झारखंड राज्यसभा चुनाव 2025: दो सीटों पर मतदान संपन्न, शाम 5 बजे मतगणना
सारांश
मुख्य बातें
झारखंड से राज्यसभा की दो सीटों के लिए 18 जून 2025 को रांची स्थित विधानसभा परिसर में मतदान शांतिपूर्वक संपन्न हो गया। तीन उम्मीदवारों — इंडिया गठबंधन की ओर से झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के बैजनाथ राम व कांग्रेस के प्रणव झा, और एनडीए समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार परिमल नाथवानी — के बीच इस चुनावी मुकाबले के नतीजे शाम 5 बजे मतगणना के बाद सामने आएंगे। दोनों खेमों ने जीत का दावा किया है।
मतदान का घटनाक्रम
विधानसभा परिसर में सुबह से ही राजनीतिक सरगर्मी चरम पर रही। एनडीए के सभी 24 विधायक एक साथ बस में सवार होकर विधानसभा पहुँचे — एकजुटता का स्पष्ट संदेश देते हुए। इंडिया गठबंधन के विधायकों ने सुबह 9 बजे से दोपहर 2 बजे के बीच अलग-अलग समय पर पहुँचकर मतदान किया।
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन अपनी पत्नी कल्पना सोरेन के साथ विधानसभा पहुँचे। अंतिम वोट झामुमो विधायक सुदिव्य कुमार ने डाला। मतदान के बाद एनडीए के कई विधायकों ने परिसर में विक्ट्री साइन दिखाकर जीत का भरोसा जताया।
दोनों खेमों के दावे
एनडीए समर्थित उम्मीदवार परिमल नाथवानी ने कहा कि उन्हें सभी विधायकों पर पूरा भरोसा है और यदि अवसर मिला तो वे राज्य के विकास के लिए पहले की तरह काम करते रहेंगे। उन्होंने दावा किया कि विभिन्न दलों के विधायकों का समर्थन उनके साथ है।
दूसरी ओर, इंडिया गठबंधन की मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने दावा किया कि दोनों सीटें गठबंधन के खाते में जाएंगी। उन्होंने कहा कि गठबंधन के सभी विधायक एकजुट हैं और संख्या बल उनके पक्ष में है। मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने भी कहा कि झारखंड अपनी राजनीतिक गरिमा और एकजुटता बनाए रखेगा।
चुनावी गणित और पृष्ठभूमि
वोटों के गणित के अनुसार, पहली सीट पर झामुमो के बैजनाथ राम की जीत लगभग तय मानी जा रही है। दूसरी सीट पर कांग्रेस के प्रणव झा और एनडीए समर्थित परिमल नाथवानी के बीच कड़ी टक्कर बताई जा रही है। गौरतलब है कि चुनाव से पहले कई दिनों तक क्रॉस वोटिंग की आशंकाओं को लेकर दोनों पक्षों में लगातार बैठकों का दौर चला।
भारतीय जनता पार्टी (BJP) और उसके सहयोगी दलों के विधायक रांची के एक होटल में ठहरे हुए थे, जबकि कांग्रेस ने भी अपने विधायकों को एकजुट रखने के लिए अलग रणनीति अपनाई। यह वही रणनीति है जो हाल के वर्षों में कई राज्यसभा चुनावों में देखी गई है, जहाँ 'विधायक प्रबंधन' परिणाम को प्रभावित करने वाला निर्णायक कारक बन जाता है।
आगे क्या
मतगणना शाम 5 बजे से शुरू होगी और परिणाम उसी दिन घोषित होने की संभावना है। यह परिणाम न केवल राज्यसभा की दो सीटों का फैसला करेगा, बल्कि झारखंड में गठबंधन की आंतरिक एकजुटता और एनडीए की विपक्षी रणनीति की परीक्षा भी होगी।