नंदीग्राम उपचुनाव: उदित राज का BJP पर वार — 'सहयोगियों को निगल जाती है भाजपा'
सारांश
मुख्य बातें
कांग्रेस नेता उदित राज ने 18 सितंबर 2026 को नंदीग्राम विधानसभा उपचुनाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) और चुनावी प्रक्रिया पर तीखे सवाल उठाए। उन्होंने तृणमूल कांग्रेस (TMC) उम्मीदवार की नामांकन वापसी और कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान की गिरफ्तारी को लोकतंत्र विरोधी कृत्य बताया। साथ ही उन्होंने BJP पर आरोप लगाया कि वह अपने गठबंधन सहयोगियों को धीरे-धीरे खत्म कर देती है।
मुख्य आरोप और बयान
उदित राज ने कहा, 'हमारी पार्टी के जनरल सेक्रेटरी वेणुगोपाल ने लिखा है कि जिस तरह से TMC का चुनाव चिह्न जब्त किया गया, वह बहुत ही अलोकतांत्रिक है। और यह 'लिफाफा' वाला मामला क्या है? नंदीग्राम की तरह ही, TMC के उम्मीदवार पर दबाव, लालच या डर का इस्तेमाल किया गया होगा, जिससे वे पीछे हट गए। इससे पता चलता है कि देश में लोकतंत्र खत्म हो गया है।'
गौरतलब है कि TMC उम्मीदवार के नाम वापसी और कांग्रेस उम्मीदवार की गिरफ्तारी — दोनों घटनाएँ एक ही उपचुनाव से जुड़ी हैं, जिसे विपक्षी दल गंभीरता से ले रहे हैं।
मिलन प्रधान की गिरफ्तारी पर प्रतिक्रिया
कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान की गिरफ्तारी पर उदित राज ने कहा कि यह घटना इस बात को पुष्ट करती है कि TMC उम्मीदवार को पीछे हटने के लिए मजबूर किया गया। उनका तर्क था कि जो नहीं हटा, उसे गिरफ्तार कर लिया गया। उनके अनुसार, यदि कांग्रेस उम्मीदवार भी चुनाव से बाहर रहने को तैयार हो जाता, तो उसे गिरफ्तार नहीं किया जाता। उन्होंने इसे 'पूरी तरह अलोकतांत्रिक' करार दिया।
BJP पर सहयोगियों को समाप्त करने का आरोप
उदित राज ने ऐतिहासिक उदाहरण देते हुए कहा कि BJP ने शिवसेना, अकाली दल और बीजद जैसे सहयोगी दलों के साथ यही किया — जब तक BJP छोटी थी, इन्हें साथ रखा, और बड़ी होने पर इन्हें कमज़ोर कर दिया। उन्होंने कहा कि जनता दल यूनाइटेड (JDU) और शिवसेना पहले बड़ी पार्टियाँ थीं, लेकिन अब इनकी स्थिति कमज़ोर हो चुकी है। यह ऐसे समय में आया है जब गठबंधन राजनीति की विश्वसनीयता पर राष्ट्रीय बहस तेज़ हो रही है।
उन्होंने कांग्रेस और BJP के गठबंधन इतिहास की तुलना करते हुए दावा किया कि कांग्रेस ने राष्ट्रीय जनता दल (RJD), समाजवादी पार्टी (SP) या किसी भी सहयोगी के साथ ऐसा नहीं किया — वह हमेशा छोटी रही, लेकिन उसने सहयोगियों को नहीं निगला।
पंजाब की कानून-व्यवस्था पर निशाना
उदित राज ने पंजाब की स्थिति पर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि पंजाब में कानून-व्यवस्था 'दयनीय' है, राज्य नशे में डूबा हुआ है और राज्य सरकार दिल्ली से संचालित हो रही है। आलोचकों का कहना है कि यह बयान आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार पर परोक्ष हमला है।
राजनीतिक संदर्भ
नंदीग्राम विधानसभा उपचुनाव पश्चिम बंगाल की राजनीति में संवेदनशील रहा है। इस सीट से पहले भी हाई-प्रोफाइल चुनावी मुकाबले हो चुके हैं। कांग्रेस का यह बयान उस व्यापक विपक्षी रणनीति का हिस्सा प्रतीत होता है, जिसमें BJP पर चुनावी प्रक्रिया को प्रभावित करने के आरोप लगाए जा रहे हैं। आगे देखना होगा कि चुनाव आयोग (ECI) इन आरोपों पर कोई संज्ञान लेता है या नहीं।