5 नवंबर 2026
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मध्य प्रदेश में अवैध शराब तस्करी की सीबीआई जांच हो: जीतू पटवारी की माँग, थाना प्रभारी की मौत पर सवाल

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मध्य प्रदेश में अवैध शराब तस्करी की सीबीआई जांच हो: जीतू पटवारी की माँग, थाना प्रभारी की मौत पर सवाल

सारांश

देवास जिले में अवैध शराब के ट्रक तले थाना प्रभारी दिलीप पुरी की जान जाने के बाद कांग्रेस के मध्य प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी मैदान में हैं — गुजरात तक फैले पूरे तस्करी नेटवर्क की सीबीआई जांच और पुलिसकर्मियों के बच्चों को मुफ्त शिक्षा की माँग के साथ।

मुख्य बातें

जीतू पटवारी ने 5 नवंबर 2026 को मध्य प्रदेश में अवैध शराब तस्करी की सीबीआई जांच की माँग की।
देवास जिले के खातेगांव थाना प्रभारी दिलीप पुरी की अवैध शराब से भरे ट्रक ने कुचलकर मौत हो गई थी।
पटवारी ने आरोप लगाया कि अवैध शराब का कारोबार प्रशासनिक और राजनीतिक संरक्षण के बिना इतने बड़े स्तर पर नहीं चल सकता।
पटवारी ने मुख्यमंत्री से पुलिस विभाग के तृतीय व चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों के बच्चों को निःशुल्क शिक्षा देने की माँग की।
गुजरात तक फैले तस्करी नेटवर्क की सीबीआई जांच और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की माँग की गई।

भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (कांग्रेस) की मध्य प्रदेश इकाई के अध्यक्ष जीतू पटवारी ने 5 नवंबर 2026 को प्रदेश में अवैध शराब तस्करी मामले की केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) से जांच कराने की माँग की है। यह माँग देवास जिले के खातेगांव थाना प्रभारी दिलीप पुरी की उस दुखद मौत के बाद आई है, जिसमें अवैध शराब की तस्करी करने वाले एक ट्रक ने उन्हें कुचल दिया था।

मुख्य घटनाक्रम

पटवारी ने गुरुवार को दिलीप पुरी के निवास पर पहुँचकर परिवार को शोक संवेदनाएँ व्यक्त कीं। उन्होंने पुरी के असमय निधन को 'अत्यंत दुखद और पीड़ादायक' बताया। पटवारी ने इस अवसर पर पुलिसकर्मियों की कठिन कार्यपरिस्थितियों का भी उल्लेख किया — कि पुलिस विभाग के कर्मचारी दिन-रात, 24 घंटे अपनी ड्यूटी निभाते हैं और कई बार नियमित अवकाश तक नसीब नहीं होता।

सरकार से माँगें

पटवारी ने मुख्यमंत्री (जो प्रदेश के गृह मंत्री भी हैं) से माँग की है कि पुलिस विभाग के तृतीय एवं चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारियों के बच्चों की शिक्षा पूरी तरह निःशुल्क की जाए। उन्होंने कहा कि यह कदम दिलीप पुरी के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी और इससे पुलिसकर्मियों पर आर्थिक बोझ कम होगा।

पटवारी के अनुसार, पुलिसकर्मी जनसुरक्षा में सतत लगे रहते हैं, इसलिए उनके परिवारों की सामाजिक एवं आर्थिक सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है।

अवैध शराब नेटवर्क पर गंभीर सवाल

पटवारी ने आरोप लगाया कि प्रदेश के गाँव-गाँव और गली-मोहल्लों में 'डायरी पर' अवैध शराब की बिक्री हो रही है। उनका कहना है कि इतने बड़े स्तर पर यह कारोबार बिना प्रशासनिक और राजनीतिक संरक्षण के संभव नहीं है।

उन्होंने गुजरात में अवैध शराब की सप्लाई और तस्करी के पीछे सक्रिय पूरे नेटवर्क की जांच की माँग की। पटवारी ने पूछा कि किनके संरक्षण में शराब माफिया बेखौफ होकर अपना कारोबार चला रहे हैं और सरकार को इन सवालों का जवाब देना होगा।

सीबीआई जांच की माँग

पटवारी ने स्पष्ट रूप से माँग की कि गुजरात में अवैध शराब की सप्लाई करने वाले माफियाओं, उनके सहयोगियों और उन्हें संरक्षण देने वालों की भूमिका की सीबीआई जांच कराई जाए। उन्होंने कहा कि शराब माफियाओं को राजनीतिक और प्रशासनिक संरक्षण तत्काल बंद होना चाहिए तथा दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई होनी चाहिए।

आगे क्या होगा

यह मामला ऐसे समय में सामने आया है जब मध्य प्रदेश में अवैध शराब से जुड़े विवाद पहले भी चर्चा में रहे हैं। पटवारी की सीबीआई जांच की माँग को सरकार स्वीकार करती है या नहीं, यह देखना बाकी है। विपक्ष के इस दबाव के बाद सत्ताधारी दल की प्रतिक्रिया और प्रशासनिक कदम आने वाले दिनों में राजनीतिक सुर्खियों में रहने की उम्मीद है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली सवाल यह है कि क्या विपक्ष के दबाव से इस बार कोई ठोस जवाबदेही तय होगी। मध्य प्रदेश में अवैध शराब से जुड़े मामले नए नहीं हैं — पर जब एक पुलिसकर्मी ही इस तस्करी नेटवर्क का शिकार हो जाए, तो यह प्रशासनिक विफलता की गंभीरता को एक नए स्तर पर ले जाता है। गुजरात तक नेटवर्क फैले होने का दावा इस मामले को राज्य की सीमाओं से परे ले जाता है, जो सीबीआई जांच की माँग को कानूनी रूप से भी प्रासंगिक बनाता है। हालाँकि, बिना ठोस साक्ष्य-आधारित दबाव के, यह माँग केवल राजनीतिक बयानबाजी बनकर न रह जाए — यह सुनिश्चित करना विपक्ष की भी जिम्मेदारी है।
RashtraPress
5 नवंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

जीतू पटवारी ने सीबीआई जांच की माँग क्यों की?
कांग्रेस के मध्य प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने देवास जिले के खातेगांव थाना प्रभारी दिलीप पुरी की अवैध शराब तस्करी के ट्रक से कुचलकर मौत के बाद सीबीआई जांच की माँग की। उनका आरोप है कि यह कारोबार बिना राजनीतिक और प्रशासनिक संरक्षण के इतने बड़े स्तर पर नहीं चल सकता।
थाना प्रभारी दिलीप पुरी की मौत कैसे हुई?
देवास जिले के खातेगांव थाना प्रभारी दिलीप पुरी को अवैध शराब की तस्करी में लगे एक ट्रक ने कुचल दिया, जिससे उनकी मौत हो गई। यह घटना हाल के दिनों में हुई और इसने प्रदेश में अवैध शराब तस्करी के खतरनाक नेटवर्क पर सवाल खड़े किए।
पटवारी ने सरकार से पुलिसकर्मियों के लिए क्या माँग की?
पटवारी ने मुख्यमंत्री से माँग की कि पुलिस विभाग के तृतीय एवं चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारियों के बच्चों की शिक्षा पूरी तरह निःशुल्क की जाए। उन्होंने कहा कि यह दिलीप पुरी के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी और पुलिसकर्मियों के परिवारों की आर्थिक सुरक्षा सरकार की जिम्मेदारी है।
मध्य प्रदेश में अवैध शराब तस्करी कितनी बड़ी समस्या है?
पटवारी के अनुसार, प्रदेश के गाँव-गाँव और गली-मोहल्लों में 'डायरी पर' अवैध शराब की बिक्री हो रही है। उनका दावा है कि इसके पीछे एक सक्रिय नेटवर्क है जो गुजरात तक फैला हुआ है और जिसे राजनीतिक व प्रशासनिक संरक्षण प्राप्त है।
सीबीआई जांच की माँग के बाद क्या होगा?
सरकार की ओर से अभी इस माँग पर आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। आने वाले दिनों में सत्ताधारी दल का रुख और प्रशासनिक कार्रवाई इस विवाद की दिशा तय करेगी।
राष्ट्र प्रेस
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