लुधियाना ठगी मामला: पप्पी के 'मैं नहीं जानता' बयान पर मजीठिया ने जन्मदिन की तस्वीरें दिखाकर घेरा
सारांश
मजीठिया के अनुसार, तस्वीरों में निखिल सभरवाल को पप्पी के दफ्तर से काम करते हुए भी देखा जा सकता है। इसके बावजूद विधायक पप्पी का कहना है कि
मुख्य बातें
शिरोमणि अकाली दल के वरिष्ठ नेता बिक्रम सिंह मजीठिया ने 8 मई 2026 को लुधियाना नॉर्थ के आम आदमी पार्टी (AAP) विधायक अशोक पराशर पप्पी पर गंभीर सवाल उठाए हैं। मजीठिया ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कई तस्वीरें साझा करते हुए आरोप लगाया कि पप्पी के करीबी सहयोगी निखिल सभरवाल पर नौकरी दिलाने के नाम पर ₹1.70 लाख की ठगी का आरोप है, और इसके बावजूद विधायक उन्हें पहचानने से इनकार कर रहे हैं।
मुख्य घटनाक्रम
लुधियाना से सामने आए इस मामले के अनुसार, निखिल सभरवाल पर आरोप है कि उसने दो युवकों को नगर निगम में नौकरी दिलाने का झांसा देकर उनसे करीब ₹1.70 लाख की ठगी की। बताया जा रहा है कि ये दोनों युवक पहले नशा मुक्ति केंद्र और सिविल अस्पताल में कार्यरत थे और बेहतर सरकारी नौकरी की तलाश में थे। इसी का फायदा उठाकर कथित तौर पर उनसे रकम ऐंठी गई।
गौरतलब है कि यह मामला ऐसे समय सामने आया है जब पंजाब की AAP सरकार पहले से ही मोहाली और चंडीगढ़ से जुड़े एक अलग मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) की कार्रवाई के कारण विपक्ष के निशाने पर है।
मजीठिया के आरोप और तस्वीरों का दावा
मजीठिया ने एक्स पर तस्वीरें पोस्ट करते हुए लिखा,
संपादकीय दृष्टिकोण
मजीठिया के अनुसार, एक के बाद एक सामने आ रहे ये विवाद AAP की छवि पर गहरा असर डाल रहे हैं और पंजाब की जनता इन सवालों का जवाब माँग रही है।
आम आदमी पार्टी की स्थिति
अब तक AAP की ओर से इन आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। विधायक अशोक पराशर पप्पी ने केवल यह कहा है कि वे निखिल सभरवाल को नहीं जानते, हालाँकि वे उनके घर के पास रहते हैं।
आगे क्या
यह मामला पंजाब की राजनीतिक बहस में केंद्र बन गया है। विपक्ष इन आरोपों को AAP सरकार में कथित संरक्षण राजनीति के प्रमाण के रूप में पेश कर रहा है। आने वाले दिनों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि AAP इन सवालों का जवाब कैसे देती है और क्या इस मामले में कोई जाँच आगे बढ़ती है।