आईपीएल सट्टेबाजी सिंडिकेट: ईडी ने गुवाहाटी से दीपेश बजोरिया को किया गिरफ्तार, ₹28 करोड़ के लेन-देन का आरोप
सारांश
मुख्य बातें
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के गुवाहाटी जोनल ऑफिस-I ने 21 सितंबर 2026 को कथित अवैध क्रिकेट सट्टेबाजी सिंडिकेट से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में जू रोड, गुवाहाटी निवासी दीपेश बजोरिया को गिरफ्तार किया। एजेंसी के अनुसार, बजोरिया पर आरोप है कि वह असम और पूर्वोत्तर क्षेत्र में आईपीएल सीजन के दौरान संचालित कथित संगठित अवैध क्रिकेट सट्टेबाजी नेटवर्क में मुख्य बुकी की भूमिका निभा रहा था।
मामले की पृष्ठभूमि
ईडी के अनुसार, यह मामला मूल रूप से गुवाहाटी क्राइम ब्रांच में 11 अक्टूबर 2021 को दर्ज किया गया था। जाँच धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के तहत चल रही है। गौरतलब है कि यह मामला कई वर्षों तक जाँच के दायरे में रहा और अब गिरफ्तारी के साथ एक नए चरण में प्रवेश कर गया है।
सट्टेबाजी का तरीका और डिजिटल नेटवर्क
ईडी ने बताया कि बजोरिया कथित तौर पर सट्टेबाजों और पंटर्स से दाँव स्वीकार करने तथा उनके निपटारे के लिए ऑनलाइन सट्टेबाजी प्लेटफॉर्म और एन्क्रिप्टेड मैसेजिंग चैनलों का इस्तेमाल करता था। इस प्रकार के डिजिटल माध्यमों का उपयोग जाँच एजेंसियों के लिए वित्तीय सुराग खोजने की प्रक्रिया को जटिल बनाता है।
₹28 करोड़ से अधिक के संदिग्ध लेन-देन
जाँच के दौरान डीआरएम कोक नाम की एक पार्टनरशिप फर्म के बैंक खाते में हुए लेन-देन ईडी के रडार पर आए। एजेंसी के मुताबिक, बजोरिया ने स्वयं को इस फर्म का पार्टनर बताया है। 19 अप्रैल 2022 से 15 मई 2026 के बीच इस खाते में कथित तौर पर करीब ₹28.12 करोड़ जमा हुए और करीब ₹28.03 करोड़ की निकासी दर्ज की गई। ईडी का आरोप है कि इस खाते का इस्तेमाल कथित सट्टेबाजी की रकम को स्थानांतरित करने के लिए किया गया।
तलाशी में मिले दस्तावेज़ और डिजिटल साक्ष्य
इससे पहले 26 मई 2026 को पीएमएलए की धारा 17 के तहत बजोरिया से जुड़े परिसरों की तलाशी ली गई थी। तलाशी के दौरान संपत्ति से जुड़े दस्तावेज़, लग्जरी वाहनों से संबंधित रिकॉर्ड और ईमेल अकाउंट तथा मोबाइल उपकरणों से डिजिटल डेटा की इमेज ली गई। ईडी का कहना है कि इन साक्ष्यों और पीएमएलए की धारा 50 के तहत दर्ज बयानों की जाँच से कथित अपराध से प्राप्त रकम को हासिल करने, रखने, इस्तेमाल करने, स्थानांतरित करने और उसे बेदाग संपत्ति के रूप में पेश करने से जुड़े तथ्य सामने आए हैं।
अदालती कार्यवाही और आगे की जाँच
गिरफ्तारी के बाद बजोरिया को गुवाहाटी की सीबीआई अदालत के समक्ष पेश किया गया, जहाँ अदालत ने उसे आगे की जाँच के लिए छह दिन की ईडी हिरासत में भेज दिया। एजेंसी का कहना है कि मामले में जाँच अभी जारी है और कई व्यक्तियों तथा संस्थाओं के बीच वित्तीय लेन-देन, धन के स्रोत, उसकी आवाजाही और कथित वास्तविक लाभार्थियों की पड़ताल की जा रही है। आने वाले दिनों में इस मामले में और गिरफ्तारियाँ या संपत्ति कुर्की की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।