परिसीमन बिल पर विपक्ष से पहले बात करे सरकार: कांग्रेस सांसद तारिक अनवर का केंद्र पर हमला
सारांश
मुख्य बातें
कांग्रेस सांसद तारिक अनवर ने 17 जुलाई 2026 को नई दिल्ली में केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि परिसीमन विधेयक लाने से पहले सरकार को विपक्षी दलों के साथ अनिवार्य रूप से विचार-विमर्श करना चाहिए। यह प्रतिक्रिया कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लिखे गए पत्र के बाद आई, जिसमें परिसीमन बिल को देश की चुनावी व्यवस्था के लिए गंभीर खतरा बताया गया है।
परिसीमन बिल पर कांग्रेस का रुख
कांग्रेस सांसद तारिक अनवर ने स्पष्ट किया कि खड़गे ने इस विधेयक को अत्यंत संवेदनशील मुद्दा करार दिया है। उन्होंने कहा, 'अभी कोई फैसला नहीं हुआ है, लेकिन खड़गे जी ने कहा है कि यह बहुत गंभीर मुद्दा है और देश की पूरी चुनावी व्यवस्था से जुड़ा है। ऐसे में अगर सरकार यह बिल लाना चाहती है, तो उसे पहले विपक्ष, विपक्षी नेताओं और राजनीतिक दलों के साथ बातचीत करनी चाहिए।'
अनवर ने लोकतांत्रिक परंपरा का हवाला देते हुए कहा कि जब भी कोई बड़ा संशोधन या महत्वपूर्ण विधेयक लाया जाता है, तो सरकार का दायित्व है कि वह विपक्ष को विश्वास में ले। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस के शासनकाल में यह परंपरा बरकरार रखी गई थी, किंतु मोदी सरकार के सत्ता में आने के बाद से इसका लगातार उल्लंघन हो रहा है।
असम और जम्मू-कश्मीर परिसीमन पर गंभीर सवाल
अनवर ने असम और जम्मू-कश्मीर में हुए परिसीमन का उदाहरण देते हुए चेतावनी दी कि इस विधेयक के माध्यम से केंद्र सरकार आने वाले 20 वर्षों तक देश की राजनीतिक व्यवस्था पर पूर्ण नियंत्रण स्थापित करना चाहती है। उन्होंने INDIA गठबंधन के एकजुट विरोध का भरोसा दिलाते हुए कहा, 'हमारी पूरी कोशिश यही होगी कि इंडी गठबंधन बना रहे। हमें उम्मीद है कि हमारे साथ जुड़ी सभी पार्टियाँ कम से कम इस मुद्दे पर हमारे साथ खड़ी होंगी और हम सब मिलकर इसका विरोध करेंगे। सरकार का यह रवैया अलोकतांत्रिक है।'
पश्चिम बंगाल SIR मामले पर सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी का स्वागत
पश्चिम बंगाल के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) मामले में सर्वोच्च न्यायालय की टिप्पणी का अनवर ने स्वागत किया। उन्होंने कहा, 'सर्वोच्च न्यायालय का फैसला स्वागत योग्य है, क्योंकि इसने एक तरह से SIR प्रक्रिया के दौरान चुनाव आयोग की दलील को खारिज कर दिया है। कोर्ट ने साफ कर दिया है कि चुनाव आयोग के पास नागरिकता तय करने का अधिकार नहीं है। यही सच्चाई है और संवैधानिक ढाँचा भी यही कहता है।'
जम्मू-कश्मीर को पूर्ण राज्य का दर्जा बहाल करने की माँग
जम्मू-कश्मीर को पूर्ण राज्य का दर्जा बहाल करने के सवाल पर अनवर ने सरकार की नीयत पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा, 'जब अनुच्छेद 370 हटाया गया और जम्मू-कश्मीर से पूर्ण राज्य का दर्जा छीन लिया गया, तो प्रधानमंत्री, गृह मंत्री और पूरी सरकार ने वादा किया था कि जल्द ही पूर्ण राज्य का दर्जा बहाल कर दिया जाएगा।' उन्होंने आरोप लगाया कि इतने वर्ष बीत जाने के बावजूद इस मुद्दे पर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया और कश्मीर की जनता के अधिकारों को छीनने की कोशिश जारी है।
कोलकाता एयरपोर्ट मस्जिद विवाद पर प्रतिक्रिया
कोलकाता एयरपोर्ट के पास मस्जिद विवाद पर अनवर ने कहा कि भारत आस्था का देश है और यहाँ हर नागरिक किसी न किसी धर्म से जुड़ा है। उनके अनुसार, यदि मस्जिद को किसी अन्य स्थान पर स्थानांतरित करना है, तो संबंधित समुदाय को विश्वास में लेना आवश्यक है। आने वाले दिनों में परिसीमन विधेयक पर संसद और सड़क — दोनों स्तरों पर विपक्ष की रणनीति स्पष्ट होने की उम्मीद है।