30 जून 2026
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महाराष्ट्र में कक्षा 1 से 10 तक मराठी अनिवार्य: रामदास आठवले बोले — 'यह बहुत अच्छा फैसला है'

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महाराष्ट्र में कक्षा 1 से 10 तक मराठी अनिवार्य: रामदास आठवले बोले — 'यह बहुत अच्छा फैसला है'

सारांश

महाराष्ट्र सरकार ने कक्षा 1 से 10 तक मराठी अनिवार्य की — केंद्रीय राज्य मंत्री रामदास आठवले ने इसे 'बहुत अच्छा फैसला' बताया। साथ ही उन्होंने नसरापुर मामले में 60 दिन में फाँसी की सजा का स्वागत किया और यूपी चुनाव में एनडीए को 300 से अधिक सीटें मिलने का भरोसा जताया।

मुख्य बातें

महाराष्ट्र सरकार ने कक्षा 1 से 10 तक सभी स्कूलों में मराठी भाषा को अनिवार्य विषय बनाने का निर्णय लिया।
केंद्रीय राज्य मंत्री रामदास आठवले ने फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि हिंदी और अंग्रेजी माध्यम के स्कूलों में भी मराठी एक विषय के रूप में पढ़ाई जानी चाहिए।
नसरापुर बलात्कार-हत्या मामले में 60 दिनों के भीतर आरोपी को फाँसी की सजा पर आठवले ने कहा कि ऐसे मामलों में छह महीने के भीतर कठोर दंड मिलना चाहिए।
आठवले ने उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में एनडीए को 300 से अधिक सीटें मिलने का विश्वास जताया।
राम मंदिर दान विवाद पर कांग्रेस के अयोध्या दौरे को आठवले ने राजनीति करार दिया; कहा — एसआईटी जाँच पहले से जारी है।

महाराष्ट्र सरकार ने कक्षा 1 से 10 तक सभी स्कूलों में मराठी भाषा को अनिवार्य विषय के रूप में लागू करने का निर्णय लिया है। केंद्रीय राज्य मंत्री रामदास आठवले ने 30 जून 2026 को इस फैसले का खुलकर स्वागत करते हुए कहा कि महाराष्ट्र में रहते हुए मराठी सीखने में किसी को कोई आपत्ति नहीं होनी चाहिए।

मराठी अनिवार्यता पर आठवले का पक्ष

आठवले ने स्पष्ट किया कि यह नियम केवल मराठी माध्यम के विद्यालयों तक सीमित नहीं रहना चाहिए। उन्होंने कहा, 'पहली से दसवीं कक्षा तक मराठी के लिए कोई समस्या नहीं है। नॉन-मराठी स्कूलों में, चाहे हिंदी हों या अंग्रेजी, वहाँ मराठी भाषा को एक विषय के रूप में पढ़ाया जाना चाहिए। जिस तरह मराठी स्कूलों में हिंदी और अंग्रेजी पढ़ाई जाती है, उसी तरह अन्य स्कूलों में भी मराठी एक विषय के रूप में होना चाहिए। यह बहुत अच्छा फैसला है।'

गौरतलब है कि महाराष्ट्र में अंग्रेजी और हिंदी माध्यम के स्कूलों की बड़ी संख्या है, जहाँ अब तक मराठी को वैकल्पिक रखा जाता था। यह निर्णय उन लाखों विद्यार्थियों को प्रभावित करेगा जो गैर-मराठी माध्यम संस्थानों में पढ़ते हैं।

नसरापुर बलात्कार-हत्या मामले में त्वरित न्याय का स्वागत

नसरापुर बलात्कार-हत्या मामले में न्यायालय द्वारा 60 दिनों के भीतर आरोपी को फाँसी की सजा सुनाए जाने पर आठवले ने संतोष व्यक्त किया। उन्होंने कहा, 'आरोपी ने बच्ची के साथ बलात्कार के बाद हत्या की थी। हम भी चाहते थे कि ऐसे आरोपी को फाँसी की सजा मिले। आरोपी किसी भी जाति या धर्म का हो, उसे सजा मिलनी चाहिए।' उन्होंने यह भी कहा कि ऐसे मामलों में छह महीने के भीतर कठोर दंड दिया जाना चाहिए।

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव पर एनडीए का आत्मविश्वास

आगामी उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के संदर्भ में आठवले ने कहा कि अभी समय है, लेकिन राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) पूरी मजबूती के साथ चुनाव मैदान में उतरेगा। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि एनडीए को 300 से अधिक सीटें मिलेंगी और राजनीतिक वातावरण गठबंधन के अनुकूल है।

राम मंदिर दान विवाद पर कांग्रेस को नसीहत

राम मंदिर दान चोरी मामले में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (कांग्रेस) के प्रतिनिधिमंडल के अयोध्या दौरे पर आठवले ने सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार पहले ही एसआईटी जाँच के आदेश दे चुकी है और कांग्रेस को राजनीति करने की बजाय लखनऊ जाकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलना चाहिए था।

राज्यपाल से शिष्टाचार भेंट

आठवले ने बताया कि उन्होंने एक कार्यक्रम के सिलसिले में मंगलवार को महाराष्ट्र के राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा से राजभवन में शिष्टाचार भेंट की। इस बैठक में पीपुल्स एजुकेशन सोसाइटी के ट्रस्टी एडवोकेट उज्ज्वल निकम, एडवोकेट बी.के. बर्वे और चंद्रशेखर कांबले भी उपस्थित रहे। बैठक में शैक्षिक और सामाजिक विकास से जुड़े विषयों पर सकारात्मक विचार-विमर्श हुआ। मराठी अनिवार्यता के इस निर्णय का क्रियान्वयन आने वाले शैक्षणिक सत्र में किस रूप में होगा, यह देखना अहम होगा।

संपादकीय दृष्टिकोण

और महाराष्ट्र जैसे बहुभाषी राज्य में क्रियान्वयन की चुनौती असली परीक्षा होगी। गैर-मराठी माध्यम के स्कूलों में शिक्षकों की उपलब्धता और पाठ्यक्रम के बोझ का सवाल अभी अनुत्तरित है। बिना ठोस शैक्षणिक ढाँचे और प्रशिक्षित शिक्षकों की तैनाती के, यह नीति कागज़ों तक सीमित रह सकती है।
RashtraPress
30 जून 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

महाराष्ट्र में मराठी अनिवार्यता का फैसला क्या है?
महाराष्ट्र सरकार ने कक्षा 1 से 10 तक सभी स्कूलों — चाहे हिंदी माध्यम हो या अंग्रेजी — में मराठी भाषा को एक अनिवार्य विषय के रूप में पढ़ाने का निर्णय लिया है। यह नियम गैर-मराठी माध्यम के विद्यालयों पर भी लागू होगा।
रामदास आठवले ने मराठी अनिवार्यता पर क्या कहा?
केंद्रीय राज्य मंत्री रामदास आठवले ने इस फैसले को 'बहुत अच्छा फैसला' बताया। उन्होंने कहा कि जिस तरह मराठी स्कूलों में हिंदी और अंग्रेजी पढ़ाई जाती है, उसी तरह अन्य माध्यम के स्कूलों में भी मराठी एक विषय के रूप में होनी चाहिए।
नसरापुर बलात्कार-हत्या मामले में क्या हुआ?
नसरापुर मामले में आरोपी को मात्र 60 दिनों के भीतर न्यायालय ने फाँसी की सजा सुनाई। आठवले ने इस त्वरित न्याय का स्वागत किया और कहा कि ऐसे मामलों में छह महीने के भीतर कठोर दंड दिया जाना चाहिए।
उत्तर प्रदेश चुनाव पर आठवले का क्या कहना है?
आठवले ने विश्वास जताया कि एनडीए आगामी उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में 300 से अधिक सीटें जीतेगा। उन्होंने कहा कि राजनीतिक वातावरण गठबंधन के पक्ष में है।
राम मंदिर दान चोरी मामले में कांग्रेस के अयोध्या दौरे पर आठवले ने क्या कहा?
आठवले ने कांग्रेस के अयोध्या दौरे को राजनीति करार दिया और कहा कि राज्य सरकार पहले ही एसआईटी जाँच के आदेश दे चुकी है। उन्होंने सुझाव दिया कि कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल को लखनऊ जाकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलना चाहिए था।
राष्ट्र प्रेस
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