दिशा सालियान केस: शिवसेना नेता मनीषा कायंदे ने जून 2020 की पुलिस जांच पर उठाए गंभीर सवाल
सारांश
मुख्य बातें
शिवसेना नेता मनीषा कायंदे ने 19 सितंबर 2026 को मुंबई में दिशा सालियान के पिता सतीश सालियान के प्रति समर्थन व्यक्त करते हुए जून 2020 की घटना के दौरान तत्कालीन पुलिस अधिकारियों की भूमिका पर कड़े सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि जांच एजेंसियों, फॉरेंसिक अधिकारियों और तत्कालीन गृह मंत्रालय पर भी यह सवाल उठना ज़रूरी है कि क्या उन्होंने अपनी ज़िम्मेदारी पूरी ईमानदारी से निभाई।
पिता की पीड़ा और न्याय की मांग
कायंदे ने कहा, 'एक पिता का गुस्सा है। एक पिता अपनी बेटी की मृत्यु के बाद भी उसे न्याय दिलाने के लिए लड़ रहा है। उनका आरोप और शायद दृढ़ विश्वास है कि इन लोगों ने उनकी बेटी को जलील किया है और उसकी मौत का कारण भी शायद कुछ लोग हैं।' उन्होंने स्पष्ट किया कि यह मामला किसी दल विशेष की राजनीति का नहीं, बल्कि जवाबदेही का है।
जांच प्रक्रिया पर उठे सवाल
मनीषा कायंदे ने सवाल किया कि क्या तत्कालीन पुलिस और गृह मंत्रालय ने कुछ तथ्य छुपाने की कोशिश की — चाहे वह सीसीटीवी फुटेज हो या अन्य साक्ष्य। उन्होंने बताया कि सतीश सालियान के वकील खुलेआम विभिन्न मीडिया चैनलों पर इन विसंगतियों को सार्वजनिक कर रहे हैं। कायंदे ने यह भी कहा कि यदि सतीश सालियान को पुलिस सुरक्षा की आवश्यकता है, तो सरकार निश्चित रूप से उन्हें वह सुरक्षा उपलब्ध कराएगी।
राहुल गांधी के आरोपों पर पलटवार
इस अवसर पर कायंदे ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के उस आरोप को भी 'सरासर गलत' करार दिया, जिसमें उन्होंने भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर अन्य राजनीतिक दलों को तोड़ने का इल्ज़ाम लगाया था। कायंदे ने तंज करते हुए कहा कि राहुल गांधी पहले अपनी पार्टी और अपने नेताओं को एकजुट रखने पर ध्यान दें।
चुनाव आयोग पर विपक्ष के सवाल
तृणमूल कांग्रेस (TMC) के नाम और चुनाव चिह्न के विवाद पर उन्होंने कहा कि यह एक न्यायिक प्रक्रिया है और चुनाव आयोग (ECI) के निष्कर्षों के आधार पर जो भी फैसला लिया गया, वह उचित है। विपक्ष द्वारा चुनाव आयोग पर उठाए जा रहे सवालों को उन्होंने 'राजनीतिक दबाव बनाने की कोशिश' बताया।
आगे क्या
दिशा सालियान केस में जांच की मांग और पिता सतीश सालियान के संघर्ष को लेकर राजनीतिक हलचल तेज़ होती दिख रही है। कायंदे के बयान के बाद यह देखना होगा कि महाराष्ट्र सरकार इस मामले में आगे कोई कार्रवाई करती है या नहीं।