कटरा में वैष्णो देवी तीर्थयात्रियों को लूटने वाला मोबाइल चोर गिरोह गिरफ्तार, 22 फोन और ₹6 लाख का मंगलसूत्र बरामद
सारांश
मुख्य बातें
रियासी पुलिस ने 23 जुलाई 2026 को कटरा में सक्रिय एक संगठित मोबाइल चोरी गिरोह का भंडाफोड़ किया, जो श्री माता वैष्णो देवी मंदिर के तीर्थयात्रियों को निशाना बनाता था। इस कार्रवाई में पुलिस ने 22 चोरी के मोबाइल फोन और करीब ₹6 लाख मूल्य का एक टूटा हुआ मंगलसूत्र बरामद किया है।
मामले की शुरुआत कैसे हुई
13 जुलाई 2026 को पंजाब के लुधियाना स्थित भगवान नगर निवासी सपना रानी ने कटरा पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि कटरा के दर्शनी गेट के निकट उनका आईफोन 17 प्रो और सैमसंग गैलेक्सी ए23 चोरी हो गए। शिकायत के आधार पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत प्राथमिकी दर्ज कर जांच आरंभ की।
पहली गिरफ्तारी और खुलासा
जांच के दौरान कई संदिग्धों से पूछताछ के बाद 19 जुलाई को पुलिस ने मुख्य आरोपी केवल कुमार को गिरफ्तार किया। पूछताछ में केवल कुमार ने स्वीकार किया कि वह अपने साथियों क्रमात अली और अजय सिंह — दोनों कटरा निवासी — के साथ मिलकर तीर्थयात्रियों के मोबाइल फोन चोरी करता था। पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि क्रमात अली और अजय सिंह पहले से ही मोबाइल चोरी के एक अन्य मामले में गिरफ्तार होकर रियासी की सब जेल में बंद हैं।
केवल कुमार ने पुलिस को बताया कि वह चोरी किए गए मोबाइल फोन बेचकर नशीले पदार्थ खरीदता था। उसने करीब 25 मोबाइल फोन चोरी करने की बात कबूल की, जिनमें से पाँच फोन उसने विनय कुमार निवासी कटरा को बेचे थे। आरोपी की निशानदेही पर उसके घर से 17 चोरी के मोबाइल फोन और एक टूटा हुआ मंगलसूत्र बरामद किया गया।
दूसरी गिरफ्तारी और कुल बरामदगी
22 जुलाई को पुलिस ने विनय कुमार को भी गिरफ्तार किया। उसकी निशानदेही पर उसके घर से पाँच और चोरी के मोबाइल फोन बरामद किए गए। इस प्रकार कुल मिलाकर 22 मोबाइल फोन और एक मंगलसूत्र — जिनकी अनुमानित कीमत करीब ₹6 लाख बताई जा रही है — जब्त किए गए हैं।
तीर्थयात्रियों से अपील
रियासी पुलिस ने उन सभी तीर्थयात्रियों और आम नागरिकों से अपील की है, जिनके मोबाइल फोन या अन्य कीमती सामान कटरा यात्रा के दौरान चोरी हुए हों, वे कटरा पुलिस स्टेशन पहुँचकर स्वामित्व संबंधी दस्तावेज प्रस्तुत कर अपना सामान वापस प्राप्त करें।
आगे की जांच
पुलिस के अनुसार मामले की जांच अभी जारी है और बरामद सामान के असली मालिकों की पहचान की जा रही है। अधिकारियों ने संकेत दिया है कि इस मामले में आगे और गिरफ्तारियाँ तथा बरामदगी होने की संभावना है। यह कार्रवाई रियासी पुलिस की संपत्ति अपराधों के विरुद्ध चल रही मुहिम का हिस्सा है।