अहमदाबाद EOW ने रसायन आपूर्तिकर्ता से ₹22.25 लाख की धोखाधड़ी में कारोबारी को गिरफ्तार किया
सारांश
मुख्य बातें
अहमदाबाद अपराध शाखा की आर्थिक अपराध शाखा (EOW) ने 26 अक्टूबर 2026 को 51 वर्षीय कारोबारी मोहित साहनी को गिरफ्तार किया है। साहनी पर आरोप है कि उन्होंने एक रंगीन डाई और रसायन आपूर्तिकर्ता से ₹22,25,480 मूल्य का माल उधार पर खरीदा और भुगतान किए बिना अपना गोदाम तथा कार्यालय बंद कर फरार हो गए। यह मामला अहमदाबाद के व्यापारिक क्षेत्रों में रासायनिक आपूर्ति शृंखला में धोखाधड़ी की बढ़ती घटनाओं की पृष्ठभूमि में सामने आया है।
मुख्य घटनाक्रम
आरोपी मोहित साहनी इलेक्ट्रोजीको केमिकल इंडस्ट्रीज के मालिक हैं। अधिकारियों के अनुसार, उन्होंने 6 सितंबर 2025 से 30 सितंबर 2025 के बीच छह अलग-अलग बिलों के माध्यम से शिकायतकर्ता कुणाल ठेकड़ी की स्वामित्व वाली फर्म दत्त केमिकल से रंगीन डाई और रसायन खरीदे। कुल लेन-देन की राशि ₹22,25,480 थी।
कथित तौर पर साहनी ने आपूर्तिकर्ता को समय पर भुगतान का आश्वासन देकर उसका विश्वास अर्जित किया। माल की डिलीवरी के बाद उन्होंने अहमदाबाद के नारोल इलाके में स्थित अपना गोदाम और वापी में अपना कार्यालय बंद कर लिया तथा बिना भुगतान किए गायब हो गए।
गिरफ्तारी कैसे हुई
EOW की न्यू क्लॉथ मार्केट शाखा ने तकनीकी साक्ष्य और मानवीय खुफिया जानकारी के माध्यम से साहनी का पता लगाया और उन्हें अहमदाबाद से गिरफ्तार किया। पुलिस ने बताया कि यह कार्रवाई वरिष्ठ अधिकारियों के उन निर्देशों के तहत की गई, जिनमें आर्थिक अपराधों, धोखाधड़ी और आपराधिक विश्वासघात में शामिल आरोपियों का पता लगाने पर जोर दिया गया था।
शिकायत अहमदाबाद के मणिनगर इलाके के 21 वर्षीय व्यवसायी कुणाल थेकड़ी ने दर्ज कराई थी। मामला अपराध निवारण शाखा (DCB) पुलिस स्टेशन में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 316(2), 316(5) और 54 के तहत दर्ज किया गया है।
पूर्व में भी दर्ज हैं मामले
अधिकारियों ने खुलासा किया कि आरोपी साहनी के खिलाफ यह पहली कानूनी कार्रवाई नहीं है। इससे पहले 7 जनवरी 2026 को वलसाड जिले के डूंगरा पुलिस स्टेशन में BNS की धारा 316(2) के तहत एक मामला दर्ज था।
इसके अतिरिक्त अहमदाबाद के DCB पुलिस स्टेशन में BNS की धारा 316(2), 316(5) और 61 के तहत एक अन्य मामला भी पहले से दर्ज है। इस प्रकार वर्तमान गिरफ्तारी सहित साहनी के विरुद्ध कुल तीन मामले हो गए हैं, जो एक सुनियोजित पैटर्न की ओर संकेत करते हैं।
आगे की जाँच
आर्थिक अपराध शाखा ने पुष्टि की है कि आगे की जाँच जारी है। जाँचकर्ता यह देखेंगे कि क्या और आपूर्तिकर्ता भी इसी तरह की धोखाधड़ी के शिकार हुए हैं। गौरतलब है कि तीन राज्यों और जिलों में फैले मामलों के मद्देनज़र अन्य पीड़ितों के सामने आने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।