राहुल गांधी पर FIR के बाद कांग्रेस का पलटवार, देशभर में प्रदर्शन का ऐलान
सारांश
मुख्य बातें
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के खिलाफ उत्तराखंड पुलिस द्वारा एफआईआर दर्ज किए जाने के बाद भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (कांग्रेस) ने सोमवार, 31 अगस्त को भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर तीखा हमला बोला और देशभर में विरोध प्रदर्शन का ऐलान किया। यह विवाद हल्द्वानी के रामलीला मैदान में हुए एक 'शुद्धिकरण यज्ञ' से जुड़ा है, जिसे कांग्रेस ने दलित विरोधी मानसिकता का प्रतीक बताया है।
विवाद की पृष्ठभूमि
8 अगस्त को कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने हल्द्वानी के रामलीला मैदान में एक सार्वजनिक सभा को संबोधित किया था। इसके तीन दिन बाद, 11 अगस्त को कुछ व्यक्तियों ने उसी स्थल पर 'शुद्धिकरण यज्ञ' का आयोजन किया। राहुल गांधी ने 29 अगस्त को नई दिल्ली में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में इस घटना का उल्लेख करते हुए इसमें शामिल भाजपा कार्यकर्ताओं के विरुद्ध मुकदमा चलाने की माँग की थी।
एफआईआर का आधार
पुलिस ने बताया कि जवाहर नगर निवासी और श्री राम सेना धर्मार्थ सेवा न्यास के सदस्य अमित कुमार की शिकायत पर हल्द्वानी पुलिस स्टेशन में राहुल गांधी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई। शिकायतकर्ता ने दावा किया कि वे अनुसूचित जाति समुदाय से हैं और उस अनुष्ठान में विभिन्न वर्गों के लोग शामिल थे। उनके अनुसार राहुल गांधी की प्रेस कॉन्फ्रेंस में की गई टिप्पणियों ने अनुष्ठान से जुड़े लोगों को 'अस्पृश्यता' का अभ्यास करने वाला और 'दलित विरोधी' चित्रित किया, जिससे समुदाय की भावनाएँ आहत हुईं।
एफआईआर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की उन धाराओं के तहत दर्ज की गई है जो विभिन्न समूहों के बीच शत्रुता भड़काने और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुँचाने से संबंधित हैं। इसमें अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम, 1989 की धाराएँ भी शामिल की गई हैं।
कांग्रेस की प्रतिक्रिया
कांग्रेस महासचिव के.सी. वेणुगोपाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, 'राहुल गांधी जी की उस साहसिक प्रेस कॉन्फ्रेंस के अगले ही दिन जिसमें उन्होंने खड़गे की रैली के बाद हुए 'शुद्धिकरण' के मामले में भाजपा कार्यकर्ताओं के खिलाफ मुकदमा चलाने की मांग की थी, उत्तराखंड पुलिस ने राहुल गांधी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर दी। यह ठीक वैसा ही है जैसे दोषी व्यक्ति ही दूसरों पर दोष मढ़ने लगे।'
वेणुगोपाल ने भाजपा पर 'घोर जातिवादी आचरण' का बचाव करने और दलितों पर होने वाले अत्याचारों के विरुद्ध आवाज उठाने वालों पर राज्य की शक्ति के दुरुपयोग का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, 'भाजपा ने संविधान में निहित सामाजिक न्याय के मूल्यों पर हमला किया है और कांग्रेस इस हमले का डटकर मुकाबला करेगी।'
देशव्यापी प्रदर्शन का ऐलान
वेणुगोपाल ने घोषणा की कि सोमवार शाम देशभर में कांग्रेस कार्यकर्ता सड़कों पर उतरेंगे। उनकी प्रमुख माँगें हैं — खड़गे का अपमान करने वाले भाजपा नेताओं पर मुकदमा चलाना और राहुल गांधी के खिलाफ दर्ज एफआईआर को 'निराधार' बताते हुए रद्द करवाना।
भाजपा का पक्ष
भाजपा ने 'शुद्धिकरण यज्ञ' का बचाव करते हुए कहा कि खड़गे की रैली के बाद स्थल पर गंदगी फैली हुई थी और वहाँ ऐसे नारे लगाए गए थे जो एक धार्मिक स्थल के लिए अनुचित थे। पार्टी ने कांग्रेस के आरोपों को राजनीति से प्रेरित बताया। यह विवाद ऐसे समय में उभरा है जब दोनों दलों के बीच सामाजिक न्याय और दलित अधिकारों के मुद्दे पर राजनीतिक तनाव पहले से तीव्र है। आने वाले दिनों में यह मामला संसद और अदालत — दोनों मंचों पर गूँज सकता है।