15 अगस्त 2026
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ओडिशा सीएम माझी का स्वतंत्रता दिवस पर बड़ा ऐलान: सिविल सेवा प्रयास सीमा खत्म, कक्षा 9-10 को मुफ्त किताबें

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ओडिशा सीएम माझी का स्वतंत्रता दिवस पर बड़ा ऐलान: सिविल सेवा प्रयास सीमा खत्म, कक्षा 9-10 को मुफ्त किताबें

सारांश

ओडिशा के सीएम मोहन चरण माझी ने स्वतंत्रता दिवस पर तीन बड़े दांव खेले — सिविल सेवा में प्रयास सीमा खत्म, कक्षा 9-10 को मुफ्त किताबें, और 18 नए कॉलेज। ये घोषणाएँ BJP सरकार के दो साल पूरे होने के मौके पर आई हैं और शिक्षा व युवा रोज़गार को केंद्र में रखती हैं।

मुख्य बातें

ओडिशा सिविल सेवा परीक्षा में अधिकतम छह प्रयासों की सीमा समाप्त ; अब उम्मीदवार ऊपरी आयु सीमा तक परीक्षा दे सकेंगे।
कक्षा 9 और 10 के छात्रों को अब मुफ्त पाठ्यपुस्तकें मिलेंगी; पहले यह सुविधा केवल कक्षा 8 तक थी।
दूरस्थ जिलों में 18 नए सरकारी कॉलेज और राज्य में 4 नए विश्वविद्यालय स्थापित होंगे।
सीएम माझी ने स्पष्ट किया कि धान खरीद के लिए एग्री-स्टैक पंजीकरण अनिवार्य नहीं; पी-पीएएस पंजीकरण पूर्ववत जारी रहेगा।
राज्य सरकार औद्योगिक निवेश के ज़रिए युवाओं के लिए रोज़गार के अवसर बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध।

ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने 15 अगस्त 2026 को स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर भुवनेश्वर में दिए गए अपने संबोधन में कई अहम घोषणाएँ कीं — जिनमें ओडिशा सिविल सेवा परीक्षा में अधिकतम छह प्रयासों की सीमा को समाप्त करना और कक्षा 9 व 10 के छात्रों को मुफ्त पाठ्यपुस्तकें देना शामिल है। शिक्षा, युवा रोज़गार और कृषि क्षेत्र को केंद्र में रखकर की गई ये घोषणाएँ राज्य सरकार की प्राथमिकताओं को रेखांकित करती हैं।

स्वतंत्रता सेनानियों को श्रद्धांजलि और ओडिशा का गौरवशाली इतिहास

मुख्यमंत्री माझी ने अपने संबोधन की शुरुआत महात्मा गांधी, नेताजी सुभाष चंद्र बोस और भगत सिंह सहित देश के स्वतंत्रता सेनानियों को भावभीनी श्रद्धांजलि देकर की। उन्होंने कहा कि भारत का स्वतंत्रता संग्राम केवल संघर्ष की कहानी नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण की दिशा में उठाया गया पहला कदम था।

माझी ने ओडिशा के ऐतिहासिक विद्रोहों का विशेष उल्लेख किया — जिनमें एराम का रक्ततीर्थ, घुमुसर विद्रोह, प्रजा मंडल आंदोलन, कंधा विद्रोह, संबलपुर विद्रोह, क्योंझर का भुयान विद्रोह और कोरापुट के आदिवासी विद्रोह शामिल हैं। यह उल्लेख ओडिशा की स्वतंत्रता संग्राम में भागीदारी को राष्ट्रीय विमर्श में स्थापित करने का प्रयास था।

शिक्षा क्षेत्र में प्रमुख घोषणाएँ

मुख्यमंत्री ने बताया कि अब तक राज्य के स्कूलों में केवल कक्षा 8 तक के छात्रों को मुफ्त पाठ्यपुस्तकें मिलती थीं। अब यह सुविधा कक्षा 9 और 10 के विद्यार्थियों तक भी विस्तारित की जाएगी।

इसके अतिरिक्त, राज्य सरकार ने दूरस्थ जिलों में 18 नए सरकारी कॉलेज और 4 नए विश्वविद्यालय स्थापित करने का निर्णय लिया है। यह कदम उच्च शिक्षा तक पहुँच बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है, विशेषकर उन क्षेत्रों के लिए जहाँ शैक्षणिक संस्थाओं की कमी रही है।

सिविल सेवा परीक्षा: प्रयास सीमा समाप्त

युवाओं के लिए सबसे बड़ी घोषणा यह रही कि ओडिशा सिविल सेवा परीक्षा में अधिकतम छह प्रयासों की सीमा अब समाप्त कर दी गई है। मुख्यमंत्री माझी ने कहा कि अब उम्मीदवार निर्धारित ऊपरी आयु सीमा तक परीक्षा में बैठ सकेंगे। यह बदलाव उन हज़ारों अभ्यर्थियों के लिए राहत लेकर आया है जो प्रयास सीमा के कारण परीक्षा से वंचित हो जाते थे।

किसानों के लिए स्पष्टीकरण और आश्वासन

मुख्यमंत्री ने धान खरीद को लेकर किसानों में फैली भ्रांतियों को दूर करते हुए स्पष्ट किया कि एग्री-स्टैक पंजीकरण और पी-पीएएस पंजीकरण दो अलग-अलग प्रक्रियाएँ हैं और धान खरीद कार्यक्रम पूर्ववत पी-पीएएस पंजीकरण के आधार पर ही संचालित होगा। उन्होंने किसानों की आय दोगुनी करने के लक्ष्य को राज्य के आर्थिक विकास से जोड़ते हुए कृषि क्षेत्र में सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।

युवा रोज़गार और औद्योगिक निवेश

माझी ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य सरकार औद्योगिक निवेश को बढ़ावा देकर रोज़गार के पर्याप्त अवसर सृजित करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने देश और विदेश में सक्रिय कुछ स्वार्थी समूहों द्वारा भारतीय युवाओं को गुमराह करने के प्रयासों पर चिंता भी व्यक्त की।

गौरतलब है कि यह संबोधन ऐसे समय में आया है जब ओडिशा में भारतीय जनता पार्टी (BJP) की सरकार को दो वर्ष पूरे हो रहे हैं। मुख्यमंत्री माझी ने कहा कि उनकी सरकार एक समृद्ध और विकसित ओडिशा के निर्माण के लिए समर्पित रूप से कार्य कर रही है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली सवाल यह है कि क्या राज्य में रिक्तियों की संख्या भी उसी अनुपात में बढ़ेगी — वरना यह कदम प्रतिस्पर्धा को और तीव्र कर सकता है। 18 नए कॉलेजों और 4 विश्वविद्यालयों की घोषणा महत्वाकांक्षी है, लेकिन ओडिशा में पहले से स्थापित कई सरकारी कॉलेज शिक्षकों की कमी और बुनियादी ढाँचे की समस्याओं से जूझ रहे हैं। किसानों को एग्री-स्टैक को लेकर दिया गया स्पष्टीकरण ज़रूरी था, परंतु यह भी दर्शाता है कि ज़मीनी स्तर पर संवाद की खाई अभी पाटी नहीं गई है।
RashtraPress
15 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

ओडिशा सिविल सेवा परीक्षा में प्रयास सीमा हटाने का क्या मतलब है?
अब ओडिशा सिविल सेवा परीक्षा में अधिकतम छह प्रयासों की पुरानी सीमा समाप्त कर दी गई है। उम्मीदवार निर्धारित ऊपरी आयु सीमा तक जितनी बार चाहें परीक्षा दे सकेंगे, जिससे उन अभ्यर्थियों को सीधा लाभ मिलेगा जो पहले प्रयास सीमा के कारण अयोग्य हो जाते थे।
ओडिशा में कक्षा 9 और 10 के छात्रों को मुफ्त पाठ्यपुस्तकें कब से मिलेंगी?
मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने 15 अगस्त 2026 को स्वतंत्रता दिवस पर इसकी घोषणा की। पहले यह सुविधा केवल कक्षा 8 तक के छात्रों को मिलती थी; अब इसे कक्षा 9 और 10 तक विस्तारित किया गया है।
ओडिशा में कितने नए कॉलेज और विश्वविद्यालय खुलेंगे?
राज्य सरकार ने दूरस्थ जिलों में 18 नए सरकारी कॉलेज और पूरे राज्य में 4 नए विश्वविद्यालय स्थापित करने की घोषणा की है। इसका उद्देश्य उच्च शिक्षा को उन क्षेत्रों तक पहुँचाना है जहाँ अब तक संस्थानों की कमी रही है।
धान खरीद के लिए एग्री-स्टैक पंजीकरण ज़रूरी है या नहीं?
सीएम माझी ने स्पष्ट किया कि धान खरीद के लिए एग्री-स्टैक पंजीकरण और पी-पीएएस पंजीकरण अलग-अलग प्रक्रियाएँ हैं। धान खरीद कार्यक्रम पूर्ववत पी-पीएएस पंजीकरण के आधार पर ही चलेगा और किसानों को एग्री-स्टैक पंजीकरण कराने की बाध्यता नहीं है।
ओडिशा सरकार युवाओं के लिए रोज़गार कैसे बढ़ाएगी?
मुख्यमंत्री माझी ने कहा कि राज्य सरकार औद्योगिक निवेश को प्रोत्साहित करके रोज़गार के अवसर सृजित करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने यह भी चेतावनी दी कि कुछ स्वार्थी समूह युवाओं को गुमराह करने की कोशिश कर रहे हैं।
राष्ट्र प्रेस
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