ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे तक चैन नहीं — राकेश सिन्हा का BJP की 'लोकतंत्र बचाओ' पदयात्रा पर तीखा वार
सारांश
मुख्य बातें
रांची में झारखंड कांग्रेस नेता राकेश सिन्हा ने 28 अक्टूबर 2026 को भारतीय जनता पार्टी (BJP) की 'लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ' पदयात्रा पर कड़ा हमला बोला और चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की माँग दोहराई। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा, 'जब तक ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा नहीं होगा, हम चैन से नहीं बैठेंगे।'
BJP की पदयात्रा पर तीखी प्रतिक्रिया
सिन्हा ने दावा किया कि BJP ने वोट चोरी कर लोकतंत्र को कमज़ोर किया है और इसी पार्टी का 'लोकतंत्र बचाने' की यात्रा निकालना एक विरोधाभास है। उनके अनुसार, 'चाहे एक पदयात्रा निकालें या 10 लाख, देश की जनता सच जान चुकी है।' उन्होंने इस पदयात्रा को देश के इतिहास में सबसे बड़ा राजनीतिक मजाक करार दिया।
बिहार MLC चुनाव में CCTV बंद होने का आरोप
सिन्हा ने बिहार के एमएलसी चुनावों का हवाला देते हुए कथित तौर पर दावा किया कि एक काउंटिंग सेंटर पर CCTV कैमरा बंद था। उनका आरोप है कि शिकायत के बावजूद चुनाव आयोग ने इस पर कोई संज्ञान नहीं लिया। यह दावा उनकी उस व्यापक चिंता का हिस्सा है जिसमें वे चुनावी पारदर्शिता पर सवाल उठाते रहे हैं।
MMDR बिल पर विशेष सत्र और ₹22,000 करोड़ के नुकसान की चेतावनी
कांग्रेस नेता ने एमएमडीआर (MMDR) बिल को लेकर कहा कि यह महज एक विधेयक नहीं, बल्कि झारखंड के 3.5 करोड़ लोगों के भविष्य का सवाल है। उनका दावा है कि इस बिल के लागू होने से राज्य को ₹22,000 करोड़ का नुकसान हो सकता है।
उन्होंने बताया कि इस बिल पर चर्चा को दबाने की कोशिश हो रही है, इसीलिए एक विशेष सत्र बुलाया गया है। सिन्हा ने BJP विधायकों से भी अपील की कि वे दलगत राजनीति से ऊपर उठकर राज्यहित में इस बिल का विरोध करें, क्योंकि राज्य का विकास सभी के लिए — चाहे वे किसी भी दल के हों — राजनीतिक भविष्य सुनिश्चित करता है।
1 नवंबर की INDIA ब्लॉक रैली
रामलीला मैदान में 1 नवंबर 2026 को प्रस्तावित INDIA ब्लॉक रैली के बारे में उन्होंने कहा कि सभी घटक दलों का समर्थन इस रैली को प्राप्त है। उन्होंने यह भी बताया कि झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने इस रैली में शामिल होने से मना नहीं किया है। सिन्हा को भरोसा है कि सभी प्रमुख घटक दलों के नेता इस रैली में उपस्थित रहेंगे।
सोनिया गांधी की किताब पर प्रतिक्रिया
कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी की आगामी किताब पर सिन्हा ने कहा कि जब यह किताब आम लोगों तक पहुँचेगी, तो पूरा देश उनके योगदान को सलाम करेगा। उन्होंने सोनिया गांधी को 'त्याग और तपस्या की प्रतिमूर्ति' बताते हुए दावा किया कि उनकी किताब देशवासियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी।
गौरतलब है कि यह बयान ऐसे समय आया है जब झारखंड में MMDR बिल को लेकर राजनीतिक तनाव चरम पर है और INDIA ब्लॉक एकजुटता दिखाने की कोशिश कर रहा है।