2023 रामनवमी हिंसा: एनआईए ने तृणमूल पार्षद शाकिर अली को रिशरा से किया गिरफ्तार
सारांश
मुख्य बातें
राष्ट्रीय जाँच एजेंसी (एनआईए) ने मंगलवार, 30 जून 2026 को हुगली जिले के रिशरा से तृणमूल कांग्रेस (TMC) के पार्षद शाकिर अली को गिरफ्तार किया। शाकिर, TMC की पूर्व दो बार की सांसद अपरूपा पोद्दार के पति हैं और उन पर 2023 के रामनवमी जुलूस के दौरान भड़की हिंसा में कथित भूमिका का आरोप है। यह गिरफ्तारी उस मामले में हुई जो मूलतः स्थानीय पुलिस ने दर्ज किया था और बाद में एनआईए को सौंप दिया गया।
मुख्य घटनाक्रम
एनआईए अधिकारियों ने केंद्रीय रिज़र्व पुलिस बल (CRPF) के जवानों के साथ मंगलवार को रिशरा में शाकिर अली के घर पर छापा मारा। छापे के समय शाकिर घर पर मौजूद थे और उन्हें तत्काल हिरासत में ले लिया गया। जाँच एजेंसी के पहुँचते ही घर के बाहर भीड़ जमा हो गई।
शाकिर अली रिशरा नगर पालिका के वार्ड नंबर 4 से TMC पार्षद हैं। एनआईए के अनुसार, 2023 में रिशरा में रामनवमी जुलूस के दौरान हुई सांप्रदायिक गड़बड़ी की जाँच के सिलसिले में यह कार्रवाई की गई।
भाजपा का आरोप
भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने शुरू से आरोप लगाया था कि रिशरा में रामनवमी के दौरान भड़की हिंसा पार्षद शाकिर अली के उकसावे पर हुई थी। गिरफ्तारी के बाद BJP ने इसे अपने रुख की पुष्टि बताया। हालाँकि, शाकिर की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
अपरूपा पोद्दार और TMC का संदर्भ
उल्लेखनीय है कि TMC ने 2024 के लोकसभा चुनावों में दो बार की सांसद अपरूपा पोद्दार को टिकट नहीं दिया था। पोद्दार ने खुलकर नाराज़गी जताई थी और कहा था कि उन्हें टिकट न मिलने की वजह उनके पास पर्याप्त धन का न होना था। उन्होंने यह भी कहा था कि वह मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के साथ एक आम TMC कार्यकर्ता के रूप में बनी रहेंगी। इस पारिवारिक पृष्ठभूमि के बीच शाकिर की गिरफ्तारी TMC के लिए राजनीतिक रूप से संवेदनशील मानी जा रही है।
सेरामपुर में दूसरी गिरफ्तारी
इसी दिन एक अलग मामले में सेरामपुर पुलिस ने सुदर्शन बार को गिरफ्तार किया, जो पियारापुर ग्राम पंचायत के प्रभावशाली सदस्य और सेरामपुर से TMC सांसद कल्याण बनर्जी के करीबी सहयोगी बताए जाते हैं। BJP विधायक दिलीप सिंह ने आरोप लगाया है कि सुदर्शन पर पार्टी कार्यकर्ताओं से मारपीट, जमीन पर जबरदस्ती कब्जा, पंचायत में भ्रष्टाचार और नेशनल हाईवे 19 के किनारे फैक्ट्री निर्माण से जुड़ी जबरन वसूली जैसे कई आरोप हैं। गिरफ्तार सुदर्शन को सेरामपुर कोर्ट में पेश किया जाएगा।
आगे क्या होगा
शाकिर अली की गिरफ्तारी के बाद एनआईए उनसे 2023 रामनवमी हिंसा मामले में विस्तृत पूछताछ करेगी। यह मामला पश्चिम बंगाल में सांप्रदायिक हिंसा की जाँच के व्यापक संदर्भ में महत्वपूर्ण है, जहाँ केंद्रीय एजेंसियों और राज्य सरकार के बीच अधिकार क्षेत्र को लेकर तनाव पहले भी देखा जा चुका है।