कर्नाटक CM शिवकुमार का बड़ा बयान: सिद्धारमैया से कोई मतभेद नहीं, कैबिनेट में जल्द मिलेगी महिलाओं को जगह
सारांश
मुख्य बातें
कर्नाटक के मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार ने 3 अगस्त 2026 को स्पष्ट किया कि कैबिनेट विस्तार के बाद कांग्रेस के भीतर मतभेद की जो अटकलें लगाई जा रही हैं, वे निराधार हैं। उन्होंने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया 'नाराज नहीं हैं' और पार्टी का नेतृत्व पूरी तरह एकजुट होकर काम कर रहा है। साथ ही उन्होंने आश्वासन दिया कि राज्य मंत्रिमंडल में शीघ्र ही महिलाओं को प्रतिनिधित्व दिया जाएगा।
पहली कैबिनेट बैठक और विस्तार का संदर्भ
19 नए मंत्रियों के शपथ ग्रहण के बाद विधान सौधा, बेंगलुरु में आयोजित पहली कैबिनेट बैठक की अध्यक्षता शिवकुमार ने की। बैठक के बाद उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेतृत्व ने जानबूझकर कई वरिष्ठ और अनुभवी विधायकों के होते हुए भी नए चेहरों को अवसर दिया है। उनके अनुसार यह निर्णय सामूहिक रूप से लिया गया और पार्टी के सभी 139 विधायक एक टीम के रूप में कार्य कर रहे हैं।
सिद्धारमैया से मतभेद की अटकलें खारिज
शिवकुमार ने कहा कि कैबिनेट विस्तार की पूरी प्रक्रिया सिद्धारमैया के साथ विस्तृत विचार-विमर्श के बाद ही अंतिम रूप दी गई। उन्होंने बताया, 'आज उनका जन्मदिन है और वे लोगों से मिलने में व्यस्त रहे। मैंने उनसे पाँच बार बात की है।' उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि दोनों नेताओं के बीच आपसी समन्वय पूरी तरह बना हुआ है और कांग्रेस के सभी विधायक एकजुट हैं।
महिला प्रतिनिधित्व पर आश्वासन
नई कैबिनेट में किसी महिला को शामिल न किए जाने पर उठ रही आलोचना के जवाब में शिवकुमार ने कहा कि संवैधानिक सीमा के अंतर्गत केवल 33 मंत्री पद ही उपलब्ध हैं, फिर भी कम से कम एक महिला को कैबिनेट में अवश्य शामिल किया जाएगा। उन्होंने कहा, 'हमारी पार्टी ने हमेशा महिलाओं को प्राथमिकता दी है और हमारी पार्टी महिलाओं के बिना नहीं चल सकती।' यह बयान ऐसे समय में आया है जब विपक्ष और महिला संगठन कैबिनेट में शून्य महिला प्रतिनिधित्व को लेकर सरकार पर दबाव बना रहे हैं।
गायत्री शांथेगौड़ा का मामला और तकनीकी अड़चन
घोषित सूची में नाम होने के बावजूद कांग्रेस एमएलसी गायत्री शांथेगौड़ा के शपथ न लेने पर शिवकुमार ने कहा कि कुछ तकनीकी दिक्कतें आईं। उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्यपाल को सौंपी गई सूची ही आधिकारिक मानी जाएगी। विभागों के आवंटन में संभावित बदलाव के सवाल पर उन्होंने कहा कि इस पर अंतिम निर्णय कांग्रेस आलाकमान लेगा।
नाराज विधायकों पर शिवकुमार की प्रतिक्रिया
कैबिनेट में जगह न मिलने से असंतुष्ट विधायकों के बारे में शिवकुमार ने सहानुभूतिपूर्ण रुख अपनाया। उन्होंने कहा, 'उन्हें दुख हुआ है और यह बात समझी जा सकती है। जी. परमेश्वर और मुझे भी अतीत में निराशा का सामना करना पड़ा है। धैर्य रखने पर ही मौके मिलते हैं।' आगे की राह पर शिवकुमार का संकेत है कि कैबिनेट संरचना में अभी और बदलाव की गुंजाइश बनी हुई है।