गुजरात बाढ़ राहत: CM भूपेंद्र पटेल ने स्वयंसेवकों और मीडिया की सराहना की, नवसारी-तापी में बहाली तेज
सारांश
मुख्य बातें
गुजरात में 25 जुलाई 2026 को बाढ़ प्रभावित जिलों में राहत और पुनर्निर्माण कार्यों ने रफ्तार पकड़ी, जब उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी और केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सी.आर. पाटिल ने नवसारी जिला आपदा नियंत्रण कक्ष का दौरा कर स्थिति की समीक्षा की। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर स्वयंसेवकों, धर्मार्थ संगठनों और मीडियाकर्मियों की भूमिका की सराहना की।
नवसारी में समीक्षा और राहत कार्यों का जायज़ा
जिला कलेक्टर मनीष गुरवानी ने वरिष्ठ नेताओं को बचाव अभियानों, प्रभावित निवासियों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाने, राहत शिविरों में व्यवस्थाओं, भोजन और पेयजल की आपूर्ति, स्वास्थ्य सेवाओं, दवाओं के वितरण और रोग निवारण उपायों की विस्तृत जानकारी दी। अधिकारियों के अनुसार, निचले इलाकों से बाढ़ का पानी उतरने के साथ ही फसलों, घरों और सार्वजनिक संपत्ति के नुकसान का आकलन करने के लिए सर्वेक्षण तेज कर दिए गए हैं, ताकि पात्र प्रभावित निवासियों को शीघ्र राहत सहायता मिल सके।
मुख्यमंत्री की स्वयंसेवकों और मीडिया को सराहना
मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने एक्स पर पोस्ट में कहा, 'गुजरात के विभिन्न जिलों में भारी बारिश के कारण उत्पन्न स्थिति में, स्वयंसेवकों, धर्मार्थ संगठनों और सामुदायिक नेताओं ने राहत और बचाव कार्यों को अंजाम देने में सरकारी तंत्र के साथ कंधे से कंधा मिलाकर काम किया है। आप सभी द्वारा दिखाई गई सेवा भावना अनुकरणीय है और प्रशंसा के योग्य है।' उन्होंने मीडियाकर्मियों की भूमिका को भी रेखांकित करते हुए कहा कि संकट की घड़ी में पत्रकार समय पर और सटीक जानकारी देकर नागरिकों की सुरक्षा में सहयोग कर रहे हैं और उन्होंने अपना ख्याल रखने की भी अपील की।
तापी जिले में घंटों में बहाल हुई सड़क और पुल
तापी जिले के डोलवन तालुका के धांगधार में भारी बारिश और बाढ़ के पानी से क्षतिग्रस्त हुई पहुँच सड़क और पुल को कुछ ही घंटों में बहाल कर दिया गया। सड़क एवं भवन (आर एंड बी) पंचायत विभाग ने आपातकालीन आधार पर जेसीबी मशीनरी, कर्मियों और निर्माण सामग्री तैनात कर सड़क को वाहनों और पैदल यात्रियों के लिए सुरक्षित रूप से पुनः खोल दिया।
पुनर्स्थापन कार्य जारी
सामान्य जनजीवन बहाल करने के लिए सफाई अभियान, कीटाणुनाशक छिड़काव, स्वास्थ्य निगरानी तथा सड़कों और बिजली के बुनियादी ढाँचे की मरम्मत सहित व्यापक पुनर्स्थापन कार्य जारी है। यह ऐसे समय में आया है जब गुजरात के कई जिले कई दिनों की भारी बारिश के बाद अभी भी सामान्य स्थिति की ओर लौट रहे हैं। गौरतलब है कि राज्य सरकार के दिशानिर्देशों के अनुसार नुकसान आकलन सर्वेक्षण तेज़ किए जा रहे हैं ताकि राहत वितरण में देरी न हो।