नेपाल बाढ़ पर भारत की एकजुटता: एच. राजा बोले — गंडकी-कोसी में तबाही, भारत हर मदद को तैयार
सारांश
मुख्य बातें
तमिलनाडु भारतीय जनता पार्टी (BJP) के वरिष्ठ नेता एच. राजा ने 27 अगस्त 2026 को नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ पर गहरा दुख व्यक्त किया और कहा कि भारत सरकार नेपाल को राहत एवं बचाव कार्यों में हर संभव सहायता देने के लिए पूरी तरह तत्पर है। ग्लेशियर पिघलने से गंडकी, त्रिशूली और कोसी जैसी प्रमुख नदियों में आई अभूतपूर्व बाढ़ ने नेपाल में व्यापक तबाही मचाई है।
तबाही का पैमाना
एच. राजा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा, 'ग्लेशियर पिघलने से गंडकी, त्रिशूली और कोसी जैसी कई बड़ी नदियों में अभूतपूर्व बाढ़ आ गई है, जिससे पूरे देश में एक बड़ी प्राकृतिक आपदा आ गई है।' बाढ़ के उग्र पानी में घर, व्यावसायिक इमारतें, फ्लाईओवर, मुख्य सड़कें और वाहन बह गए — इन दृश्यों ने दुनिया भर के लोगों को विचलित कर दिया।
भारतीय पर्यटक और तमिलनाडु के यात्री
राजा ने बताया कि इस आपदा में कई लोगों की जान जा चुकी है, जबकि बड़ी संख्या में नेपाली नागरिक और भारतीय पर्यटक अभी भी लापता हैं। उन्होंने विशेष रूप से उल्लेख किया कि तमिलनाडु से 57 लोग नेपाल गए हुए हैं। उन्होंने कहा, 'ईश्वर उन सभी की रक्षा करे और सुनिश्चित करे कि वे सुरक्षित घर लौटें।'
भारत सरकार की तत्परता और बिहार पर संभावित असर
राजा के अनुसार, भारत सरकार ने नेपाल को संकट से उबारने के लिए हर संभव सहायता की पेशकश की है। साथ ही, उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार उन चेतावनियों के मद्देनज़र एहतियाती कदम उठा रही है, जिनमें कहा गया है कि नेपाल की बाढ़ से बिहार प्रभावित हो सकता है — जिसकी सीमा नेपाल से काफी लंबी है। अधिकारी संवेदनशील इलाकों में बढ़ते जलस्तर के संभावित असर को कम करने के लिए स्थिति पर बारीकी से नज़र रख रहे हैं।
अंतरराष्ट्रीय समुदाय की प्रतिक्रिया
राजा ने बताया कि आपदा के बाद दुनिया भर के कई देशों ने चिंता जताई है और नेपाल को सहायता की पेशकश की है। यह ऐसे समय में आया है जब नेपाल में बाढ़ और भूस्खलन की घटनाएँ हर मानसून सीज़न में बड़ी चुनौती बनती हैं, और जलवायु परिवर्तन के कारण ग्लेशियर पिघलने की रफ़्तार बढ़ने से यह संकट और गहराता जा रहा है।
एकजुटता का आह्वान
एच. राजा ने इस मुश्किल घड़ी में नेपाल के बाढ़ प्रभावित लोगों के साथ एकजुटता दिखाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा, 'इस मुश्किल समय में, हम नेपाल और वहाँ के लोगों के जल्द ठीक होने की प्रार्थना करते हैं। हम ईश्वर से यह भी प्रार्थना करते हैं कि इस विनाशकारी प्राकृतिक आपदा में जान गंवाने वालों की आत्मा को शांति मिले।' उन्होंने घायलों और विस्थापित लोगों के जल्द ठीक होने की कामना की और उम्मीद जताई कि बचाव दल लापता लोगों को सुरक्षित खोज निकालेंगे। राजा ने मानवीय संकट में नेपाल के साथ खड़े रहने के भारत के संकल्प को दोहराया।