वीणा विजयन वित्तीय विवाद: मोहम्मद रियास ने मीडिया रिपोर्ट को बताया झूठ, कानूनी कार्रवाई की चेतावनी
सारांश
मुख्य बातें
पूर्व वामपंथी मंत्री और विधायक पीए मोहम्मद रियास ने 20 अगस्त को मुख्यमंत्री पिनराई विजयन की पुत्री वीणा विजयन से जुड़े कथित वित्तीय लेनदेन पर प्रकाशित एक मीडिया रिपोर्ट को पूरी तरह निराधार बताते हुए खारिज कर दिया और कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की जारी जांच के बीच यह विवाद भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) — सीपीआई(एम) के केरल नेतृत्व के लिए एक गंभीर राजनीतिक चुनौती बनता जा रहा है।
रियास का खंडन और कानूनी चेतावनी
रियास ने गुरुवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट के माध्यम से उस मीडिया रिपोर्ट को सिरे से नकारा, जिसमें दावा किया गया था कि सीएमआर से सेवाओं के बदले वीणा को मिली धनराशि उनके बैंक खाते के ज़रिये कई व्यक्तियों के खातों में स्थानांतरित की गई। उन्होंने इस दावे को भी झूठा बताया कि इस लेनदेन के सिलसिले में उनसे फोन पर दो बार पूछताछ की गई थी।
रियास ने स्पष्ट कहा, 'मैंने कुछ भी गलत नहीं किया है और इसलिए मुझे पूरा भरोसा और स्पष्ट समझ है कि मैं कानूनी तौर पर इसका सामना कर सकता हूँ।' उन्होंने यह भी कहा कि जिस रिपोर्ट में उनकी तस्वीर को प्रमुखता से प्रकाशित किया गया है, उसके विरुद्ध वे कानूनी कदम उठाएँगे।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जांच शुरू होने के बाद से रोज़ाना सामने आ रही उन खबरों पर वे प्रतिक्रिया नहीं देंगे, जिन्हें वे बेबुनियाद मानते हैं — क्योंकि इन मामलों को कानूनी रूप से निपटाया जा रहा है।
ईडी जांच और राजनीतिक पृष्ठभूमि
यह विवाद ऐसे समय में सामने आया है जब प्रवर्तन निदेशालय की जांच में कथित तौर पर अधिक स्पष्ट और गंभीर निष्कर्ष उभरते जा रहे हैं। रियास पहले ही मीडिया को ईडी जांच से जुड़े मामलों पर विस्तृत जवाब दे चुके हैं। गौरतलब है कि यह मामला सीधे तौर पर केरल के पूर्व मुख्यमंत्री पिनराई विजयन के परिवार से जुड़ा होने के कारण राजनीतिक रूप से अत्यंत संवेदनशील बन गया है।
पिनराई विजयन लगातार यह कहते रहे हैं कि उन्हें किसी बात का भय नहीं है और उनके हाथ साफ हैं। आलोचकों का कहना है कि ईडी के बढ़ते निष्कर्षों के सामने यह राजनीतिक बचाव कितने समय तक टिकेगा, यह देखना होगा।
सीपीआई(एम) की रणनीति
इस बीच, सीपीआई(एम) के राज्य नेतृत्व ने इस राजनीतिक लड़ाई को सीधे जनता के बीच ले जाने और वीणा का बचाव करने का निर्णय लिया है। पार्टी ने ईडी की कार्रवाई को चुनौती देने की भी तैयारी की है।
पार्टी की ओर से रविवार को कोझिकोड में एक राजनीतिक बैठक आयोजित की जानी है, जिसमें ईडी जांच को लेकर पार्टी का पक्ष जनता के सामने रखा जाएगा। कोझिकोड का चयन राजनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि यह रियास का राजनीतिक गढ़ है।
आगे क्या होगा
रियास द्वारा कानूनी कार्रवाई की घोषणा और सीपीआई(एम) की जन-संपर्क रणनीति यह संकेत देती है कि पार्टी इस विवाद को न्यायालय और जनमंच — दोनों मोर्चों पर लड़ने की तैयारी में है। ईडी की जांच के आगामी निष्कर्ष और कोझिकोड की बैठक इस मामले की दिशा तय करने में निर्णायक भूमिका निभाएँगे।