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केएमसी कमिश्नर स्मिता पांडे का बड़ा बयान: बेलेघाटा बुलडोजर कार्रवाई कानूनी, नोटिस किसी पार्टी से नहीं जुड़ा

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केएमसी कमिश्नर स्मिता पांडे का बड़ा बयान: बेलेघाटा बुलडोजर कार्रवाई कानूनी, नोटिस किसी पार्टी से नहीं जुड़ा

सारांश

कोलकाता में केएमसी का बुलडोजर अभियान सिर्फ प्रशासनिक कदम नहीं रहा — यह राजनीतिक तूफान बन गया। कमिश्नर स्मिता पांडे ने कार्रवाई को पूरी तरह कानूनी और गैर-राजनीतिक बताया, लेकिन TMC-BJP की तीखी जुबानी जंग ने इसे बंगाल की सत्ता-राजनीति के केंद्र में ला खड़ा किया।

मुख्य बातें

केएमसी कमिश्नर स्मिता पांडे ने बेलेघाटा में राजू नस्कर के दो मकान ढहाने की कार्रवाई को पूरी तरह कानूनी प्रक्रिया के अनुरूप बताया।
कमिश्नर ने स्पष्ट किया कि जारी नोटिस व्यक्तिगत हैं और किसी भी राजनीतिक दल से उनका कोई संबंध नहीं है।
रविवार को एक साथ छह स्थानों पर अवैध निर्माण-विरोधी अभियान चलाया गया।
केएमसी कोलकाता में अवैध निर्माणों का डेटाबेस तैयार कर रही है; कई मामले न्यायालय में लंबित हैं।
TMC ने कार्रवाई को राजनीतिक प्रतिशोध बताया, जबकि BJP ने केएमसी के फैसले का स्वागत किया।

कोलकाता म्युनिसिपल कॉरपोरेशन (KMC) की कमिश्नर स्मिता पांडे ने 25 मई 2025 को स्पष्ट किया कि बेलेघाटा क्षेत्र में अवैध निर्माणों के खिलाफ चलाए जा रहे बुलडोजर अभियान के तहत जारी नोटिस पूरी तरह व्यक्तिगत हैं और उनका किसी भी राजनीतिक दल से कोई संबंध नहीं है। राजू नस्कर के दो मकानों को ढहाए जाने की कार्रवाई को उन्होंने पूर्णतः कानूनी प्रक्रिया के अनुरूप बताया।

मुख्य घटनाक्रम

केएमसी कमिश्नर स्मिता पांडे ने कहा, 'यहाँ पर कई अवैध निर्माण हैं — एक ही नहीं, उसके बगल में भी कई अवैध निर्माण मौजूद हैं। हमने अपना पूरा प्रोसीजर फॉलो किया है। नोटिस जारी किया गया था और सुनवाई का भी पर्याप्त मौका दिया गया। कार्रवाई में कोई बाधा नहीं आई।' उन्होंने यह भी बताया कि मौके पर पुलिस बल सहायता के लिए तैनात था और कार्रवाई के विरुद्ध कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुई।

गौरतलब है कि बेलेघाटा इलाके में अवैध निर्माणों को लेकर लंबे समय से शिकायतें दर्ज होती रही हैं। केएमसी अधिकारियों के अनुसार, इन्हीं शिकायतों के आधार पर विधिसम्मत प्रक्रिया अपनाते हुए कार्रवाई शुरू की गई।

कार्रवाई का दायरा

कमिश्नर पांडे ने बताया कि रविवार को एक साथ छह स्थानों पर अभियान जारी रहा। उन्होंने कहा, 'कोलकाता में बहुत सारे अवैध निर्माण हैं, जिनका हम डेटाबेस तैयार कर रहे हैं। कुछ जगहों पर पहले भी नोटिस दिए जा चुके हैं, जबकि कई मामले न्यायालय में लंबित हैं।' उन्होंने स्पष्ट किया कि जहाँ अदालती बाधाएँ नहीं हैं, वहाँ केएमसी निश्चित रूप से कार्रवाई करेगी।

राजनीतिक प्रतिक्रिया

इस बुलडोजर अभियान और तृणमूल कांग्रेस (TMC) नेता अभिषेक बनर्जी को नोटिस दिए जाने के बाद TMC और भारतीय जनता पार्टी (BJP) के बीच तीखी राजनीतिक बहस छिड़ गई है। TMC ने इस कार्रवाई को राजनीतिक प्रतिशोध करार दिया है, जबकि BJP ने केएमसी के फैसले का स्वागत किया है। यह ऐसे समय में आया है जब पश्चिम बंगाल में दोनों दलों के बीच पहले से ही तनाव बना हुआ है।

आम जनता पर असर

अवैध निर्माण-विरोधी यह अभियान कोलकाता के उन निवासियों के लिए महत्त्वपूर्ण है जो दशकों से अनधिकृत संरचनाओं के कारण नागरिक सुविधाओं और सुरक्षा से जुड़ी समस्याओं का सामना कर रहे हैं। केएमसी द्वारा तैयार किया जा रहा डेटाबेस भविष्य में इस तरह की कार्रवाइयों को व्यवस्थित रूप देने में सहायक होगा।

क्या होगा आगे

कमिश्नर स्मिता पांडे ने संकेत दिया कि आने वाले दिनों में अन्य अवैध निर्माणों के विरुद्ध भी सख्त कदम उठाए जाएंगे। न्यायालय में लंबित मामलों में अदालती आदेशों का पालन करते हुए केएमसी अपनी कार्रवाई जारी रखेगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

और डेटाबेस तैयार करने की बात सराहनीय है, लेकिन यह भी देखना होगा कि अभियान केवल विपक्षी नेताओं के इलाकों तक सीमित रहता है या सत्तापक्ष से जुड़े निर्माणों तक भी पहुँचता है। बिना पारदर्शी और समान प्रवर्तन के, यह अभियान चुनिंदा न्याय का आरोप झेलता रहेगा।
RashtraPress
9 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

केएमसी ने बेलेघाटा में बुलडोजर कार्रवाई क्यों की?
केएमसी अधिकारियों के अनुसार, बेलेघाटा इलाके में अवैध निर्माणों को लेकर लंबे समय से शिकायतें आ रही थीं। इन्हीं शिकायतों के आधार पर नोटिस जारी किए गए, सुनवाई का मौका दिया गया और उसके बाद कानूनी प्रक्रिया का पालन करते हुए राजू नस्कर के दो मकान ढहाए गए।
क्या केएमसी की यह कार्रवाई राजनीतिक है?
केएमसी कमिश्नर स्मिता पांडे ने स्पष्ट रूप से कहा है कि जारी नोटिस पूरी तरह व्यक्तिगत हैं और किसी भी राजनीतिक दल से उनका कोई संबंध नहीं है। हालाँकि, TMC ने इसे राजनीतिक प्रतिशोध बताया है जबकि BJP ने इसका स्वागत किया है।
अभिषेक बनर्जी को केएमसी नोटिस क्यों मिला?
स्रोत के अनुसार, अभिषेक बनर्जी को भी केएमसी की ओर से नोटिस दिया गया है, जिसके बाद TMC और BJP के बीच विवाद तेज हो गया। हालाँकि, नोटिस के विशिष्ट कारणों का विस्तृत ब्यौरा केएमसी ने सार्वजनिक रूप से नहीं दिया है।
कोलकाता में अवैध निर्माण के खिलाफ आगे क्या कदम उठाए जाएंगे?
केएमसी कमिश्नर ने बताया कि कोलकाता में अवैध निर्माणों का डेटाबेस तैयार किया जा रहा है और जहाँ अदालती बाधाएँ नहीं हैं, वहाँ आने वाले दिनों में भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। न्यायालय में लंबित मामलों में अदालती आदेशों का पालन किया जाएगा।
केएमसी बुलडोजर अभियान में पुलिस की क्या भूमिका रही?
कमिश्नर स्मिता पांडे के अनुसार, कार्रवाई के दौरान पुलिस बल केएमसी की सहायता के लिए मौके पर तैनात था। उन्होंने यह भी बताया कि पुलिस की कार्रवाई के विरुद्ध कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुई है।
राष्ट्र प्रेस
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