झारखंड में JPSC छात्रों पर लाठीचार्ज: संसद में हंगामा, कांग्रेस ने अमित शाह से माँगा जवाब
सारांश
मुख्य बातें
झारखंड में जेपीएससी (JPSC) परीक्षार्थियों पर हुए लाठीचार्ज का मुद्दा 11 अगस्त को संसद में तीखी बहस का केंद्र बन गया। भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (कांग्रेस) ने गृह मंत्री अमित शाह और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सदन में उपस्थित होकर जवाब देने की माँग की, जबकि भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने झारखंड सरकार की कार्रवाई की निंदा करते हुए विपक्ष पर छात्रों के नाम पर राजनीति करने का आरोप लगाया।
मुख्य घटनाक्रम
झारखंड में जेपीएससी की माँगों को लेकर छात्र विधानसभा का घेराव करने निकले थे। पुलिस ने उन्हें रोकने के लिए लाठीचार्ज किया और आँसू गैस के गोले दागे। यह घटना सड़क से संसद तक चर्चा का विषय बन गई। गौरतलब है कि झारखंड में झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) के नेतृत्व वाली गठबंधन सरकार सत्ता में है।
कांग्रेस की माँग: सदन में आएँ मोदी और शाह
कांग्रेस सांसद तारिक अनवर ने कहा, 'उम्मीद करते हैं कि गृह मंत्री अमित शाह और प्रधानमंत्री मोदी लोकसभा और राज्यसभा में अपना दर्शन देंगे। यह माँग विपक्ष की ओर से लगातार हो रही है। मुझे इस बात पर हैरानी होती है कि लोकसभा जो देश की सबसे बड़ी पंचायत है, वहाँ पर पीएम मोदी और गृहमंत्री शाह को आने में आखिर क्या संकोच है।'
अनवर ने यह भी कहा, 'लोकतंत्र में प्रधानमंत्री, गृह मंत्री या फिर कोई विपक्ष का नेता हो, कोई भी हो, उसका सदन के प्रति कुछ दायित्व है और उनका सदन में आना आवश्यक है।' यह ऐसे समय में आया है जब संसद सत्र के दौरान विपक्ष लगातार सरकार को कठघरे में खड़ा करने की कोशिश कर रहा है।
BJP की प्रतिक्रिया: झारखंड सरकार की निंदा, विपक्ष पर पलटवार
BJP सांसद जनार्दन सिंह सिग्रीवाल ने लाठीचार्ज की कड़ी निंदा की। उन्होंने कहा, 'झारखंड में छात्रों के साथ गलत हो रहा है। छात्र वहाँ पर सही माँग के साथ धरना दे रहे हैं। वे शांतिपूर्ण धरना दे रहे हैं।' सिग्रीवाल ने आरोप लगाया कि 'शांतिपूर्ण प्रदर्शन के बावजूद राज्य सरकार ने बल प्रयोग किया और छात्रों पर बर्बरतापूर्वक आँसू गैस के गोले दागे।' उन्होंने माँग की कि सरकार तुरंत छात्रों से वार्ता कर उनकी माँगें माने।
वहीं BJP नेता रोहन गुप्ता ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा, 'छात्रों के नाम पर राजनीति करने वालों की पोल छात्रों ने ही खोलकर रख दी है।' उन्होंने सवाल उठाया कि इस समय राहुल गांधी कहाँ हैं और क्या सिर्फ बयानों से काम चलेगा। गुप्ता ने कहा, 'छात्रों को सिर्फ सहानुभूति नहीं बल्कि निर्णायक कार्रवाई से मतलब है।'
आम जनता और छात्रों पर असर
झारखंड में जेपीएससी परीक्षा से जुड़े हज़ारों अभ्यर्थी लंबे समय से अपनी माँगों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं। लाठीचार्ज की घटना ने छात्र समुदाय में रोष बढ़ाया है। आलोचकों का कहना है कि राज्य सरकार और केंद्र, दोनों की ओर से ठोस समाधान की कमी ने स्थिति को और उलझा दिया है।
आगे क्या होगा
संसद में यह मुद्दा अभी और गर्माने की संभावना है। कांग्रेस की माँग है कि गृह मंत्री और प्रधानमंत्री सदन में स्थिति स्पष्ट करें, जबकि BJP झारखंड सरकार पर दबाव बनाए रखने की रणनीति पर है। छात्र संगठनों ने संकेत दिए हैं कि जब तक माँगें नहीं मानी जातीं, आंदोलन जारी रहेगा।