16 जुलाई 2026
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साकेत बिल्डिंग हादसा: 5 की मौत, 5 अभी भी भर्ती; CM रेखा गुप्ता ने दिए मजिस्ट्रियल जांच के आदेश

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साकेत बिल्डिंग हादसा: 5 की मौत, 5 अभी भी भर्ती; CM रेखा गुप्ता ने दिए मजिस्ट्रियल जांच के आदेश

सारांश

साकेत मेट्रो के पास बहुमंजिला इमारत गिरने से 5 छात्रों की जान गई — सभी पीड़ित मेडिकल और इंजीनियरिंग के युवा थे। CM रेखा गुप्ता ने FIR और मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए हैं। यह हादसा दिल्ली में जर्जर और अवैध निर्माण की अनदेखी पर गंभीर सवाल उठाता है।

मुख्य बातें

साकेत मेट्रो स्टेशन के पास बहुमंजिला इमारत गिरने से 5 लोगों की मौत , सभी पीड़ित छात्र।
कुल 13 मरीज JPNATC ट्रॉमा सेंटर पहुँचे; 3 को छुट्टी , 5 अभी भी भर्ती ।
भर्ती मरीजों में 2 मेडिकल स्नातक , 2 गेट परीक्षार्थी और 1 इंजीनियर शामिल।
CM रेखा गुप्ता ने घटनास्थल का दौरा किया; मेहरौली थाने में FIR दर्ज।
दक्षिण जिला जिलाधिकारी के नेतृत्व में मजिस्ट्रियल जांच के आदेश।
सैदुलाजाब और आसपास के इलाकों में जर्जर एवं अवैध भवनों के तत्काल सर्वे के निर्देश।

दक्षिण दिल्ली के साकेत मेट्रो स्टेशन के निकट एक बहुमंजिला इमारत के ढहने से 5 लोगों की मौत हो गई है, जबकि 5 घायल अभी भी जेपीएनएटीसी ट्रॉमा सेंटर में भर्ती हैं। 31 मई 2026 को हुए इस हादसे में कुल 13 मरीज ट्रॉमा सेंटर पहुँचे थे, जिनमें से 3 को उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई है। सभी प्रभावित व्यक्ति छात्र बताए जा रहे हैं।

हादसे का विवरण और घायलों की स्थिति

अस्पताल सूत्रों के अनुसार, भर्ती 5 मरीजों में 2 मेडिकल स्नातक, 2 गेट परीक्षा की तैयारी कर रहे छात्र और 1 इंजीनियर शामिल हैं। यह हादसा सैदुलाजाब क्षेत्र में हुआ, जहाँ कई पुरानी और जर्जर इमारतें मौजूद हैं। गौरतलब है कि राजधानी में अवैध एवं असुरक्षित निर्माण की समस्या लंबे समय से चिंता का विषय रही है।

मुख्यमंत्री का घटनास्थल दौरा

दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने रविवार को घटनास्थल का दौरा कर राहत एवं बचाव कार्यों का जायजा लिया। उन्होंने राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF), दिल्ली अग्निशमन सेवा, दिल्ली पुलिस, दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA), जिला प्रशासन और सिविल डिफेंस की संयुक्त टीमों द्वारा चलाए जा रहे अभियान की समीक्षा की।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि बचाव अभियान में किसी भी प्रकार की ढिलाई न बरती जाए और संभावित रूप से फंसे हर व्यक्ति की तलाश पूरी गंभीरता एवं संवेदनशीलता के साथ की जाए। उन्होंने विभिन्न अस्पतालों में भर्ती घायलों को निशुल्क और बेहतर चिकित्सा सुविधाएँ उपलब्ध कराने के भी निर्देश दिए।

सरकार की कार्रवाई और जांच के आदेश

मुख्यमंत्री के निर्देश पर मेहरौली थाने में आपराधिक मामला दर्ज कर लिया गया है। साथ ही, हादसे के वास्तविक कारणों और जवाबदेही तय करने के लिए दक्षिण जिले के जिलाधिकारी के नेतृत्व में मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दे दिए गए हैं। रेखा गुप्ता ने कहा, 'यह घटना बेहद दुखद और हृदयविदारक है। दिल्ली सरकार इस कठिन समय में प्रभावित परिवारों के साथ पूरी तरह खड़ी है।'

उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यदि जांच में निर्माण संबंधी अनियमितता, सुरक्षा मानकों की अनदेखी या प्रशासनिक लापरवाही सामने आती है, तो जिम्मेदार व्यक्तियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

आम जनता पर असर और भविष्य की योजना

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सैदुलाजाब और आसपास के इलाकों में जर्जर, खतरनाक और अवैध भवनों का तत्काल सर्वे एवं निरीक्षण किया जाए। जिन इमारतों से नागरिकों की सुरक्षा को खतरा है, उनके विरुद्ध नियमों के अनुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी ताकि भविष्य में ऐसी दुर्घटनाओं को रोका जा सके। यह हादसा दिल्ली में अवैध निर्माण और भवन सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े करता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

और हर बड़े हादसे के बाद जांच व कार्रवाई के वही वादे दोहराए जाते हैं। पाँच युवा छात्रों की जान जाना इस बात का प्रमाण है कि भवन सुरक्षा मानकों की निगरानी व्यवस्था बुरी तरह विफल रही। मजिस्ट्रियल जांच और FIR सही कदम हैं, लेकिन असली जवाबदेही तब होगी जब नगर निकाय और भवन अनुज्ञापन अधिकारियों की भूमिका भी जांच के दायरे में आए। बिना संरचनात्मक सुधार के, ये घोषणाएँ अगले हादसे तक की राहत भर बनकर रह जाएंगी।
RashtraPress
16 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

साकेत बिल्डिंग हादसे में कितने लोगों की मौत हुई?
इस हादसे में कुल 5 लोगों की मौत हुई है। सभी पीड़ित छात्र थे और उनका JPNATC ट्रॉमा सेंटर में उपचार चल रहा था।
साकेत में कौन सी इमारत गिरी और यह कहाँ है?
यह हादसा दक्षिण दिल्ली के साकेत मेट्रो स्टेशन के निकट सैदुलाजाब इलाके में एक बहुमंजिला इमारत के ढहने से हुआ। इमारत के ढहने के सटीक कारणों की जांच अभी जारी है।
घायल मरीजों की अभी क्या स्थिति है?
कुल 13 मरीज ट्रॉमा सेंटर पहुँचे थे। इनमें से 5 की मौत हो गई, 3 को उपचार के बाद छुट्टी दी जा चुकी है और 5 अभी भी भर्ती हैं। भर्ती मरीजों में 2 मेडिकल स्नातक, 2 गेट परीक्षार्थी और 1 इंजीनियर शामिल हैं।
दिल्ली सरकार ने इस हादसे पर क्या कार्रवाई की है?
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के निर्देश पर मेहरौली थाने में आपराधिक मामला दर्ज किया गया है और दक्षिण जिला जिलाधिकारी के नेतृत्व में मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए गए हैं। सभी घायलों को निशुल्क चिकित्सा सुविधा देने और प्रभावित परिवारों को आर्थिक सहायता का भी आश्वासन दिया गया है।
क्या भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने के लिए कोई कदम उठाए जा रहे हैं?
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सैदुलाजाब और आसपास के इलाकों में जर्जर, खतरनाक और अवैध भवनों का तत्काल सर्वे कराने के निर्देश दिए हैं। जिन इमारतों से सुरक्षा को खतरा है, उनके विरुद्ध नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
राष्ट्र प्रेस
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