5 नवंबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

आईएनएस तरकश का मॉरीशस अभियान पूरा, पोर्ट लुई में तटरक्षक बल के साथ संयुक्त समुद्री अभ्यास

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
आईएनएस तरकश का मॉरीशस अभियान पूरा, पोर्ट लुई में तटरक्षक बल के साथ संयुक्त समुद्री अभ्यास

सारांश

आईएनएस तरकश ने पोर्ट लुई में केवल लंगर नहीं डाला — उसने कूटनीति, प्रशिक्षण और सांस्कृतिक जुड़ाव एक साथ साधे। आप्रवासी दिवस की 192वीं वर्षगांठ पर जहाज पर हुआ यह आयोजन और CGS वैलियंट के साथ पासेक्स अभ्यास — दोनों मिलकर हिंद महासागर में भारत की 'नेबरहुड फर्स्ट' नीति की जीवंत अभिव्यक्ति हैं।

मुख्य बातें

आईएनएस तरकश ने मॉरीशस के पोर्ट लुई में अभियान पूरा कर अगले मिशन के लिए प्रस्थान किया।
कमांडिंग ऑफिसर ने गृह मामलों की सचिव कान ओये फोंग और पुलिस आयुक्त रामप्रसाद सूरूजबली से मुलाकात की।
2 नवंबर 2026 को अप्रवासी दिवस की 192वीं वर्षगांठ पर जहाज पर सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित; शिक्षा मंत्री डॉ.
महेंद गंगापरसाद मुख्य अतिथि रहे।
मॉरीशस तटरक्षक जहाज सीजीएस वैलियंट के साथ पासेक्स समुद्री अभ्यास और डॉर्नियर विमान से EEZ संयुक्त निगरानी संपन्न।
मॉरीशस में भारत के उच्चायुक्त अनुराग श्रीवास्तव सहित कई गणमान्य व्यक्ति कार्यक्रमों में उपस्थित रहे।

भारतीय नौसेना का युद्धपोत आईएनएस तरकश मॉरीशस के पोर्ट लुई में अपना बहुआयामी अभियान सफलतापूर्वक पूरा कर अगले मिशन के लिए रवाना हो गया है। इस दौरे में भारतीय चालक दल ने मॉरीशस के शीर्ष सरकारी अधिकारियों से मुलाकात की, तटरक्षक बल के साथ संयुक्त समुद्री निगरानी की और सांस्कृतिक आदान-प्रदान कार्यक्रमों में भी हिस्सेदारी की। यह यात्रा भारत-मॉरीशस के बीच गहरे द्विपक्षीय समुद्री संबंधों की एक और कड़ी है।

उच्च स्तरीय मुलाकातें और राजनयिक पहल

आईएनएस तरकश के कमांडिंग ऑफिसर ने मॉरीशस की गृह मामलों की सचिव कान ओये फोंग और पुलिस आयुक्त रामप्रसाद सूरूजबली से मुलाकात की। पुलिस आयुक्त ने युद्धपोत का दौरा भी किया और भारतीय नौसेना के अधिकारियों एवं जवानों से सीधी बातचीत की।

इसके अलावा, मॉरीशस में भारत के उच्चायुक्त अनुराग श्रीवास्तव सहित कई गणमान्य व्यक्ति जहाज पर आयोजित कार्यक्रमों में सम्मिलित रहे। गौरतलब है कि इस स्तर की उच्च-स्तरीय भागीदारी दोनों देशों के बीच रक्षा और कूटनीतिक सहयोग की परिपक्वता को दर्शाती है।

आप्रवासी दिवस और सांस्कृतिक आदान-प्रदान

इस यात्रा का एक विशेष पहलू 2026 के आप्रवासी दिवस से जुड़ा आयोजन रहा। 2 नवंबर 2026 को अप्रवासी दिवस की 192वीं वर्षगांठ के अवसर पर आईएनएस तरकश पर एक सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें मॉरीशस सरकार के शिक्षा एवं मानव संसाधन मंत्री डॉ. महेंद गंगापरसाद मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।

यह आयोजन महज एक औपचारिकता नहीं था — यह भारत और मॉरीशस की साझा ऐतिहासिक जड़ों की स्वीकृति थी, जो इंडो-मॉरीशियन समुदाय की पहचान से गहराई से जुड़ी हुई है।

संयुक्त समुद्री अभ्यास और तटरक्षक प्रशिक्षण

पोर्ट लुई प्रवास के अंतिम चरण में आईएनएस तरकश ने मॉरीशस तटरक्षक बल के जहाज सीजीएस वैलियंट के साथ समुद्री अभ्यास (पासेक्स) किया। इसके बाद दोनों देशों के तटरक्षक बलों ने एक डॉर्नियर विमान की सहायता से मॉरीशस के विशेष आर्थिक क्षेत्र (EEZ) में संयुक्त निगरानी अभियान भी चलाया।

इसके अलावा, आईएनएस तरकश के चालक दल ने मॉरीशस के तटरक्षक कर्मियों को विभिन्न व्यावहारिक गतिविधियों का प्रशिक्षण भी दिया। यह क्षमता-निर्माण का प्रयास हिंद महासागर क्षेत्र में भारत की 'नेबरहुड फर्स्ट' नीति के अनुरूप है।

सामाजिक संपर्क कार्यक्रम

चालक दल ने होस्पिस सेंट जीन डी डियू का दौरा कर एक सामाजिक संपर्क कार्यक्रम में भी भाग लिया। यह कदम भारतीय नौसेना की उस परंपरा को दर्शाता है जिसमें विदेशी बंदरगाह भ्रमण के दौरान स्थानीय समुदायों के साथ जुड़ाव को प्राथमिकता दी जाती है।

आगे का मार्ग

अभियान पूरा करने के बाद आईएनएस तरकश अपने समुद्री दौरे के अगले चरण के लिए मॉरीशस से रवाना हो चुका है। यह यात्रा हिंद महासागर में भारत की बढ़ती नौसैनिक उपस्थिति और क्षेत्रीय साझेदारियों को सुदृढ़ करने की रणनीतिक दिशा को रेखांकित करती है।

संपादकीय दृष्टिकोण

जिसमें रक्षा, कूटनीति और सांस्कृतिक कूटनीति एक साथ चलती हैं। मॉरीशस के EEZ में संयुक्त निगरानी और तटरक्षक प्रशिक्षण — दोनों संकेत देते हैं कि भारत अपने पड़ोसी द्वीपीय राष्ट्रों की क्षमता-निर्माण को केवल वादों तक सीमित नहीं रखना चाहता। यह ऐसे समय में आया है जब चीन भी हिंद महासागर के द्वीपीय देशों में अपनी नौसैनिक पहुँच बढ़ा रहा है, जिससे मॉरीशस जैसे देशों में भारत का सक्रिय जुड़ाव रणनीतिक रूप से और भी महत्त्वपूर्ण हो जाता है।
RashtraPress
5 नवंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

आईएनएस तरकश ने मॉरीशस में क्या-क्या किया?
आईएनएस तरकश ने पोर्ट लुई में मॉरीशस के शीर्ष अधिकारियों से मुलाकात, तटरक्षक बल के साथ पासेक्स अभ्यास, EEZ में संयुक्त निगरानी और आप्रवासी दिवस पर सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया। चालक दल ने मॉरीशस के तटरक्षक कर्मियों को व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया।
आईएनएस तरकश पर आप्रवासी दिवस कार्यक्रम क्यों महत्त्वपूर्ण था?
2 नवंबर 2026 को अप्रवासी दिवस की 192वीं वर्षगांठ पर जहाज पर सांस्कृतिक आदान-प्रदान कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें मॉरीशस के शिक्षा मंत्री डॉ. महेंद गंगापरसाद मुख्य अतिथि रहे। यह आयोजन भारत-मॉरीशस के ऐतिहासिक और सांस्कृतिक संबंधों को रेखांकित करता है।
पासेक्स अभ्यास क्या होता है?
पासेक्स (PASSEX) यानी 'Passing Exercise' दो देशों के नौसैनिक जहाजों के बीच होने वाला अल्पकालिक समुद्री अभ्यास है, जो आमतौर पर बंदरगाह से रवानगी के दौरान किया जाता है। आईएनएस तरकश ने मॉरीशस तटरक्षक जहाज सीजीएस वैलियंट के साथ यह अभ्यास किया।
इस दौरे में मॉरीशस के किन अधिकारियों से मुलाकात हुई?
आईएनएस तरकश के कमांडिंग ऑफिसर ने मॉरीशस की गृह मामलों की सचिव कान ओये फोंग और पुलिस आयुक्त रामप्रसाद सूरूजबली से मुलाकात की। पुलिस आयुक्त ने युद्धपोत का दौरा भी किया और भारतीय नौसेना के जवानों से बातचीत की।
भारत-मॉरीशस समुद्री सहयोग का क्या महत्त्व है?
मॉरीशस हिंद महासागर में भारत का एक महत्त्वपूर्ण समुद्री साझेदार है और दोनों देशों के बीच समुद्री सुरक्षा, तटरक्षक क्षमता-निर्माण और संयुक्त निगरानी पर दीर्घकालिक सहयोग रहा है। यह सहयोग भारत की 'नेबरहुड फर्स्ट' नीति और हिंद महासागर में क्षेत्रीय स्थिरता की दिशा में एक ठोस कदम है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 6 दिन पहले
  2. 1 सप्ताह पहले
  3. 1 महीना पहले
  4. 1 महीना पहले
  5. 4 महीने पहले
  6. 7 महीने पहले
  7. 7 महीने पहले
  8. 1 साल पहले