्त करने और उनके नेतृत्व में पनप रहे माफिया राज को समाप्त करने के बारे में है।
कांग्रेस नेता ने राज्य में भय का माहौल होने का आरोप लगाते हुए कहा कि आम असमिया नागरिक बदलाव की चाह रखते हैं। हिमंत बिस्वा सरमा ने लोगों में भय का माहौल बना दिया है और जनता इस स्थिति से बाहर निकलने की प्रबल इच्छा रखती है।
गोगोई ने कहा कि हमें असम के हर कोने में मजबूत समर्थन मिल रहा है, और मुझे पूरा विश्वास है कि कांग्रेस अगली सरकार बनाएगी।
बोरदोलोई के इस्तीफे को किसी विशेष विधानसभा सीट के लिए उम्मीदवार चयन में मतभेदों से जोड़ा जा रहा है। इस पर गोगोई ने कहा कि ऐसे दावे निराधार हैं। यह केवल एक सीट के लिए नहीं हो सकता। हर राजनीतिक दल में मतभेद और मजबूत राय होती हैं, लेकिन यह केवल संबंध तोड़ने और प्रतिद्वंद्वी दल में शामिल होने का कारण नहीं हो सकता।