विश्व पर्यावरण दिवस पर झारखंड में BJP का 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान, प्रदेशभर में पौधारोपण
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने 5 जून 2025 को विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर झारखंड के सभी मंडलों में 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान के तहत व्यापक पौधारोपण कार्यक्रम आयोजित किए। पार्टी के प्रदेश नेतृत्व से लेकर बूथ स्तर तक के कार्यकर्ताओं ने इस अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाई।
मुख्य घटनाक्रम
BJP के प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने रांची के पूर्वी जिले के ओरमांझी प्रखंड अंतर्गत कुच्चू मंडल स्थित सरस्वती शिशु मंदिर, कुल्ही में वृक्षारोपण किया। नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने रांची महानगर के गोंदा मंडल स्थित रॉक गार्डन परिसर में पौधे लगाए।
संगठन महामंत्री कर्मवीर सिंह ने हरमू मंडल में आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लिया। पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा ने खूंटी और रांची ग्रामीण क्षेत्र में, रघुवर दास ने जगन्नाथपुर में, BJP नेता चंपई सोरेन ने सरायकेला-खरसावां जिले के गम्हरिया में, तथा पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा ने पश्चिमी सिंहभूम के जगन्नाथपुर में वृक्षारोपण किया।
वरिष्ठ नेताओं की भागीदारी
केंद्रीय मंत्री अन्नपूर्णा देवी, सांसद संजय सेठ, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष दीपक प्रकाश, अभयकांत प्रसाद, रविंद्र राय और यदुनाथ पांडेय सहित पार्टी के अनेक वरिष्ठ नेताओं ने विभिन्न स्थानों पर पौधे रोपे। पार्टी के सांसदों, विधायकों, जिला पदाधिकारियों और मंडल स्तर के कार्यकर्ताओं ने भी इस अभियान को व्यापक जन-भागीदारी दी।
नेताओं के वक्तव्य
प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने कहा कि इस पर्यावरण संरक्षण अभियान में सहभागिता से 'हरित, स्वच्छ और समृद्ध भारत' के निर्माण में योगदान का अवसर मिला है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पर्यावरण संरक्षण, हरित विकास और सतत जीवनशैली को जनआंदोलन का रूप देने की दिशा में निरंतर प्रयास हो रहे हैं। उन्होंने नागरिकों से एक पेड़ लगाकर स्वच्छ और स्वस्थ पर्यावरण के निर्माण का संकल्प लेने का आह्वान किया।
बाबूलाल मरांडी ने कहा कि स्वच्छ पर्यावरण, शुद्ध वायु और हरित भविष्य आने वाली पीढ़ियों के लिए सबसे बड़ी धरोहर है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पर्यावरण संरक्षण केवल सरकार या संस्थाओं की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक का साझा दायित्व है।
संगठन महामंत्री कर्मवीर सिंह ने कहा कि यह अभियान प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी और माँ के प्रति सम्मान व्यक्त करने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के आह्वान पर शुरू हुआ यह अभियान अब जनआंदोलन का रूप ले चुका है।
आगे की राह
यह अभियान प्रधानमंत्री मोदी की उस व्यापक पहल का हिस्सा है जो पर्यावरण संरक्षण को राजनीतिक सक्रियता से जोड़ती है। झारखंड जैसे वन-समृद्ध राज्य में इस तरह के अभियान की प्रासंगिकता और भी अधिक है, जहाँ वनावरण संरक्षण सामाजिक और आर्थिक स्थिरता दोनों के लिए महत्त्वपूर्ण है।